यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 19, 2017 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
एक्शन में योगीः 15 दिन में संपत्ति घोषित करें मंत्री, 'सबका साथ-सबका विकास' नीति
योगी आदित्यनाथ ने यूपी के मुख्यमंत्री कुर्सी संभालते हुए कहा कि अब मंत्री नहीं सिर्फ प्रवक्ता बोलेंगे। खास बात यह ...और पढ़ें

लखनऊ (जेएनएन)। मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी ने आज कुर्सी संभालते हुए सबका साथ-सबका विकास नीति पर सरकार चलाने का एलान किया। कहा कि उनकी सरकार भ्रष्टाचार मुक्त भर्तियां करेगी। कार्य में पारदर्शिता रहेगी। मंत्रियों को पंद्रह दिन के अंदर अपनी चल-अचल संपत्ति का ब्यौरा मुख्यमंत्री के सचिव व भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की प्रदेश इकाई को उपलब्ध कराना होगा। रविवार की शाम लोकभवन में नवनियुक्त मंत्रियों से भेंट के बाद पत्रकारों से मुखातिब मुख्यमंत्री ने कहा कि 15 वर्षों से जारी भ्रष्टाचार, परिवारवाद और कानून व्यवस्था की बदहाली ने प्रदेश का भारी नुकसान किया है। इन प्रकरणों पर कार्रवाई होगी। सरकार बिना भेदभाव के समान रूप से कार्य करेगी। गरीब, दलित, पिछड़ों के लिए विशेष प्रयास होंगे। राज्य सरकार नागरिकों को अच्छा भोजन, आवास, पेयजल, शौचालय और कानून व्यवस्था की बेहतरी के लिए कार्य करेगी। परिवहन व्यवस्था दुरुस्त होगी। प्रयास होगा कि कृषि प्रदेश के विकास का आधार बने, क्योंकि प्रदेश का बड़ा हिस्सा खेती पर आधारित है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकारी नौकरियों में भर्ती की व्यवस्था को भ्रष्टाचारविहीन व पारदर्शी बनाया जाएगा। रोजगार के अवसर सृजित होंगे। महिलाओं को समान अवसर दिया जाएगा। निवेश बढ़ाने का प्रयास होगा। कहा कि परिवर्तन का जनादेश मिला है, काम काज शुरू होने के साथ परिणाम दिखने लगेंगे। यह भी कहा कि जल्द ही बुंदेलखंड विकास बोर्ड का गठन होगा।
श्रीकांत व सिद्धार्थ कैबिनेट के फैसले बतायेंगे
मुख्यमंत्री ने कहा कि कैबिनेट में लिये गए फैसलों का ब्यौरा देने के लिए मंत्री श्रीकांत शर्मा व मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह को नामित किया गया है। अब ये लोग कैबिनेट बैठकों की नियमित जानकारी उपलब्ध करायेंगे। मुख्यमंत्री की ओर से सूचना देने के लिए नामित मंत्री श्रीकांत शर्मा ने बताया कि रविवार को मुख्यमंत्री की मंत्रियों के साथ सिर्फ परिचायात्मक बैठक हुई है। जल्द ही विधिवत कैबिनेट बैठक होगी, जिसमें संकल्प पत्र के वादों के मुताबिक फैसले लिए जाएंगे। यह भी बताया कि सोमवार को मुख्यमंत्री व सभी मंत्री राजभवन जाकर राज्यपाल से मुलाकात करेंगे। प्रवक्ता नियुक्त मंत्रियों ने संयुक्त रूप से कहा कि मुख्यमंत्री ने मंत्रियों को दो टूक कहा गया है कि वह किसी भी दशा में मीडिया में या किसी कार्यक्रम में बयानबाजी नहीं करेंगे। ऐसा करने पर सरकार व संगठन की ओर से कार्रवाई का निर्णय भी लिया जा सकता है।
विधायक प्रशिक्षित होंगे
सत्रहवीं विधानसभा के लिए निर्वाचित भाजपा गठबंधन के सभी 325 विधायकों को संसदीय आचरण के तौर-तरीकों का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके लिए मंत्री सुरेश खन्ना के नेतृत्व में कमेटी गठित की गई है। प्रशिक्षण की तिथियां जल्द घोषित होगी। इसमें संसदीय कार्य के विशेषज्ञ व केन्द्रीय नेता भी हिस्सा लेंगे। मंत्री सिद्धार्थनाथ ने बताया कि मंत्रियों को स्पष्ट हिदायत दी गई है कि वे संगठन के साथ तालमेल बनाकर कार्य करें। मंत्री गठबंधन के सभी 325 विधायकों के क्षेत्रों में नियमित जाएंगे। क्षेत्र की समस्याओं का समाधान करेंगे। विपक्षी विधायकों के यहां नही जाएंगे क्या? इस पर सिंह ने कहा कि सरकार प्रदेश की जनता की है। सभी क्षेत्रों का विकास किया जाएगा।
आदित्यनाथ आगे योगी पीछे
भाजपा के फायरब्रांड नेता के रूप में पहचान रखने वाले योगी आदित्यनाथ रविवार को मुख्यमंत्री पद की शपथ लेते ही आदित्यनाथ योगी हो गए। हिंदुत्व के कट्टर चेहरे के तौर पर पहचाने जाने वाले योगी ने न सिर्फ रविवार को शपथ लेते समय अपना नाम आदित्यनाथ योगी लिया बल्कि राजधानी में पांच कालिदास मार्ग स्थित मुख्यमंत्री के सरकारी आवास पर लगी नाम पट्टिका पर भी उनका यही नाम दर्ज है। इस नाम पट्टिका पर आदित्यनाथ बड़े और योगी छोटे अक्षरों में लिखा है।
