जिस जमीन पर कब्जा कर माफिया चलाते थे हुकूमत, आज वहां बन रहे गरीबों के आवास : CM योगी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रयागराज और मीरजापुर में माफियाराज के खात्मे, युवाओं के भविष्य और सुशासन पर जोर दिया। उन्होंने ...और पढ़ें
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ।
HighLights
माफिया से मुक्त जमीन पर अब गरीबों के लिए आवास।
युवाओं के अधिकारों से खिलवाड़ करने वाले समर्थन के हकदार नहीं।
कसारी-मसारी क्षेत्र का नाम बदलकर श्रीकृष्णपुरी करने की घोषणा।
जागरण टीम, लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि युवाओं के अधिकारों से खिलवाड़ करने वाले समर्थन के हकदार नहीं हो सकते हैं। पापियों में कोई नैतिक बल नहीं होता। वर्ष 2017 से पहले उत्तर प्रदेश में कोई सुरक्षित नहीं था। आम आदमी से लेकर व्यापारी और बेटियां तक असुरक्षित थीं, माफिया का खौफ था।
अब प्रदेश में युवाओं को हक मिल रहा है। जिस जमीन पर कभी माफिया कब्जा करके हुकूमत चलाते थे, आज उसी पर गरीबों के लिए आवास बन रहे हैं। मुख्यमंत्री ने गुरुवार को उन्होंने प्रयागराज और मीरजापुर में विधान परिषद के वाराणसी खंड और इलाहाबाद-झांसी खंड के शिक्षक और स्नातक चुनाव के लिए मतदाता सम्मेलन के दौरान माफियाराज के खात्मे, युवाओं के भविष्य और सुशासन के मुद्दे को धार दी। प्रदेश की बदहाली के लिए सपा और कांग्रेस को घेरा।
सपा के परिवारवाद पर किया प्रहार
प्रयागराज में पहली लोकसभा में चुने गए महाशय मसुरियादीन पासी की प्रतिमा के लोकार्पण के साथ चौराहे का नामकरण महाशय मसुरियादीन के नाम पर करने के बाद मुख्यमंत्री ने सम्मेलन के मंच से कांग्रेस पर निशाना साधा। कहा कि महाशय मसुरियादीन और पं. नेहरू एक साथ लोकसभा पहुंचे। नेहरू के नाम पर कई संस्थान बने लेकिन, महाशय मसुरिया दीन को सम्मान दिलाने का काम भाजपा ने किया। प्रयागराज और वाराणसी की सभा में मुख्यमंत्री ने सपा के परिवारवाद पर प्रहार किया।
कहा-समाजवादी पार्टी के लिए परिवार ही प्रदेश था, जबकि उनके लिए पूरा प्रदेश परिवार है। सपा और कांग्रेस में हर काम परिवार के नाम और परिवार तक सीमित रखने की प्रवृत्ति रही। कांग्रेस नेहरू परिवार और समाजवादी पार्टी सैफई परिवार तक सीमित थी। इन्होंने प्रदेश को बेगाना बना दिया था, इसीलिए जनता ने इनकी छुट्टी कर दी। मुख्यमंत्री ने सपा के समय अनिल यादव को उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग का अध्यक्ष बनाए जाने का भी उल्लेख किया। कहा कि वह सैफई परिवार के रिश्तेदार थे।
हाई कोर्ट ने सख्त टिप्पणी के साथ उन्हें कुर्सी से हटाया कि वह पद के योग्य नहीं हैं। उस समय युवा सड़कों पर चिल्लाता था, लेकिन लखनऊ में बैठी अखिलेश यादव की सरकार कानों में तेल डालकर खर्राटे लेती थी। अब सरकार नौजवानों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए काम कर रही है। सरकार ने साढ़े नौ लाख से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी के नियुक्ति पत्र दिए। अगले छह माह में एक लाख से अधिक भर्ती प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
कसारी-मसारी का नाम अब श्रीकृष्णपुरी
कभी माफिया अतीक अहमद, अशरफ और दोनों के गुर्गों के खौफ से पहचाने जाने वाले कसारी-मसारी की पहचान अब बदलने जा रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को इस क्षेत्र को श्रीकृष्णपुरी नाम देने की घोषणा करते हुए माफियाराज के अंत और विकास की नई लकीर खींची।
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अतीक के कब्जे से मुक्त कराई गई जमीन पर गरीबों के लिए पद्मलोक अपार्टमेंट के भूमिपूजन के साथ उन्होंने साफ संदेश दिया कि जमीनों पर कब्जा करने वालों की जगह अब कानून तय करेगा। पहले चरण में 602 और दूसरे चरण में 598 फ्लैट बनाए जाएंगे। माफियागिरी करने वालों को चेतावनी देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि अब भी कोई माफिया बनने का सपना देखता है तो मिट्टी में मिलने की तैयारी कर ले।
