निष्क्रिय आधार फिर से होंगे एक्टिव: जन्मतिथि सुधार के लिए नए शपथपत्र नियम, क्या है यूसी क्लाइंट? जिससे तेज होगा काम
गलत जन्मतिथि के कारण निष्क्रिय हुए आधार को सक्रिय करने के लिए वयस्कों और बच्चों हेतु अलग-अलग शपथपत्र निर्धारित किए ...और पढ़ें

सांकेतिक तस्वीर।
HighLights
वयस्कों और बच्चों के लिए अलग-अलग शपथपत्र निर्धारित।
गलत जन्मतिथि के कारण निष्क्रिय आधार होंगे सक्रिय।
आगरा में यूसी क्लाइंट से आधार प्रक्रिया तेज।
जागरण संवाददाता, आगरा। जन्मतिथि के प्रमाण के रूप में गलत या अमान्य दस्तावेज जमा करने अथवा जन्मतिथि संबंधी गलत जानकारी देने के कारण निष्क्रिय हुए आधार को दोबारा सक्रिय कराने के लिए वयस्कों और बच्चों के अलग-अलग शपथपत्र निर्धारित किए गए हैं। इसके लिए वयस्कों को एनेक्सर-3 और बच्चों के मामले में माता-पिता या कानूनी अभिभावक को एनेक्सर-3ए के प्रारूप में शपथपत्र देना होगा। आगरा के आधार सेवा केंद्र में यूसी क्लाइंट की सुविधा उपलब्ध है, जिससे आधार संबंधी प्रक्रिया तेजी से पूरी करने में मदद मिलेगी।
निर्धारित शपथपत्र के अनुसार, आवेदक को यह घोषणा करनी होगी कि आधार नामांकन या अपडेट के दौरान जन्मतिथि के प्रमाण के रूप में अमान्य दस्तावेज जमा किया गया था या जन्मतिथि के संबंध में गलत जानकारी दी गई थी। आवेदक को इसके लिए खेद जताते हुए सही और सत्यापन योग्य जन्मतिथि प्रमाणपत्र देने का वचन भी देना होगा। शपथपत्र में यह भी उल्लेख है कि जन्मतिथि के दस्तावेज में धोखाधड़ी या गलत जानकारी मिलने पर आधार दोबारा निष्क्रिय किया जा सकता है और संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी हो सकती है।
जन्मतिथि के गलत दस्तावेज से निष्क्रिय हुए आधार के लिए वयस्कों-बच्चों के अलग शपथपत्र
बच्चों के मामले में माता-पिता या कानूनी अभिभावक को शपथपत्र देना होगा। इसमें बच्चे के आधार से संबंधित गलत जानकारी या अमान्य जन्मतिथि प्रमाणपत्र के बारे में घोषणा करनी होगी। साथ ही सही दस्तावेज जमा करने और आगे जन्मतिथि में किसी अन्य अपडेट के लिए पात्र नहीं होने संबंधी वचन भी देना होगा।
सही जन्मतिथि प्रमाणपत्र और निर्धारित प्रारूप में शपथपत्र देना होगा जरूरी
दोनों प्रारूपों में कम से कम 10 रुपये के गैर-न्यायिक स्टांप पेपर का उल्लेख है। शपथपत्र पर हस्ताक्षर और सत्यापन न्यायिक मजिस्ट्रेट, कार्यकारी मजिस्ट्रेट या नोटरी पब्लिक के समक्ष कराने का प्रावधान दिया गया है। आवेदकों को प्रक्रिया पूरी करने के लिए निर्धारित प्रारूप और संबंधित दस्तावेजों के साथ अधिकृत आधार केंद्र पर जाना होगा।
यूसी क्लाइंट से तेजी से पूरी होगी प्रक्रिया
यह आधार संबंधी जानकारी अपडेट करने के लिए इस्तेमाल होने वाला साफ्टवेयर है। इसके माध्यम से अधिकृत केंद्र पर निर्धारित प्रक्रिया पूरी की जाती है। उन्होंने बताया कि यूसी क्लाइंट से काम तेजी से होता है। पहले जिस प्रक्रिया में कई दिन लग जाते थे, उसमें अब एक दिन में काम पूरा होने की सुविधा मिल सकती है।
हालांकि, वास्तविक समय आवेदन के प्रकार, दस्तावेजों के सत्यापन और संबंधित प्रक्रिया पर निर्भर करेगा। आवेदकों को आधार केंद्र जाने से पहले जरूरी दस्तावेज तैयार रखने चाहिए। साथ ही यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उनके मामले में जन्मतिथि से संबंधित यही प्रक्रिया लागू होती है या नहीं।
क्या है यूसी क्लाइंट?
यूसी क्लाइंट यानी अपडेट क्लाइंट आधार से जुड़ी जानकारी अपडेट करने के लिए अधिकृत केंद्रों पर इस्तेमाल होने वाला साफ्टवेयर है। इसके माध्यम से निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार आवेदक का विवरण दर्ज किया जाता है और आवश्यक बायोमीट्रिक जानकारी ली जा सकती है। इसमें अंगुलियों के निशान, आंखों की पुतलियों का स्कैन और फोटो शामिल हो सकते हैं। आगरा आधार सेवा केंद्र में इसकी सुविधा उपलब्ध होने की पुष्टि केंद्र के सेंट्रल आपरेशन मैनेजर विशाल दीप ने की है।
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वयस्कों और बच्चों के लिए अलग प्रारूप
- वयस्कों के लिए: एनेक्सर-3 में आवेदक को जन्मतिथि संबंधी गलत जानकारी या अमान्य दस्तावेज जमा करने के संबंध में घोषणा करनी होगी।
- बच्चों के लिए: एनेक्सर-3ए में माता-पिता या कानूनी अभिभावक को बच्चे की ओर से शपथपत्र देना होगा।
- स्टांप पेपर: दोनों प्रारूपों में कम से कम 10 रुपये के गैर-न्यायिक स्टांप पेपर का उल्लेख है।
- सही प्रमाणपत्र: जन्मतिथि के समर्थन में वास्तविक, सही और सत्यापन योग्य दस्तावेज देना होगा।
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आगरा आधार सेवा केंद्र पर यूसी क्लाइंट की सुविधा उपलब्ध है। इसके जरिए आधार से जुड़ी प्रक्रिया तेजी से पूरी करने में मदद मिलती है। पहले जिस प्रक्रिया में कई दिन लग जाते थे, उसमें अब एक दिन में काम पूरा होने की सुविधा मिल सकती है। आवेदकों को अपने मामले के अनुसार निर्धारित दस्तावेजों के साथ केंद्र पर आना चाहिए। प्रक्रिया पूरी होने का समय आवेदन और दस्तावेजों के सत्यापन पर निर्भर करता है।
