विंध्य एक्सप्रेसवे के निर्माण ने पकड़ी रफ्तार, भूमि अधिग्रहण के लिए 2800 करोड़ रुपये खर्च करेगी सरकार
शासन ने विंध्य एक्सप्रेसवे के लिए भूमि खरीद हेतु 2800 करोड़ रुपये स्वीकृत किए हैं, जिससे गाजीपुर, चंदौली और मीरजापुर में प्रक्रिया तेज होगी।

प्रतीकात्मक तस्वीर
HighLights
विंध्य एक्सप्रेसवे भूमि खरीद को 2800 करोड़ रुपये स्वीकृत।
गाजीपुर, चंदौली, मीरजापुर में भूमि खरीद प्रक्रिया तेज होगी।
झांसी लिंक एक्सप्रेसवे को 50 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिली।
राज्य ब्यूरो, लखनऊ। शासन ने विंध्य एक्सप्रेसवे के लिए भूमि खरीद पर खर्च होने वाले 2800 करोड़ रुपये की स्वीकृति प्रदान कर दी है। इस राशि में से गाजीपुर को 1100 करोड़ रुपये, चंदौली को 1200 करोड़ रुपये और मीरजापुर को 500 करोड़ रुपये जारी किए जाएंगे।
यह राशि तीनों जिलों के जिलाधिकारियों के डिपाजिट खातों में जमा की जाएगी। इससे परियोजना के लिए आवश्यक भूमि खरीद की प्रक्रिया को गति मिलेगी।
सोनभद्र से शुरू होकर चंदौली और गाजीपुर होते हुए पूर्वांचल एक्सप्रेसवे से जुड़ने वाला विंध्य एक्सप्रेसवे क्षेत्र की सड़क कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने वाली महत्वपूर्ण परियोजना है। इसके निर्माण से विंध्य क्षेत्र और पूर्वांचल के बीच आवागमन अधिक सुगम होगा।
दूसरी तरफ शासन ने झांसी लिंक एक्सप्रेसवे के लिए 50 करोड़ रुपये की स्वीकृति भी दी है। यह राशि एक्सप्रेसवे के राइट ऑफ वे में आने वाली बिजली की ट्रांसमिशन लाइनों, बिजली के खंभों, सरकारी स्कूलों और नलकूपों सहित अन्य बाधाओं को हटाने से जुड़े कार्यों को आगे बढ़ाने पर खर्च की जाएगी।