यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 31, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Ghaziabad News: गंग नहर में डूब रहे बंदर का हनुमान जी बने सहारा, ऐसे बची जान; लोगों ने बताया चमत्कार
Ghaziabad News शनिवार शाम को गंग नहर में एक बंदर किसी तरह गिर गया। पानी के तेज प्रवाह में वह ...और पढ़ें

गाजियाबाद, जागरण संवाददाता। 21वीं सदी में भी चमत्कार होते हैं और दिल्ली से सटे गाजियाबाद में भी एक चमत्मकार के जरिये एक बंदर की जान बचने का मामला प्रकाश आया है। उसकी जान भगवान हनुमान के जरिये बची। लोग इसे चमत्कार के तौर पर देख रहे हैं।
अठखेलियां करने के दौरान गंगनहर में गिरा बंदर
दरअसल, शनिवार शाम को मुरादनगर स्थित गंग नहर में एक बंदर अचानक गिर गया। इसके बाद पानी का बहाव तेज होने के चलते वह काफी दूर तक निकल गया। इस दौरान वह अपनी जान बचाने के लिए नहर के किनारे पर जाने का प्रयास तो करता रहा, लेकिन कोई सफलता नहीं मिली।
हनुमान जी की प्रतिमा से लिपटकर बंदर ने बचाई जान
इसी बीच गंग नहर के बीच में स्थापित हनुमान जी की प्रतिमा बंदर के लिए सहारा बन गई। बंदर ने किसी तरह प्रतिमा के किनारे पर बैठ कर अपनी जान बचाई। अब लोग इसे चमत्कार बता रहे हैं। हैरत की बात यह भी है कि रात भर बंदर वहीं पर हनुमान जी की प्रतिमा से लिपट कर बैठा रहा। रविवार सुबह होने पर यह दृश्य कुछ पुलिसकर्मियों ने देखा। इसके बाद स्थानीय लोगों की मदद से बंदर की जान बचाई गई।
नाव के सहारे बंदर को बचाया
नजदीक बने मंदिर के महंत मुकेश गोस्वामी के साथ मिलकर पुलिसकर्मी नाव के सहारे मध्य गंग नहर में पहुंचे और बंदर को बचाया। हालांकि, सर्दी ज्यादा लगने से बंदर की तबीयत बिगड़ रही थी। उसका उपचार कराया गया। अब वह पूरी तरह से ठीक है।
ये भी पढ़ें- Greater Noida Data Center: 60% प्रतिशत भारतीयों का डाटा नोएडा में रहेगा सुरक्षित, यहां जानिए सबकुछ
लोगों ने बताया हनुमान और बंदर के बीच रिश्ता
मंदिर के महंत मुकेश गोस्वामी ने बताया कि गंग नहर में डूब रहे बंदर का हनुमान जी सहारा बने। यह दृश्य वास्तव में देखने लायक था। उधर, हनुमान जी की प्रतिमा से चिपके हुए बंदर की एक वीडियो भी इंटरनेट मीडिया पर वायरल हो गई। किसी ने इसे आस्था बताया तो किसी ने इसे हनुमानजी और बंदर के बीच प्रगाढ़ रिश्ते की संज्ञा दी।
