2015 में 20 और 2025 में 156 करोड़, अयोध्या-काशी समेत यूपी के इन 4 शहरों में उमड़ी पर्यटकों की भीड़
उत्तर प्रदेश में पिछले 10 सालों में पर्यटकों की संख्या में सात गुना से अधिक की वृद्धि हुई है, जो ...और पढ़ें

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HighLights
पिछले 10 साल में यूपी में पर्यटकों की संख्या सात गुना बढ़ी।
अयोध्या, काशी, मथुरा, प्रयागराज में पर्यटकों की रिकॉर्ड आमद दर्ज।
पर्यटन स्थलों पर सुविधाओं के विस्तार से रोजगार के अवसर बढ़े।
राज्य ब्यूरो, लखनऊ। प्रदेश में आस्था के केंद्र पर्यटन की तस्वीर बदल रहे हैं। पिछले 10 साल में पर्यटकों की आमद में सात गुणा से अधिक की बढ़ोतरी हुई है। वर्ष 2015 में प्रदेश में घरेलू और विदेशी, मिलाकर 20.96 करोड़ पर्यटक आए थे, जबकि वर्ष 2025 में पर्यटकों की आमद बढ़कर 156.20 करोड़ पहुंच गई।
सैलानियों की सबसे ज्यादा संख्या अयोध्या, काशी, मथुरा और प्रयागराज जैसे धार्मिक शहरों में रही। पर्यटन विभाग अब हेरिटेज, ईको-टूरिज्म, ग्रामीण और स्थानीय संस्कृति से जुड़े पर्यटन को बढ़ाने की कोशिश में जुटा है।
पर्यटन विभाग के अनुसार वर्ष 2017 के बाद धार्मिक व पर्यटन स्थलों पर संपर्क मार्गों, पर्यटक सुविधाओं, सुंदरीकरण, और नए पर्यटन स्थलों को विकसित करने के काम में तेजी आई है। अयोध्या, काशी, मथुरा, प्रयागराज सहित प्रमुख धार्मिक स्थलों के साथ पर्यटन सर्किट और थीम आधारित पर्यटन को बढ़ावा दिया जा रहा है। दीपोत्सव, देव दीपावली, महाकुंभ आदि धार्मिक-सांस्कृतिक आयोजनों को पर्यटन से जोड़ा गया।
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इससे पर्यटकों की आमद बढ़ रही है। वर्ष 2017 में अयोध्या में 2.48 करोड़ पर्यटक पहुंचे थे। वहां राम मंदिर के निर्माण के बाद श्रद्धालुओं-पर्यटकों की संख्या में तेजी से वृद्धि हुई है। वर्ष 2023 में 6.30 करोड़ और वर्ष 2024 में अयोध्या में 16.44 करोड़ पर्यटक पहुंचे थे।
पिछले वर्ष इसमें और बढ़ोतरी हुई। इसी तरह वाराणसी, मथुरा और प्रयागराज में भी पिछले वर्ष रिकार्ड संख्या में पर्यटक आए थे।
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इस साल इसमें और वृद्धि की संभावना है। पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने बताया कि पर्यटन स्थलों पर सुविधाओं के विस्तार और नए पर्यटन गंतव्यों के विकास का असर पर्यटकों की बढ़ती संख्या में दिखाई दे रहा है। सरकार का लक्ष्य पर्यटन स्थलों को बेहतर सुविधाओं से जोड़ने के साथ स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और आजीविका के अवसर बढ़ाना भी है।
| वर्ष | घरेलू पर्यटक (करोड़ में) | विदेशी पर्यटक (लाख में) | कुल पर्यटक (करोड़ में) |
|---|---|---|---|
| 2015 | 20.65 | 31.04 | 20.96 |
| 2016 | 21.35 | 31.57 | 21.67 |
| 2017 | 23.40 | 35.56 | 23.75 |
| 2018 | 28.51 | 37.81 | 28.89 |
| 2019 | 53.59 | 47.45 | 54.06 |
| 2020 | 8.61 | 8.91 | 8.70 |
| 2021 | 10.97 | 0.45 | 10.98 |
| 2022 | 31.79 |
