हरदोई में सांप के जहर पर 47 एंटी स्नेक-वेनम बेअसर, अब केजीएमयू में वेंटिलेटर पर एंबुलेंस चालक
Hardoi News: बुधवार देर रात दो बजे कमरे में सोते समय उन्हें जहरीले सांप ने काट लिया था। उनकी हालत ...और पढ़ें

फर्रुखाबाद के ग्राम बीरपुर के ओवेंद्र हरपालपुर सीएचसी में एंबुलेंस चालक के पद पर तैनात
HighLights
एंटी स्नेक-वेनम का असर होने का आस पर दोस्तों ने जगाए रखने के लिए दीं 400 थपकियां
सीएचसी में एंबुलेंस चालक के पद पर तैनात फर्रुखाबाद का युवक
केजीएमयू लखनऊ में अब वेंटिलेटर सपोर्ट पर एंबुलेंस चालक
जागरण संवाददाता, हरदोई। सर्पदंश का शिकार फर्रुखाबाद निवासी एंबुलेंस चालक ओवेंद्र की मौत से जंग जारी है। सांप काटने के 32 घंटे बीतने और 47 एंटी स्नेक- वेनम इंजेक्शन लगाने के साथ उसको जगाए रखने के लिए दोस्तों की 400 थपकियां भी जहर पर बेअसर हैं। गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें लखनऊ मेडिकल कॉलेज में वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा है।
फर्रुखाबाद के ग्राम बीरपुर के ओवेंद्र यहां हरपालपुर सीएचसी में एंबुलेंस चालक के पद पर तैनात हैं। बुधवार देर रात दो बजे कमरे में सोते समय उन्हें जहरीले सांप ने काट लिया था। उनकी हालत बिगड़ने पर तुरंत हरदोई मेडिकल कॉलेज लाया गया, जहां उपचार किया गया।
हरदोई मेडिकल कॉलेज में उन्हें 30 एंटी स्नेक -वेनम इंजेक्शन दिए गए। हरदोई में इलाज के दौरान ओवेंद्र को बेहोश होने से बचाने और जगाए रखने के लिए दोस्त हरिओम और प्रदीप ने करीब दो घंटे तक लगातार प्रयास किए और लगभग 400 थपकियां दीं। जहर पर कोई असर न होते देख डॉक्टरों ने उन्हें लखनऊ के केजीएमयू रेफर कर दिया।
वेंटिलेटर सपोर्ट पर ओमेंद्र
लखनऊ में भी ओवेंद्र को 17 एंटी स्नेक -वेनम इंजेक्शन दिए जा चुके हैं। कुल 47 इंजेक्शन लगने के बाद भी जहर का असर कम नहीं हुआ, जिसके बाद डॉक्टरों ने उन्हें वेंटिलेटर पर शिफ्ट कर दिया। ओवेंद्र के दोस्त हरिओम ने शुक्रवार सुबह बताया कि डॉक्टरों की कड़ी निगरानी के बावजूद उनकी स्थिति बेहद नाजुक बनी हुई है। ओवेंद्र की इस हालत से उनकी पत्नी सुषमा और छह वर्षीय मासूम बेटे का रो-रोकर बुरा हाल है, पूरा परिवार गहरे सदमे में है।
