मातम में बदली मुंडन की खुशी... महोबा में बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे पर ट्रैक्टर ने बाइक को मारी टक्कर, मां-बेटे समेत 3 की मौत
महोबा में बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे की सर्विस रोड पर एक तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने बाइक को टक्कर मार दी। इस दर्दनाक ...और पढ़ें

मौत की सूचना के बाद अस्पताल पहुंचे परिवार के लोग। जागरण
HighLights
बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे सर्विस रोड पर हादसा
तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने बाइक को टक्कर मारी
मां, बेटे और मौसी समेत तीन की मौत
जागरण संवाददाता, महोबा। भाई के बेटे का मुंडन कराकर रविवार शाम साढ़े चार बजे युवक मां और मौसी के साथ बाइक से घर लौट रहा था। बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे की सर्विस रोड पर तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने टक्कर मार दी। हादसे में तीनों की मौत हो गई। चालक ट्रैक्टर छोड़कर मौके से फरार हो गया।
हमीरपुर जनपद के थाना मौदहा के ग्राम पाटनपुर निवासी 45 वर्षीय विमला पत्नी शिवकरन और उनकी बहन 40 वर्षीय कमला पत्नी धनीराम निवासी ग्राम वंशिया थाना चंदला जनपद छतरपुर मध्य प्रदेश, अपने मायके थाना खरेला के ग्राम बरायं आई थीं।
रविवार दोपहर विमला अपने 18 वर्षीय पुत्र कपिल और बहन कमला समेत अन्य स्वजन के साथ ग्राम रिवई स्थित धार्मिक स्थल में भाई वरदानी के पुत्र का मुंडन कराने गई थीं। शाम करीब साढ़े चार बजे तीनों बाइक से वापस लौट रहे थे।
बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के सर्विस रोड पर पुन्नियां-गहरौली मार्ग के मोड़ के पास ग्राम गहरौली की ओर से आ रहे तेज रफ्तार कल्टीवेटर लगे ट्रैक्टर ने उनकी बाइक में टक्कर मार दी। टक्कर से तीनों के सिर और शरीर में गंभीर चोटें आईं। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक करीब 40-50 किमी की रफ्तार से ट्रैक्टर आ रहा था।
मोड़ने पर अनियंत्रित होकर बाइक चालक इससे टकरा गया और यह हादसा हो गया। कपिल हेलमेट नहीं लगाया था। खरेला पुलिस ने तीनों को सीएचसी पहुंचाया, जहां से चरखारी और फिर जिला अस्पताल रेफर किया गया। जिला अस्पताल में चिकित्सक ने तीनों को मृत घोषित कर दिया।
घटना के बाद चालक ट्रैक्टर छोड़कर भाग निकला। थानाध्यक्ष खरेला नन्हेलाल यादव ने बताया कि आगे की कार्रवाई की जा रही है। चालक को जल्द पकड़ लिया जाएगा।
खुशियां मातम में बदली
पुन्नियां-गहरौली मार्ग पर रविवार को हुए हादसे ने खुशी को मातम में बदल दिया। इस घटना ने तीन परिवारों को ऐसा जख्म दिया तो शायद ही जिंदगी में भर सके। 45 वर्षीय विमला, उसके 18 वर्षीय बेटे कपिल और बहन 40 वर्षीय कमला की ट्रैक्टर की टक्कर से मौत हो गई।
मायके के कार्यक्रम से उत्साहित थी दोनों बहनें
भाई वरदानी के बेटे के मुंडन पर दोनों बहनें मायके बरायं आई थीं। वह बहुत उत्साहित थी कि मायके में हो रहे कार्यक्रम में शामिल होने आईं थी। रविवार को पूरा परिवार रिवई ग्राम गया, पूजा कर हंसी-खुशी लौट रहा था। किसे पता था यह आखिरी सफर होगा।
भाई वरदानी का रो-रोकर बुरा हाल
चंद मिनटों में खुशियां मातम में बदल गईं। हादसे की खबर मिलते ही गांव में सन्नाटा पसर गया। भाई वरदानी का रो-रोकर बुरा हाल है। बोले, खुशी में बहनों को बुलाया था, अब तीन अर्थियां उठेंगी। सुनने वालों की आंखें नम हो गईं। ग्रामीण बोले, ईश्वर की मर्जी के आगे कोई क्या कर सकता है।
