यूपी में आंधी-तूफान से भारी तबाही, 8 लोगों की मौत; खीरी-गोंडा से लेकर बस्ती तक जनजीवन अस्त-व्यस्त
उत्तर प्रदेश में भीषण लू के बीच आए आंधी-तूफान ने भारी तबाही मचाई है, जिससे लखीमपुर, गोंडा, सीतापुर समेत कई ...और पढ़ें

यूपी में आंधी-तूफान से भारी तबाही।

समय कम है?
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जागरण संवाददाता, लखनऊ। भीषण लू के बीच प्रदेश के कुछ हिस्सों में सोमवार देर रात और मंगलवार सुबह आए आंधी-तूफान ने भारी तबाही मचाई। लखीमपुर, गोंडा, सीतापुर, बस्ती, संतकबीरनगर, शाहजहांपुर में हुए हादसों में आठ लोगों की जान चली गई।
तेज हवा में सैकड़ों टिनशेड उड़ गए, मकानों की दीवारें और स्कूलों की बाउंड्रीवाल ढह गईं। लखीमपुर के कारीबडेरी गांव में आंधी के दौरान लगी आग ने 40 घरों को अपनी चपेट में ले लिया। आंधी के कारण बिजली व्यवस्था चरमरा गई और सैकड़ों बिजली पोल टूटने से कई गांव अंधेरे में डूब गए।
गोंडा में मनकापुर-अयोध्या रेल मार्ग पर पेड़ गिरने से ट्रेनों का आवागमन ठप हो गया है। मंगलवार की सुबह आठ बजे से मालगाड़ी व वंदे भारत एक्सप्रेस 40 मिनट ट्रैक पर खड़ी रही। आम व केला की फसलें गिर गई हैं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घटना का संज्ञान लेते हुए पीड़ित परिवारों को तत्काल आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
47.4 डिग्री अधिकतम तापमान के साथ बांदा लगातार देश में सबसे गर्म स्थान बना हुआ है। 47.0 डिग्री तापमान के साथ राजस्थान का शृंगारनगर दूसरे और 46.6 डिग्री सेल्सियस तापमान के साथ महराष्ट्र का ब्रह्मपुरी तीसरे स्थान पर है।
हालांकि, आगरा में देर शाम बूंदाबांदी से कुछ राहत मिली है। लखीमपुर में नेशनल हाईवे-30 पर भी तूफान का असर दिखा, जहां जगह-जगह पेड़ गिरने से घंटों आवागमन बाधित रहा और लंबा जाम लग गया। प्रशासन और वन विभाग की टीम ने सुबह मौके पर पहुंचकर रास्ता साफ कराया।
हादसों में एक किसान की मौत की भी सूचना है। तेज हवाओं के बीच आग ने मितौली में 40 घरों को अपनी चपेट में ले लिया। गृहस्थी का सामान जलकर राख हो गया, जबकि कई मवेशी जिंदा जल गए। शाहजहांपुर में एक किसान की मौत दीवार गिरने से हो गई।
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शाहजहांपुर में लखनऊ दिल्ली राष्ट्रीय राजमार्ग पर तीन पेड़ व होर्डिंग गिर जाने से दो घंटे तक यातायात बाधित रहा। वहीं बेहटा गोकुल और कहेलिया स्टेशन के बीच रेलवे ट्रैक पर पेड़ गिर गया, जिससे पद्मावत एक्सप्रेस का पेंट्रो टूट गया। ओएचई (ओवरहेड इलेक्ट्रिक) लाइन ट्रिप हो गई।
इस कारण रेल यातायात करीब छह घंटे तक प्रभावित रहा। लखनऊ मेल, चंडीगढ़ सुपरफास्ट समेत कई ट्रेनें रास्ते में खड़ी रहीं। इनके संचालन में चार से छह घंटे की देरी हुई। बस्ती के रघुनाथपुर गांव में तेज आंधी और वर्षा के दौरान एक आवासीय छप्पर पर पीपल का पेड़ गिर गया, जिसमें एक ही परिवार के सात लोग सो रहे थे। तीन लोग घायल हो गए, जबकि एक चार वर्षीय बालक की मृत्यु हो गई।
संतकबीर नगर में 30 ट्रांसफार्मर और 80 बिजली पोल गिर गए जिससे कई क्षेत्रों की विद्युत आपूर्ति बाधित हो गई। कोतवाली के महुई में मकान का छज्जा गिरने से एक युवक की मौत हो गई। महुली थाना क्षेत्र में बिजली के तार टूटने के चलते करीब 150 गांवों की बिजली आपूर्ति ठप हो गई।
खलीलाबाद-धनघटा राजकीय मार्ग पर मंझरियागंगा, सियरासाथा, पायलपार समेत कई स्थानों पर सड़क पर पेड़ गिर गए। इससे पूरी रात आवागमन बाधित रहा। सिद्धार्थनगर में 150 से अधिक विद्युत पोल टूटकर गिर गए, 15 ट्रांसफार्मर गिरकर क्षतिग्रस्त हो गए। देवरिया के गौरीबाजार क्षेत्र में 17 बिजली पोल टूट गए।
महराजगंज में कई इलाकों की बिजली आपूर्ति बाधित रही। उधर, सूरज आसमान से आग बरसाने में कोई कसर नहीं छोड़ रहा है। बांदा लगातार तापमान के मामले में प्रदेश में शीर्ष पर बना हुआ है। उरई दूसरे स्थान पर है।
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प्रयागराज में लगातार आठ दिनों से शहर का अधिकतम तापमान 45 से 47 डिग्री सेल्सियस के बीच बना हुआ है। मंगलवार को भी अधिकतम तापमान 45.4 डिग्री दर्ज किया गया, जो सोमवार के तापमान के बराबर था। भीषण लू के कारण दोपहर में सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा। कानपुर व आसपास जिलों में मंगलवार को धूप रही। गर्मी से लोग परेशान दिखे।
15 दिन में हृदय रोगियों की संख्या हुई दोगुणी
भीषण गर्मी के दौरान सिर में दर्द की समस्या के साथ अनियंत्रित ब्लड प्रेशर, हीट हेडेक और हृदय रोग का खतरा बढ़ जाता है। मेरठ के लाला लाजपत राय मेडिकल कॉलेज के वरिष्ठ कार्डियोलाजिस्ट डॉ. धीरज सोनी ने बताया कि पिछले 15 दिन में हृदय रोगियों की ओपीडी 350 तक पहुंच गई है, जबकि 15 दिन पहले 150 के आसपास थी।
अब यह संख्या दोगुणी हो गई है। उन्होंने बताया कि हृदय रोगी को गर्मी में डिहाइड्रेशन होता है तो खून गाढ़ा हो जाता है, जिस कारण अटैक का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे में गर्मी से सावधान रहने की जरूरत है।

