हमीरपुर कलेक्ट्रेट में भावुक कर देने वाला दृश्य, न्याय की आस में दंडवत होकर पहुंची महिला ने DM से लगाई गुहार
हमीरपुर में एक महिला अपने लापता पति की जमीन पर देवर-जेठ द्वारा कब्जे की शिकायत लेकर दंडवत होकर कलेक्ट्रेट पहुंची। ...और पढ़ें

कलेक्ट्रेट परिसर में दंडवत कर न्याय की गुहार लगाने जाती पीड़िता देवरती को उठातीं महिला कर्मी। जागरण
HighLights
महिला पति की लापता जमीन के लिए पहुंची कलेक्ट्रेट
देवर-जेठ पर जमीन कब्जा करने का आरोप लगाया
डीएम ने मौदहा एसडीएम को समाधान के निर्देश दिए
जागरण संवाददाता, हमीरपुर। एक वर्ष से पति के लापता होने से देवर व जेठ पर जमीन कब्जा की शिकायत लेकर बुधवार को पीड़ित महिला दंडवत होकर कलेक्ट्रेट परिसर पहुंची। महिला को इस हालत में देखकर अधिकारियों में हलचल मच गई। दंडवत जिलाधिकारी अशोक कुमार से मिलने पहुंची पीड़िता ने अपनी व्यथा सुनाते हुए डीएम से न्याय की गुहार लगाई और बच्चों के भरण पोषण के लिए मकान व जमीन दिलाने की मांग की है।
बुधवार को दंडवत कर कलेक्ट्रेट पहुंची पीड़िता देवरती को देख परिसर में तैनात कर्मचारियों ने उसे समझाकर डीएम से मिलवाया। देवरती पत्नी कैलाश चंद्र ने बताया कि उसकी शादी मौदहा तहसील क्षेत्र के खड़ेही लोधन गांव निवासी कैलाश चंद्र के साथ हुई थी। पति मानसिक रूप से बीमार होने के बाद वह पति व बच्चों को लेकर अपने मायके पौथिया गांव में रहने लगी थी।
पति करीब एक वर्ष पूर्व लापता हो गए बहुत तलाश करने के बाद पता नहीं चला। पिता के लापता होने के बाद देवर व जेठ ने उनके हिस्से की जमीन पर कब्जा कर लिया है। छह बीघा जमीन पर कब्जे की शिकायत लेकर वह कई बार मौदहा एसडीएम व मुस्करा थाने के चक्कर लगा चुकी है। लेकिन अब तक उसे न्याय नहीं मिल सका।
पीड़िता ने बताया कि 20 वर्षीय बेटी गुड़िया व 18 वर्षीय बेटे आकाश के भरण पोषण की जिम्मेदारी उसी पर है। परिवार का खर्च चलाने के लिए वह मजदूरी करने को मजबूर है।
पीड़िता ने डीएम से गुहार लगाते हुए कहा कि उसे गांव में रहने के लिए मकान व पति के हिस्से की जमीन दिलाई जाए। ताकि वह अपने बच्चों का भरण पोषण कर सके। पीड़िता की समस्या सुन डीएम अशोक कुमार ने मौदहा एसडीएम करनवीर सिंह को मौके पर जा कर समाधान कर महिला को न्याय दिलाने के निर्देश दिए।
