बांकेबिहारी मंदिर: सुबह यजमानों के प्रवेश का समय तय, हाईपावर कमेटी ने लिया फैसला
ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर में अब सुबह 6 बजे से पहले और दोपहर 4 बजे से पहले श्रद्धालुओं का प्रवेश प्रतिबंधित ...और पढ़ें
-1793715660622_m.webp)
बांकेबिहारी मंदिर।
HighLights
सुबह 6 बजे से पहले प्रवेश पर प्रतिबंध।
दोपहर 4 बजे से पहले भी श्रद्धालु नहीं जा सकेंगे।
संवाद सहयोगी, वृंदावन। ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर में पट खुलने से पहले ही श्रद्धालुओं के पहुंचने से मंदिर के अंदर साफ-सफाई की व्यवस्थाओं में बाधा होती है। ऐसे में उच्चाधिकार प्राप्त प्रबंधन समिति ने व्यवस्था में बदलाव करते हुए सुबह छह बजे से पहले और दोपहर को चार बजे से पहले किसी भी श्रद्धालु के मंदिर में प्रवेश पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया है।
पहले मंदिर में देहरी पूजन के लिए सेवायत अपने यजमानों को मंदिर में प्रवेश करा देते थे। अब इस तय समय से पहले सेवाधिकारी ही मंदिर में प्रवेश कर सकेंगे। ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर में व्यवस्थाओं में सुधार के लिए उच्चाधिकार प्राप्त प्रबंधन समिति लगातार बदलाव कर रही है।
वीआइपी श्रद्धालुओं के दर्शन व्यवस्था को बदलने के बाद अब समिति ने मंदिर में खाली समय में किसी भी यजमान अथवा श्रद्धालु के प्रवेश पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया है। अब तक मंदिर में सुबह पांच बजे से ही मंदिर सेवायत अपने यजमानों को मंदिर के अंदर प्रवेश दिलवा देते थे। दोपहर में भी इसी तरह यजमानों को मंदिर में प्रवेश मिल जाता था।
इससे मंदिर की साफ-सफाई जैसी व्यवस्थाओं में कर्मचारियों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था। मंदिर उच्चाधिकार प्राप्त प्रबंधन समिति को जब जानकारी हुई तो सुबह छह बजे से पहले किसी भी श्रद्धालु अथवा सेवायत के यजमान को मंदिर में प्रवेश पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाया है, ऐसे में केवल सेवाधिकारी ही ठाकुरजी की सेवा के लिए सुबह साढ़े पांच बजे मंदिर में प्रवेश कर सकेंगे।
जबकि इससे पहले मंदिर में भोर से ही श्रद्धालुओं को प्रवेश करवाकर मंदिर सेवायत देहरी पूजन आदि करवाते रहे हैं और दोपहर में भी ठाकुरजी की देहरी पूजन की व्यवस्था चलती रहती थी। ऐसे में मंदिर की साफ-सफाई करने वाले कर्मचारियों को कठिनाई का सामना करना पड़ता था।
-बांकेबिहारी मंदिर में व्यवस्था की गई है कि सुबह छह बजे से पहले किसी को प्रवेश नहीं मिलेगा। केवल जिस सेवायत की सेवा होगी, उन्हें ठाकुरजी की सेवा के लिए सुबह साढ़े पांच बजे प्रवेश मिलेगा। कोई यजमान अथवा श्रद्धालु इससे पहले मंदिर में प्रवेश नहीं करेगा, दोपहर को भी व्यवस्था में बदलाव करते हुए शाम चार बजे से पहले किसी भी श्रद्धालु अथवा सेवायत के यजमान को प्रवेश मंदिर के अंदर नहीं मिलेगा।
-अशोक कुमार, अध्यक्ष: उच्चाधिकार प्राप्त प्रबंधन समिति।
देश और दुनिया की ताजा खबरों के लिए Hindi News देखें। Live Cricket Score , IPO Listings, Shiv Chalisa, राशिफल और दुर्गा चालीसा पर अन्य जानकारी पाएं।