कानपुर के एलएलआर अस्पताल में 12 लोग हीट स्ट्रोक के कारण भर्ती हुए। उरई में डिहाइड्रेशन व डायरिया पीड़ित 42, हमीरपुर में 15, कानपुर देहात में सात, महोबा व बांदा में 16-16, औरैया व फर्रुखाबाद में 24-24, इटावा में 40, फतेहपुर में 65 व उन्नाव में 23 मरीज भर्ती हुए।
30 जिलों में आज भी चलेगी लू, वज्रपात की आशंका
पश्चिम उत्तर प्रदेश व अवध के 30 जिलों में बुधवार को भी लू चलेगी। इनमें से 10 जिलों में तीव्र लू के आसार हैं। कुशीनगर, महराजगंज, बलरामपुर व सिद्धार्थनगर में गरज-चमक के साथ वज्रपात की भी आशंका है। इन जिलों में तेज हवा भी चल सकती है।
लू के दृष्टिगत मौसम विभाग ने दोपहर में बाहर निकलने से बचने की सलाह दी है। आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के मौसम विज्ञानी अतुल कुमार सिंह ने बताया कि बांदा, आगरा, जालीन, हमीरपुर, महोबा, झांसी व आसपास के क्षेत्रों ऊष्ण लहर से भीषण उष्ण लहर (लू) चलने की संभावना अधिक है।
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मथुरा, हाथरस, फिरोजाबाद, चित्रकूट, कौशांबी, प्रयागराज, फतेहपुर, कानपुर देहात, कानपुर नगर, शामली, मुजफ्फरनगर, बागपत, मेरठ, गाजियाबाद, हापुड़, गौतम बुद्ध नगर, बुलंदशहर, अलीगढ़, एटा, मैनपुरी, इटावा, औरैया, बिजनौर, ललितपुर एवं आसपास के क्षेत्रों में भी लू चलेगी। सिंह ने बताया कि इसके अलावा पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में गर्म रातें जारी रहेंगी।
सर्वाधिक तापमान वाले जिले
- बांदा 47.4
- उरई 45.8
- झांसी 45.5
- प्रयागराज 45.4
- आगरा 45.3
