सरयू नदी में बहकर आई अनाेखी मछली, देखने के लिए जुटने लगी लाेगों की भीड़, खबर मिलते ही एक्टिव हुआ प्रशासन
बस्ती के कटारिया-चांदपुर तटबंध पर सरयू नदी में एक पांच फीट लंबी मृत डॉल्फिन मिली, जिसे देखने के लिए ग्रामीणों की भीड़ उमड़ पड़ी।

सरयू नदी में कटरिया गांव के निकट मृत मिली पाई गई डॉल्फिन। जागरण
HighLights
बस्ती में सरयू नदी में मृत डॉल्फिन पाई गई।
पांच फीट लंबी डॉल्फिन देखने ग्रामीणों की भीड़ जुटी।
वन विभाग ने शव का पोस्टमार्टम कराने की बात कही।
जागरण संवाददाता, बस्ती। कटरिया-चांदपुर तटबंध पर कटरिया गांव के निकट बने ठोकर के पास सरयू नदी में एक डॉल्फिन मृत पाई गई। इसकी जानकारी होते ही वहां ग्रामीणों की भीड़ जुट गई।
रविवार की शाम कटरिया गांव के निकट बने ठोकर के पास करीब पांच फीट लंबी डॉल्फिन सरयू नदी के किनारे मृत पाई गई। एक व्यक्ति के दाह संस्कार में शामिल होने गए लोगों ने उसे नदी किनारे देखा तो इसकी सूचना वन विभाग को दी। वन दरोगा अभिषेक ने बताया कि वह मौके पर जा रहे हैं। डॉल्फिन का शव निकालने के बाद ही कुछ बताया जा सकेगा।
अक्सर सरयू नदी में दिखाई पड़ती हैं डॉल्फिन
सरयू नदी में सेरवा घाट से लेकर चांदपुर घाट तक अक्सर डॉल्फिन सरयू नदी में दिखाई पड़ती है। हालांकि कभी कभार डॉल्फिन के मृत्यु की भी खबरें मिलती रहती हैं। दिसंबर 2023 में दुबौलिया के चांदपुर घाट के पास सरयू नदी में एक डॉल्फिन मृत पाई गई थी।
तीन सदस्यीय पशु चिकित्सकों की टीम द्वारा उसका पोस्टमार्टम कराने के बाद वन विभाग ने नदी किनारे ही उसका दाह संस्कार कर दिया था। फरवरी 2024 में बिसुन्दासपुर की अनुसूचित बस्ती के निकट डॉल्फिन मृत अवस्था में मिली थी। दोनों के पोस्टर्माटम रिपोर्ट से उनके घायल होने की पुष्टि हुई थी। यह घायल कैसे हुईं यह अब तक रहस्य बना हुआ है। तीसरी बार मृत डॉल्फिन रविवार को मिली।
डॉल्फिन के शिकार पर होती है विधिक कार्यवाही
डॉल्फिन राष्ट्रीय जलीय जीव है। वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत यह वन्यजीव संरक्षण अधिनियम 1972 की अनुसूची-1 के तहत आती है। जिसे सर्वोच्च संरक्षण प्राप्त है। डॉल्फिन का शिकार करने, मारने या उसके अंगों को नुकसान पहुंचाने पर सात साल तक की जेल और भारी जुर्माना हो सकता है।
कटरिया-चांदपुर तटबंध पर कटरिया गांव के निकट सरयू नदी में डॉल्फिन के मृत पाए जाने की सूचना मिली है। वन विभाग की टीम मौके पर भेजी जा रही है। शव को नदी से निकलवा कर उसका पोस्टमार्टम करवाया जाएगा, तभी उसके मृत्यु का कारण पता चल सकेगा।
-डाॅ. शिरीन, डीएफओ
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