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उत्तर प्रदेश जनगणना 2027: 16 से 30 नवंबर तक होगी स्व-गणना, घर की सही लोकेशन दर्ज कराना जरूरी

Published: Tue, 06 Oct 2026 12:03 PM (GMT+05:30)

उत्तर प्रदेश में जनगणना-2027 के दूसरे चरण की तैयारियां चल रही हैं, जिसमें 16 से 30 नवंबर तक स्व-गणना का विकल्प मिलेगा।

ये तस्वीर AI द्वारा जनरेट की गई है।

ये तस्वीर AI द्वारा जनरेट की गई है।

HighLights

  1. जनगणना-2027 के दूसरे चरण की तैयारियां उत्तर प्रदेश में शुरू।

  2. 16-30 नवंबर स्व-गणना, फिर प्रगणक घर-घर जाकर गणना करेंगे।

  3. किसी के छूटने या दोहरी गणना न होने पर विशेष ध्यान।

राज्य ब्यूरो, लखनऊ। जनगणना-2027 के दूसरे चरण में उत्तर प्रदेश में हर परिवार और प्रत्येक व्यक्ति की गणना सुनिश्चित करने के लिए तैयारियां चल रहीं हैं। 16 से 30 नवंबर तक प्रदेशवासियों को स्व-गणना का विकल्प मिलेगा, जबकि एक दिसंबर 2026 से चार जनवरी 2027 तक प्रगणक घर-घर जाकर जनसंख्या की गणना करेंगे।

गणना के दौरान किसी व्यक्ति के छूटने या उसकी दोहरी गणना न होने पर विशेष जोर रहेगा। इसके लिए प्रदेश में करीब 5.63 लाख गणनाकर्मी (प्रगणक) और पर्यवेक्षक तैनात किए जाएंगे।

सोमवार को जनगणना कार्य निदेशालय में सभी जिलों के मुख्य विकास अधिकारियों (सीडीओ) एवं अतिरिक्त प्रमुख जनगणना अधिकारियों का एक दिवसीय प्रशिक्षण हुआ। निदेशक एवं मुख्य प्रधान जनगणना अधिकारी शीतल वर्मा ने बताया कि डिजिटल जनगणना में लोग अपने परिवार का विवरण स्वयं भी दर्ज कर सकेंगे। स्व-गणना के बाद परिवार को विशिष्ट स्व-गणना आइडी मिलेगी।

इसे सुरक्षित रखना होगा और प्रगणक के आने पर उपलब्ध कराना होगा। इससे प्रगणक दर्ज विवरण की पुष्टि कर सकेगा। स्व-गणना में घर की सही लोकेशन दर्ज करना भी जरूरी होगा।

जनसंख्या गणना की संदर्भ तारीख पांच जनवरी की मध्यरात्रि होगी। पांच से नौ जनवरी तक पुनरीक्षण दौर चलेगा। प्रदेश में 17 नगर निगम, 350 तहसील, 783 वैधानिक नगर, 14,979 वार्ड, 276 जनगणना नगर, 1,04,004 गांव और 4,78,783 गणना ब्लॉक हैं।

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