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अयोध्या में 2700 स्थानों पर होगा दुर्गापूजा महोत्सव, 200 जगह पर रामलीला का आयोजन

Published: Sat, 10 Oct 2026 07:47 PM (IST)

अयोध्या में नवरात्र के पहले दिन से 2700 दुर्गापूजा पंडालों और 200 स्थानों पर रामलीला का आयोजन शुरू हो जाएगा। 20 अक्टूबर को प्रतिमाओं की शोभायात्रा निकलेगी।

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HighLights

  1. अयोध्या में 2700 दुर्गापूजा पंडाल, 200 स्थानों पर रामलीला।

  2. 20 अक्टूबर को प्रतिमा शोभायात्रा, 21-22 को राम बारात।

  3. सीवर कार्य पर असंतोष, डीजे ध्वनि नियंत्रण की अपील।

संवाद सूत्र, अयोध्या। नवरात्र के पहले दिन से ही जिले में दुर्गापूजा महोत्सव की धूम शुरू हो जाएगी। जिले में 2700 स्थानों पर दुर्गापूजा पंडालों में मां भगवती की प्रतिमाएं विराजेंगी। नगर क्षेत्र में 31 स्थानों पर रविवार से पूजा पंडाल में देवी अराधना का क्रम शुरू हो जाएगा। शेष स्थानों पर 16 तक पूजा पंडालों में प्रतिमा की स्थापना हो जाएगी।

यह जानकारी केंद्रीय दुर्गापूजा एवं रामलीला समन्वय समिति के अध्यक्ष मनोज जायसवाल ने दी। उन्होंने कहाकि 19 अक्टूबर की रात्रि से प्रतिमाएं जीआइसी मैदान में एकत्र होना शुरू हो जाएंगी।

इसके उपरांत 20 अक्टूबर को शोभायात्रा के रूप में प्रतिमाएं जीआइसी, फतेहगंज, चौक, रिकाबगंज, सिविल लाइन, छावनी क्षेत्र से होते हुए निर्मली कुंड पहुंचेंगी। सभी सरकारी विभागों से समन्वय बनाकर पर्व को बेहतर ढंग से संपन्न कराया जाएगा।

मनोज ने नाका-चौक मार्ग पर चल रहे सीवर एवं पाइप लाइन निर्माण की सुस्त रफ्तार पर असंतोष व्यक्त किया। उन्होंने कहाकि नगर निगम एवं जलनिगम की ओर से कार्य संतोषजनक नहीं है। खराब मार्ग एवं इन विभागों से जुड़े अन्य कार्यों के कारण श्रद्धालुओं को असुविधा का सामना करना पड़ सकता है।

मनोज ने कहाकि अयोध्याधाम के भगवदाचार्य सदन एवं मणिरामदास छावनी, रुदौली के ख्वाजाहाल सहित दस स्थानों पर रामलीला का मंचन शुरू हो चुका है। करम अली का पुरवा सहित कुछ स्थानों पर 15 अक्टूबर से रामलीला आरंभ होकर 20 अक्टूबर तक चलेगी। आगामी 21 एवं 22 अक्टूबर के मध्य राम बारात निकाली जाएगी।

इस बार समितियों से अपील की गई है कि वह रात के बजाय शाम को बरात निकालें, ताकि बाजारों में उनका भव्य स्वागत हो सके। मनोज ने कहाकि समितियों के एडवांस रुपये लेकर फरार हुए मूर्तिकार उत्तम पाल पर प्राथमिकी दर्ज करा दी गई है।

प्रमुख संरक्षक एवं पूर्व पालिकाध्यक्ष विजय गुप्त ने बलरामपुर में डीजे की तेज आवाज से बच्ची के निधन की घटना का उल्लेख किया। उन्होंने कहाकि डीजे की आवाज पर समितियां नियंत्रण रखें। इसकी तेज आवाज हृदय रोगियों के लिए बहुत खतरनाक हैं।

जिला संयोजक गगन जायसवाल ने कहा कि शराब पीकर उपद्रव करने वालों के साथ समितियां सख्ती से निपटा जाए। इसकी सूचना पुलिस एवं केंद्रीय समिति को दी जाए।

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