नई दिल्ली (टेक डेस्क)। स्मार्टफोन्स पर आए दिन मालवेयर अटैक का खतरा बढ़ता जा रहा है। यूजर्स के फोन में उनका निजी डाटा जैसे फोटोज, वीडियोज और डॉक्यूमेंट्स सेव रहते हैं। ऐसे में प्राइवेसी और डाटा चोरी होने का खतरा बना रहता है। गूगल प्ले स्टोर में कई ऐसी ऐप्स मौजूद हैं जो मालवेयर से प्रभावित हैं। गूगल, सिक्योरिटी एक्सपर्ट्स को एंड्रॉयड एप्स में कमी ढूंढने के लिए इनाम देता है। एक्सपर्ट्स को ऐप्स में मौजूद बग को ढूंढ कर रीमूव करना होगा। इसके लिए उन्हें 100 से लेकर 31,337 डॉलर तक यानी करीब 22 लाख रुपये (अधिकतम) दिए जाएंगे।

जानें बग बाउंटी प्रोग्राम के बारे में:

इस प्रोग्राम को गूगल ने वर्ष 2010 में पेश किया था। इसके लिए गूगल ने हैकरॉन के साथ साझेदारी की है। आपको बता दें कि यह एक बग बाउंटी प्रोग्राम मैनेजमेंट वेबसाइट है। हैकरॉन उन ऐप्स को टारगेट करती है जो वायरस से प्रभावित होती हैं। ऐसी ऐप्स डिवाइस में वायरस को इंस्टॉल कर सकती हैं। गूगल प्ले एप्स और गेम्स के प्रोडक्ट मैनेजमेंट के डायरेक्टर विनीत बच ने कहा था कि कोई भी सॉफ्टवेयर स्कैन, ऐप्स में मौजूद किसी कमी को एक व्यक्ति से बेहतर नहीं ढूंढ सकता है। इस प्रोग्राम के जरिए गूगल प्ले स्टोर में मौजूद ऐप्स पहले से ज्यादा सुरक्षित हो जाएंगी। 

इस तरह मिलेगा इनाम:

यह साइबर सिक्योरिटी के लिए सबसे बड़ा प्लेटफॉर्म है। कोई भी रिसर्चर किसी भी ऐप में खामी ढूंढ कर डेवलपर से संपर्क कर सकता है। इसके बाद डेवलपर इस खामी को ठीक करने का काम करेगा। जैसे ही ऐप से बग को हटा दिया जाता है तो रिसर्चर को बोनस बाउंटी के लिए गूगल प्ले सिक्योरिटी से अपील करना होगा। ऐसा करने से रिसर्चर को उसका इनाम दे दिया जाता है।

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Posted By: Shilpa Srivastava