पंजाब कांग्रेस का राजा वडिंग के नेतृत्व में प्रदर्शन, मुख्य चुनाव आयुक्त पर FIR की मांग; चरणजीत चन्नी नदारद
मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ कार्रवाई और FIR की मांग को लेकर पंजाब कांग्रेस शुक्रवार को चंडीगढ़ में राजा वड़िंग ...और पढ़ें
HighLights
पंजाब कांग्रेस ने मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन किया।
अमरिंदर सिंह राजा वडिंग ने FIR और गिरफ्तारी की मांग की।
प्रदर्शन में पूर्व सीएम चरणजीत चन्नी की अनुपस्थिति दिखी।
डॉ. सुमित सिंह श्योराण, चंडीगढ़। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर पंजाब कांग्रेस शुक्रवार को चंडीगढ़ में प्रदर्शन कर रही है। पंजाब कांग्रेस के प्रधान अमरिंदर सिंह राजा वडिंग की अगुवाई में पार्टी नेता और कार्यकर्ता सेक्टर-17 स्थित चुनाव आयोग कार्यालय तक विरोध मार्च निकाल रहे हैं, लेकिन इसमें पूर्व सीएम चरणजीत सिंह चन्नी नदारद हैं।
पार्टी की ओर से जारी कार्यक्रम के अनुसार प्रदर्शन सुबह 11 बजे सेक्टर-17 में भारतीय रिजर्व बैंक कार्यालय के पास से शुरू हुआ। पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने मुख्य चुनाव आयुक्त को पद से हटाने, उनके खिलाफFIR दर्ज करने और गिरफ्तारी की मांग की है।
कांग्रेस का आरोप है कि चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूचियों से जुड़े मामलों में पारदर्शिता को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। ये कांग्रेस की ओर से लगाए गए आरोप और मांगें हैं, जबकि चुनाव आयोग ने अपने स्तर पर प्रक्रिया से जुड़े निर्णयों को नियमों के अनुरूप और सर्वसम्मत बताया है। पार्टी इसे चुनाव प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों पर अपना विरोध दर्ज कराने के बड़े कार्यक्रम के रूप में देख रही है।
यह भी पढ़ें- कैप्टन अमरिंदर सिंह का BJP से मोहभंग! कहा- 4 साल में कुछ नहीं मिला, कांग्रेस वापसी और चुनाव लड़ने को लेकर क्या बोले?

दैनिक जागरण की टीम से बातचीत करते हुए विधायक प्रगट सिंह।
मतदाता सूची पुनरीक्षण पर भी सवाल
पंजाब कांग्रेस विशेष गहन पुनरीक्षण को लेकर भी लगातार सवाल उठा रही है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने विधानसभा चुनाव तक विशेष गहन पुनरीक्षण रोकने और पिछली मतदाता सूचियों के आधार पर चुनाव कराने की मांग की है।
कांग्रेस की ओर से यह प्रदर्शन ऐसे समय किया जा रहा है, जब चुनाव आयोग के भीतर विशेष गहन पुनरीक्षण समेत कुछ प्रक्रियाओं को लेकर आयुक्तों की आपत्तियों की रिपोर्ट सामने आई है। चुनाव आयोग ने कहा है कि तकनीकी टिप्पणियां और सवाल बहुसदस्यीय संस्था की सामान्य कार्यप्रणाली का हिस्सा हैं तथा विशेष गहन पुनरीक्षण से जुड़े अंतिम निर्णय तीनों आयुक्तों की सहमति से लिए गए हैं।
यह भी पढ़ें- पंजाब कांग्रेस में खत्म होगी गुटबाजी! दिल्ली में एक मंच पर दिखेंगे बड़े नेता; सचिन पायलट की मौजूदगी में बैठक पर नजर
चन्नी की गैराहजरी पर उठे सवाल
सचिन पायलट के पंजाब प्रभारी बनने के बाद ये दूसरा सबसे बड़ा प्रदर्शन है। उनकी नियुक्ति पार्टी के भीतर कलह को शांत करने व सभी नेताओं को एक मंच पर लाने की है। कुछ दिन पहले मंत्री हरपाल सिंह चीमा के निवास को घेरने के दौरान सचिन पायलट सभी नेताओं को एक मंच पर लाने में सफल तो रहे, लेकिन राजा वडिंग के नेतृत्व में हो रहे इस प्रदर्शन में कांग्रेस के सीनियर नेता एक बार फिर दूर-दूर नजर आ रहे हैं।
