आगरा, जागरण संवाददाता। शुगर इंडस्ट्री की हालत पहले अच्छी नही थी। 2014 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और 2017 में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुगर इंडस्ट्री को बढ़ावा दिया। आज गन्ने से सिर्फ चीनी नही, सीधे एथेनाल निकालने को सरकार बढावा दे रही है। प्रदेश में आएं और शुगर इंडस्ट्री उद्योग लगाएं। यह बात प्रदेश के गन्ना विकास एवं चीनी मिल राज्यमंत्री संजय सिंह गंगवार ने शनिवार को कही।

यूपी में उद्योगों का परिवेश हुआ बेहतर

वह होटल ताज एवं कन्वेंशन सेंटर में आयोजित शुगर समिट 2022: कांफ्रेंस को संबोधित कर रहे थे। उनका कहना था प्रदेश में उद्योगों को लेकर परिवेश बेहतर हुआ है, देशी-विदेशी निवेशक आने को उत्साहित हैं।

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अभी 35 लाख टन गन्ना इस्तेमाल किया गया

केंद्रीय चीनी, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग संयुक्त सचिव सुबोध सिंह ने बताया कि वर्ष 2022-23 में देश में गन्ने का रिकार्ड 465.05 मिलियन टन उत्पादन अनुमानित है। 2022-23 में गन्ने का उत्पादन 373.46 मिलियन टन, औसत उत्पादन की तुलना में 91.59 मिलियन टन अधिक रहा। एथनाल उत्पादन में गन्ने का उपयोग 2022-23 में मौजूदा सत्र के मुकाबले अधिक होने की उम्मीद है। अगले वर्ष में करीब 45-50 लाख टन गन्ना एथेनाल के लिए इस्तेमाल होने की संभावना है। मौजूदा सत्र में 35 लाख टन गन्ना इस्तेमाल किया गया है।

उद्यमियों ने किया मंथन

आयोजक कैलाश सिंह ने बताया कि यह समिट चीनी और एथनाल उद्यमियों की पसंदीदा वार्षिक बैठक है। इसमें उद्योग के प्रमुख और देश-विदेशों के व्यापार, निवेश और प्रौद्योगिकी पर व्यापक ध्यान देने के साथ चीनी और एथेनाल बाजार के भविष्य पर चर्चा हुई और उत्कृष्ट नेटवर्किंग मौका मिला।

किया सम्मान

आयोजन में राज्यमंत्री संजय सिंह गंगवार और फिल्म अभिनेत्री संगीता बिजलानी ने विभिन्न श्रेणी के विजेता उद्यमियों को सम्मानित किया। यह अवार्ड उन व्यक्तियों व कंपनियों को दिए गए, जिन्होंने उत्कृष्टता, नैतिक मानकों व कार्पोरेट प्रशासन में मानक स्थापित किए हैं। 

Edited By: Abhishek Saxena

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