यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 12, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
महामंडलेश्वर बनने के लिए होती है कठिन परीक्षा, जानें क्या है इसकी प्रक्रिया?
प्रयागराज में महाकुंभ मेले का समापन 26 फरवरी यानी महाशिवरात्रि के दिन होगा। इस दिन महाकुंभ का आखिरी अमृत स्नान ...और पढ़ें

HighLights
- महामंडलेश्वर बनने के लिए कठिन परीक्षा होती है।
- इसके लिए नियम का पालन करना पड़ता है।
- गलती होने पर महामंडलेश्वर को अखाड़े को निकाल दिया जाता है।
धर्म डेस्क, नई दिल्ली। Mahakumbh Mela 2025: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में महाकुंभ मेला जारी है। अभी तक करोड़ों में श्रद्धालु संगम में आस्था की डुबकी लगा चुके हैं और कुछ तो अभी संगम स्नान के लिए पहुंच रहे हैं। इस दौरान संगम नगरी में बेहद खास रौनक देखने को मिल रही है। धार्मिक मान्यता है कि संगम में स्नान करने से व्यक्ति को सभी तरह के पापों से छुटकारा मिलता है और आत्मा को शांति मिलती है। महाकुंभ में साधु संतों के कई अखाड़े देखने को मिलते हैं।
अखाड़े में महामंडलेश्वर के पद का विशेष महत्व है। महामंडलेश्वर का पद सुख और शांति वाला होता है। महामंडलेश्वर के द्वारा गलत काम होने पर उसे अखाड़े से निकाल दिया जाता है। क्या आप जानते हैं कि अखाड़ों में कैसे बनते हैं महामंडलेश्वर? साथ ही इस पद को पाने के लिए कौन-से नियम का पालन करना पड़ता है? अगर नहीं पता, तो ऐसे हम आपको बताएंगे महामंडलेश्वर (how to become a Mahamandaleshwar) बनने की प्रक्रिया के बारे में।
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(Pic Credit-AI)
कैसे बनते हैं महामंडलेश्वर
महामंडलेश्वर (Mahamandaleshwar process in India) बनने के लिए व्यक्ति को आचार्य या फिर शास्त्री का होना बेहद आवश्यक होता है। महामंडलेश्वर पद के लिए चुनने के लिए इस बात की जानकारी प्राप्त की जाती है कि व्यक्ति का किस मठ से संबंध है। साथ ही जिस समूह से जुड़ा है। वहां समाज के हित के लिए काम होते हैं या नहीं? इसके अलावा 10 से 12 वर्षों तक कथा का पाठ करने की योग्यता होनी चाहिए। महामंडलेश्वर बनने के लिए बेहद कठिन नियम का पालन करना पड़ता है। महामंडलेश्वर पद के लिए चयन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद व्यक्ति को सन्यास लेना पड़ता है। साथ ही उन्हें अपना स्वयं ही पिंडदान करना पड़ता है।
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महामंडलेश्वर पद की शर्तें
- व्यक्ति साधु होना चाहिए।
- वेद का ज्ञान होना चाहिए।
- व्यवहार अच्छा होना चाहिए।
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महामंडलेश्वर बनने पर इन चीजों पर रहती है पाबंदी
- घर और समाज के लोगों से दूर रहना पड़ता है।
- आपराधिक व्यक्ति से महामंडलेश्वर का किसी भी तरह का कोई संबंध नहीं होना चाहिए।
- महामंडलेश्वर पद मिलने के बाद जीवन में कभी भी कोई गलत काम नहीं करना चाहिए। ऐसा करने से महामंडलेश्वर के पद से हटा दिया जाता है।
- मांस-मदिरा के सेवन से दूरी बनाकर रखनी चाहिए।
- किसी की संपत्ति पर कब्जा नहीं करना चाहिए।
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