अयोध्या दीपोत्सव: रामायण की झांकियां गढ़ रहे मुस्लिम कारीगर, इकबाल अंसारी भी परिवार संग जलाएंगे दीप
अयोध्या दीपोत्सव में मुस्लिम कारीगर रामायण की झांकियां बना रहे हैं, जो सामाजिक समरसता का संदेश दे रही हैं। बाबरी ...और पढ़ें

HighLights
मुस्लिम कारीगर रामायणकालीन झांकियों को आकार दे रहे हैं।
इकबाल अंसारी परिवार संग राम की पैड़ी पर दीप जलाएंगे।
दीपोत्सव सामाजिक समरसता और आपसी सद्भाव का प्रतीक है।
प्रहलाद तिवारी, अयोध्या। दीपोत्सव में सामाजिक समरसता के कई रंग दिखाई देंगे। दीपोत्सव दीपों की जगमगाहट के साथ सामाजिक समरसता की रोशनी भी बिखेरेगा। साकेत महाविद्यालय परिसर में रामायणकालीन झांकियों को आकार देने में मुस्लिम कारीगर दिन-रात जुटे हैं।
भगवान श्रीराम के जीवन प्रसंगों को आकार देकर कारीगर प्रफुल्लित हैं। उनके हाथों से तैयार हो रही झांकियां दीपोत्सव में रामकथा के विभिन्न प्रसंगों को जीवंत करेंगी। दिल्ली समेत प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए इन कारीगरों के हाथों में रंग और औजार हैं, लेकिन कल्पनाओं में रामायण के प्रसंग।
कोई लकड़ी और थर्माकोल से आकृतियां गढ़ रहा है तो कोई उन्हें रंगों से जीवंत बनाने में जुटा है। कोई झांकी के फ्रेम को अंतिम रूप दे रहा है तो कोई पात्रों की वेशभूषा और दृश्य संयोजन को करीने से सजा रहा है। ये कारीगर खुद को गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं।
तन्मयता से झांकियों के निर्माण में जुटे जावेद
लखनऊ के जावेद पूरी तन्मयता से झांकियों के निर्माण में जुटे हैं। वह तीसरी बार दीपोत्सव में अपनी कला का योगदान देने पहुंचे हैं। उनके साथ एजाज खां और शानू भी काम कर रहे हैं। रंगों के चयन से लेकर पात्रों की मुद्रा और दृश्य की सजावट तक, कारीगर आपस में चर्चा कर प्रसंग को इस तरह उकेर रहे हैं कि जिससे देखने वालों को रामायण का दृश्य सजीव नजर आए।
जावेद बताते हैं कि बेशक धर्म अलग-अलग हैं, लेकिन ईश्वर एक है। वह राम और रहीम में भेद नहीं मानते। उनके लिए कला की कोई धार्मिक सीमा नहीं है। श्रद्धा, मेहनत व समर्पण से रामायण की झांकियां तैयार कर रहे हैं। पहली बार दीपोत्सव में आए मुरादाबाद के शाहिद रामनगरी की भव्यता से उत्साहित हैं। कहते हैं कि अयोध्या चमक रही है। बरेली के गजरौला और शाहजहांपुर के इंतजार भी झांकियों के फ्रेम तैयार करने और सजाने में लगे हैं।
बताया कि केवल काम पूरा करने की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि ऐसी कलाकृति तैयार करने का अवसर है, जिसे हजारों लोग देखेंगे। हर आकृति को नाप-जोखकर बनाया जा रहा है और छोटी से छोटी कमी को भी दूर करने का प्रयास किया जा रहा है। झांकियों का निर्माण कर रहीं विविड इंडिया कंपनी की निदेशक सवीना जेटली ने बताया कि रामनगरी की यह रोशनी आस्था के साथ आपसी विश्वास और भाईचारे का उजास भी फैलाएगी।
राम की पैड़ी पर परिवार संग दीप जलाएंगे इकबाल
दीपोत्सव में सामाजिक सौहार्द की एक और तस्वीर दिखाई देगी। बाबरी मस्जिद के पूर्व पक्षकार इकबाल अंसारी ने दीपोत्सव में शामिल होने को लेकर उत्साहित हैं। दैनिक जागरण को उन्होंने बताया कि वह परिवार के साथ राम की पैड़ी पर दीप प्रज्वलित करेंगे। कहा, आयोजन अयोध्या की साझा संस्कृति और आपसी सद्भाव का प्रतीक है। दीपोत्सव से पूरी दुनिया में अयोध्या का नाम रोशन करने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का आभार जताया।
देश और दुनिया की ताजा खबरों के लिए Hindi News देखें। Live Cricket Score , IPO Listings, Shiv Chalisa, राशिफल और दुर्गा चालीसा पर अन्य जानकारी पाएं।