उत्तर प्रदेश में 15 अक्टूबर से नया नियम लागू, दुकानदारों को ट्रे पर लिखनी होगी मिठाइयों की एक्सपायरी डेट
उत्तर प्रदेश में 15 अक्टूबर से मिठाई दुकानदारों को खुली मिठाइयों पर 'उपयोग की अंतिम तिथि' अंकित करना अनिवार्य होगा।

प्रतीकात्मक प्रस्तुतीकरण के लिए तस्वीर को एआई टूल की मदद से बनाया गया है।
HighLights
15 अक्टूबर से यूपी में मिठाई पर एक्सपायरी डेट अनिवार्य।
दुकानदारों को खुली मिठाइयों पर अंतिम तिथि लिखनी होगी।
यह नियम उपभोक्ताओं को बासी मिठाई से बचाएगा।
जागरण संवाददाता, कुशीनगर। उत्तर प्रदेश में मिठाई के दुकानदार अब उपभोक्ताओं को बासी और खराब मिठाई नहीं बेच पाएंगे। ग्राहकों के दुकान पर जाने के बाद वह खुद बताएंगे कि आप कब तक इस्तेमाल कर सकते हैं। दुकान के ट्रे में बिक्री के लिए प्रदर्शित या भंडारित मिठाई पर यूज बाई डेट (एक्सपायरी डेट) अंकित करना अनिवार्य होगा।
यह नया नियम 15 अक्टूबर से पूरे प्रदेश में लागू होने जा रहा है। इसके लिए शासन की तरफ से खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग को पत्र जारी किया गया है। अब विभाग की तरफ से खुली मिठाई की बिक्री करने वाले छोटे और बड़े दुकानदारों को इसके निर्देश जारी किए जा रहे हैं।
क्यों जरूरी है नया नियम?
कुशीनगर जिले में 14500 पंजीकृत दुकानदार हैं। इनमें 547 मिठाई की दुकानें शामिल हैं, लेकिन प्रमुख कस्बों व चौराहों पर चार गुना से अधिक लगभग 21 सौ से अधिक दुकानें संचालित हैं, जहां मिठाई की दुकानों पर रंग बिरंगी मिठाइयां सजी रहती हैं। ग्राहक आकर्षक दिखने वाले मिठाइयां खरीद कर घर ले जाते हैं, लेकिन गुणवत्ता व सुरक्षित इस्तेमाल के अवधि की जानकारी नहीं मिल पाती।
आमतौर पर मिठाई के उपभोग की तिथि उसकी प्रकृति के अनुसार, एक दिन से लेकर एक महीने होती है। अब पैक्ड मिठाई में एक्सपायरी डेट अंकित किया जाना अनिवार्य है, लेकिन खुली मिठाई में कोई अनिवार्य प्राविधान नहीं है। बड़ी दुकानों में खुली मिठाई की बिक्री के समय निर्माण होने की तिथि के संबंध में कोई जानकारी नहीं दी जाती है।
अक्सर दुकानदार इसका फायदा उठाते हैं और ग्राहकों को खराब मिठाई बेच देते हैं। ज्यादातर दुकानदार मिठाई तैयार करने के बाद बेचने के लिए सिकेज (डिस्प्ले कैबिनेट) में प्रदर्शित करते हैं जिससे ग्राहक अपनी पसंद के अनुसार मिठाई का चयन कर सकें।
अधिकारी बोले-
शासन का पत्र मिलने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग दुकानदारों को जागरूक कर रहा है। उपभोक्ताओं को मिठाई बेचते समय उसके एक्सपायरी तिथि के बारे में बताना। दुकानदारों को सचेत किया जा रहा है कि 15 अक्टूबर से मिठाइयों का एक्सपायरी डेट अवश्य अंकित करें। जो नियम का पालन नहीं करेगा उसके विरूद्ध कार्रवाई की जाएगी।
-प्रदीप राय, सहायक खाद्य आयुक्त, कुशीनगर
महंगाई के दौर में सोच समझ कर दुकानदारी
मिष्ठान विक्रेता सतीश सिंह ने कहा कि ऊपर से जो भी आदेश मिलेगा, उसका अनुपालन विक्रेता करेंगे। उतना ही मिठाई तैयार करेंगे जितना निर्धारित तिथि के भीतर बेची जा सके। वैसे भी कोई दुकानदार खराब मिठाई बेचने से बचता है। लोगों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करना उचित नहीं है। महंगाई के दौर में सोच समझ कर दुकानदारी करनी पड़ रही है।
ग्राहक सूरज दूबे ने कहा कि मिठाइयों पर एक्सपायरी डेट लिखना अच्छी बात है। इससे स्वास्थ्य पर बुरा प्रभाव नहीं पड़ेगा। अशुद्ध खानपान से बीमारियों का खतरा बना रहता है। शासन का यह निर्णय काफी सराहनीय है। मिष्ठान के साथ-साथ पनीर पर भी एक्सपायरी की तिथि अंकित होना चाहिए।
