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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 17, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Bhadrapada Purnima 2024 पर लगा साल का अंतिम चंद्र ग्रहण, अब इन राशियों को रहना होगा सतर्क

By Pravin KumarEdited By: Pravin Kumar
Published: Tue, 17 Sep 2024 07:49 PM (IST)Updated: Wed, 18 Sep 2024 09:24 AM (IST)

सनातन शास्त्रों की मानें तो ग्रहण के दौरान राहु (Bhadrapada Purnima 2024 Chandragrahan) का प्रभाव धरती पर बढ़ जाता है। ...और पढ़ें

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HighLights

  1. साल का आखिरी सूर्य ग्रहण 02 अक्टूबर को लगेगा।
  2. साल का आखिरी चंद्र ग्रहण 18 सितंबर को लगा।
  3. चंद्र ग्रहण के दौरान कोई भी शुभ कार्य बिल्कुल न करें।

धर्म डेस्क, नई दिल्ली। साल का आखिरी चंद्र ग्रहण आज यानी 18 सितंबर को लगा। चंद्र ग्रहण पूर्णिमा तिथि पर लगता है। ग्रहण के दौरान पृथ्वी पर मायावी ग्रह राहु का असर अधिक रहता है। इसके लिए ग्रहण के समय खाने पीने से लेकर शुभ कार्य करने की मनाही होती है। इसके साथ ही गर्भवती महिलाओं को सेहत का विशेष ध्यान रखना चाहिए। ग्रहण काल में बाहर नहीं जाना चाहिए। ज्योतिषियों की मानें तो चंद्र ग्रहण के दिन 4 राशि के जातकों को सावधान रहने की जरूरत है। इन 4 राशियों (Zodiac Sign Caution) पर राहु का विपरीत प्रभाव पड़ सकता है। आइए जानते हैं-

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कर्क राशि

ज्योतिषियों की मानें तो कर्क और सिंह राशि के जातकों को ग्रहण के दौरान विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। कर्क राशि के स्वामी मन के कारक चंद्र देव हैं। वहीं, सिंह राशि के जातकों के स्वामी आत्मा के कारक सूर्य देव हैं। सूर्य और राहु के मध्य शुत्रवत संबंध है। वहीं, चंद्रमा के साथ भी राहु का दोस्ताना संबंध नहीं है। इसके लिए राहु-केतु से हमेशा दोनों राशि के जातकों को सावधान रहना चाहिए। ग्रहण के दौरान किसी से विवाद न करें। न ही किसी का दिल दुखाएं। निवेश करने से बचें। कोई भी शुभ कार्य न करें। ग्रहण के दौरान आवश्यकता होने पर घर से बाहर निकलें। चंद्र ग्रहण के दिन किसी को उधार न दें। तामसिक भोजन से परहेज करें। ग्रहण से बचाव के लिए शिव पंचाक्षरी मंत्र का जप करें। वहीं, ग्रहण के बाद स्नान-ध्यान कर भक्ति भाव से भगवान शिव की पूजा करें। इसके बाद दान-पुण्य अवश्य करें।

कन्या राशि

आत्मा के कारक सूर्य देव ने कन्या राशि में गोचर किया है। इस राशि में पूर्व से केतु विराजमान है। इसके लिए सूर्य और केतु की युति बन रही है। सूर्य और केतु की युति से कन्या राशि के जातकों पर विपरीत प्रभाव पड़ सकता है। अत: ग्रहण के दौरान कन्या राशि के जातकों को सावधान रहने की आवश्यकता है। मानसिक तनाव की समस्या हो सकती है। विचारों में भी मतभेद देखने को मिल सकता है। यात्रा के दौरान सावधानी बरतें। शुभ कार्य की शुरुआत न करें। निवेश करने से बचें। ग्रहण के दौरान गणेश जी के नामों का मंत्र जप करें।

मीन राशि

ज्योतिषीय गणना के अनुसार, 18 सितंबर को चंद्र देव मीन राशि में गोचर करेंगे। इस राशि में पूर्व से राहु विराजमान हैं। इसके चलते मीन राशि के लग्न भाव में चंद्र और राहु की युति बन रही है। अत: मीन राशि के जातक चंद्र ग्रहण के दिन विशेष सावधानी बरतें। किसी से विवाद न करें और न ही किसी विवाद में फंसे। अपनी वाणी पर कंट्रोल रखें। किसी के प्रति बुरा न सोचें। तामसिक भोजन का सेवन न करें। ग्रहण के दौरान यात्रा करने से बचें। कारोबार में किसी को उधार न दें। अगले दो दिनों तक सोच-समझकर फैसले लें। निवेश करने से पहले घर के बड़े-वृद्ध से अवश्य सलाह लें। शारदीय नवरात्र से शुभ कार्य की शुरुआत करें।  

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अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण तथा जागरण न्यू मीडिया अंधविश्वास के खिलाफ है।