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चिकोरी-घेवर, पूड़ी-सब्जी बिजनेस को मिलेगा लोन; 'एक जनपद-एक व्यंजन' स्कीम से 30 लाख रुपये तक मार्जिन मनी

Published: Sat, 17 Oct 2026 12:56 PM (IST)Updated: Sat, 17 Oct 2026 01:03 PM (IST)

एटा में 'एक जनपद-एक व्यंजन' योजना के तहत चिकोरी, घेवर और पूड़ी-सब्जी जैसे स्थानीय उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए ...और पढ़ें

सांकेतिक तस्वीर।

सांकेतिक तस्वीर।

HighLights

  1. स्थानीय व्यंजनों को बढ़ावा देने हेतु 'एक जनपद-एक व्यंजन' योजना।

  2. चिकोरी, घेवर, पूड़ी-सब्जी उद्योगों को ऋण और अनुदान।

  3. एटा में 10 लाभार्थियों को 30 लाख रुपये मार्जिन मनी।

जागरण संवाददाता, एटा। जिला में स्थानीय व्यंजनों को बढ़ावा देने और रोजगार के नए अवसर सृजित करने के लिए एक जनपद-एक व्यंजन वित्त पोषण सहायता योजना संचालित की जा रही है। इसके तहत चिकोरी, घेवर और पूड़ी-सब्जी से संबंधित उद्योग लगाने और मौजूदा इकाइयों का विस्तार करने के लिए बैंक ऋण के साथ अनुदान दिया जाएगा।
उपायुक्त उद्योग अर्चना कुमारी ने बताया कि योजना के अंतर्गत आधुनिक मशीनों की स्थापना, पैकेजिंग, लेबलिंग, कोल्ड स्टोरेज, खाद्य परीक्षण उपकरण और क्लाउड किचन स्थापित करने के लिए वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई जा सकती है। इसका उद्देश्य स्थानीय व्यंजनों की गुणवत्ता, उत्पादन क्षमता और बाजार में प्रतिस्पर्धा बढ़ाना है।

10 लाभार्थियों को मिलेगा योजना का लाभ, 30 लाख रुपये की मार्जिन मनी का लक्ष्य

अर्चना कुमारी ने बताया कि योजना में परियोजना लागत के अनुसार 10 से 25 प्रतिशत तक मार्जिन मनी सहायता का प्रावधान है। अधिकतम 50 लाख रुपये तक अनुदान मिल सकता है। आवेदक की आयु कम से कम 18 वर्ष होनी चाहिए। शैक्षिक योग्यता की बाध्यता नहीं है, लेकिन आवेदक बैंक या वित्तीय संस्था का डिफाल्टर नहीं होना चाहिए।

10 लाभार्थियों को 30 लाख रुपये का की मार्जिन मनी

अर्चना कुमारी ने बताया कि जनपद को 10 लाभार्थियों के लक्ष्य के सापेक्ष 30 लाख रुपये की मार्जिन मनी वितरण का लक्ष्य मिला है। इच्छुक अभ्यर्थी विभागीय वेबसाइट https://msme.up.gov.in/?utm_source=chatgpt.com पर आवेदन कर सकते हैं। अधिक जानकारी के लिए कासगंज रोड स्थित जिला उद्योग केंद्र में संपर्क भी किया जा सकता है।

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