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यूपी की एक करोड़ दीदियों को मिलेगा 100000 तक का ब्याज मुक्त लोन, महिला उद्यमी क्रेडिट योजना में मिलेगा 20000 का लाभ

Published: Thu, 10 Sep 2026 07:00 AM (IST)Updated: Thu, 10 Sep 2026 04:21 PM (IST)

उत्तर प्रदेश सरकार महिला उद्यमी क्रेडिट योजना के तहत एक करोड़ स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को एक लाख रुपये तक का ब्याज मुक्त ऋण प्रदान करेगी।

इस फोटो को AI के माध्यम से तैयार किया गया है।

इस फोटो को AI के माध्यम से तैयार किया गया है।

HighLights

  1. एक करोड़ महिलाओं को मिलेगा एक लाख तक ब्याज मुक्त ऋण।

  2. महिला स्वयं सहायता समूहों को मिलेगा विशेष क्रेडिट कार्ड।

  3. छोटे व्यवसाय शुरू करने, विस्तार देने में मिलेगी मदद।

दिलीप शर्मा, लखनऊ। विधान सभा चुनाव से पहले महिलाओं को लुभाने के लिए सरकार बड़ा कदम उठाने की तैयारी कर रही है। उत्तर प्रदेश महिला उद्यमी क्रेडिट योजना में महिला स्वयं सहायता समूहों से जुड़ीं एक करोड़ दीदियों को एक लाख रुपये तक का क्रेडिट (ऋण) लाभ दिया जाएगा। हालांकि योजना के पहले चरण में 20,000 रुपये की पहली किश्त मिलेगी।

इसके समय से भुगतान पर दो चरणों में 80 हजार रुपये का और क्रेडिट दिया जाएगा। सरकार, योजना को विधान सभा चुनाव से पहले जोर-शोर से लांच करने की तैयारी कर रही है। उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने इसका प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए हैं।

पिछले माह राजनीतिक गलियारों में योगी सरकार द्वारा महिलाओं को 50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता देने की चर्चाएं चली थीं। अब तक सरकार की ओर से आधिकारिक रूप से कुछ नहीं कहा गया है। हालांकि भाजपा ने मध्य प्रदेश, बिहार और महाराष्ट्र में विधान सभा चुनावों से पहले ऐसा ही दांव चला था।

अब यूपी में भी ऐसे ही दांव की तैयारी है। उत्तर प्रदेश आजीविका मिशन (यूपीएसआरएलएम) के तहत संचालित महिला स्वयं सहायता समूहों को उद्यमी क्रेडिट योजना को इसी रणनीति से जोड़कर देखा जा रहा है।

महिलाओं को दिया जाएगा विशेष क्रेडिट कार्ड

प्रदेश सरकार ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट में इस योजना की घोषणा की थी। बुधवार को योजना भवन में हुई ग्राम्य विकास विभाग की उच्चस्तरीय बैठक में उपमुख्यमंत्री ने इस उत्तर प्रदेश महिला उद्यमी क्रेडिट योजना की तैयारी की समीक्षा की। योजना के तहत महिला को ब्याजमुक्त ऋण उपलब्ध कराया जाना है। इसके लिए महिलाओं को विशेष क्रेडिट कार्ड बनाकर दिया जाएगा।

इस धनराशि का उपयोग महिलाएं अपने छोटे व्यवसाय को शुरू करने या पहले से संचालित उद्यम को विस्तार देने में कर सकेंगी। पहले चरण में दिए जाने वाले 20 हजार रुपये का समय से भुगतान करने पर महिलाओं को दूसरे चरण में 30 हजार रुपये ऋण के रूप में दिए जाएंगे। यदि महिलाएं दूसरी किस्त भी चुका देती हैं तो उनको तीसरे चरण में 50 हजार रुपये का क्रेडिट लाभ दिया जाएगा। इसके लिए बैंकों ने एक प्रारूप तैयार किया है, जिसके विभाग प्रस्ताव तैयार कर रहा है।

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उपमुख्यमंत्री ने कहा कि समूह की दीदियों को पहचान व सुविधाओं से जोड़ने के लिए आइकार्ड उपलब्ध कराया जाए। ये कार्ड क्यूआर कोड जैसी डिजिटल सुविधाओं से युक्त हों।

दीदियों को डिजिटल भुगतान, डिजिटल मार्केटिंग, आनलाइन बिक्री, वित्तीय सेवाओं और आधुनिक उद्यम प्रबंधन से जोड़ा जाए। उन्होंने ई-रिक्शा योजना के तहत दो लाख रुपये तक के वाहनों की ही खरीद पर विचार करने, 100 महिला शक्ति केंद्र स्थापित करने के निर्देश दिए।

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बैठक में एचसीएल फाउंडेशन के साथ ‘समुदाय साझेदारी’ को वर्ष 2031 तक बढ़ाने पर भी चर्चा हुई। इस दाैरान ग्राम्य विकास राज्यमंत्री विजय लक्ष्मी गौतम, प्रमुख सचिव ग्राम्य विकास सौरभ बाबू, आयुक्त प्रमोद कुमार उपाध्याय, मिशन निदेशक अरुण कुमार आदि उपस्थित रहे।

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