अमृतसर में नहर का पानी रिहायशी इलाकों में घुसा, लोगों का फूटा गुस्सा; आरोप- पाइप लाइन बिछाने में हुई अनदेखी
पाइपलाइन बिछाने के कार्य के दौरान नहर का पानी रिहायशी इलाके में घुस गया। अचानक जलभराव से लोगों में अफरातफरी ...और पढ़ें

नहर का पानी सड़क के नीचे से रिहायशी इलाकों में बह रहा है।
HighLights
पाइप लाइन बिछाते समय नहर का पानी रिहायशी इलाकों में घुसा।
कोट मित्त सिंह और आसपास के क्षेत्रों में अफरातफरी मची।
निवासियों ने पानी रोकने के इंतजामों में लापरवाही का आरोप लगाया।
जागरण संवाददाता, अमृतसर। अमृतसर-तरनतारन रोड स्थित अपर दोआब नहर से जलापूर्ति के लिए पाइप लाइन डालने का काम शनिवार तड़के आसपास के इलाकों के लोगों के लिए परेशानी का कारण बन गया। पाइप लाइन डालने के दौरान नहर का पानी कोट मित्त सिंह और आसपास के रिहायशी क्षेत्रों में दाखिल हो गया। अचानक पानी आने से लोगों में अफरातफरी मच गई।
घटना के बाद इलाके के लोगों में रोष पाया जा रहा है। संबंधित विभाग के अधिकारी और कर्मचारी मौके पर पहुंचकर पानी को नियंत्रित करने और निकासी के प्रयासों में जुट गए। जानकारी के अनुसार, जलापूर्ति के लिए एलएंडटी कंपनी की ओर से अपर दोआब नहर के नीचे पाइप लाइन डालने का काम किया जा रहा था। इसी दौरान नहर का पानी आसपास के क्षेत्रों की ओर बढ़ने लगा। कुछ ही समय में पानी कोट मित्त सिंह और नजदीकी इलाकों में दाखिल हो गया।
अचानक पानी आने से स्थानीय लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। लोगों को समझ नहीं आया कि नहर का पानी किस तरह रिहायशी क्षेत्र की ओर पहुंच गया। घटना की जानकारी मिलने के बाद संबंधित विभाग के अधिकारियों को मौके पर बुलाया गया।
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पानी रोकने के इंतजाम पर उठे सवाल
इलाका निवासियों ने आरोप लगाया कि पाइप लाइन डालने के काम से पहले नहर के पानी को रोकने और उसकी निकासी के पर्याप्त प्रबंध नहीं किए गए थे। उनका कहना है कि यदि काम शुरू करने से पहले पानी के बहाव को नियंत्रित करने और निकासी के पुख्ता इंतजाम किए जाते तो ऐसी स्थिति पैदा नहीं होती।
लोगों ने कहा कि पाइप लाइन डालने जैसे कार्यों के दौरान आसपास के रिहायशी क्षेत्रों की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखा जाना चाहिए। नहर का पानी अचानक इलाकों में पहुंचने से लोगों को परेशानी हुई और व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े हुए।
अधिकारी मौके पर पहुंचे, निकासी जारी
नहर का पानी इलाके में दाखिल होने की सूचना मिलने के बाद संबंधित विभाग के अधिकारी और कर्मचारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों की निगरानी में पानी के बहाव को नियंत्रित करने और प्रभावित क्षेत्रों से पानी निकालने के प्रयास शुरू किए गए। मौके पर राहत कार्य जारी रहे।
अधिकारियों की ओर से पानी की निकासी के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं, ताकि प्रभावित क्षेत्रों में जमा पानी को जल्द हटाया जा सके। पानी के बहाव को नियंत्रित करने के साथ ही स्थिति को सामान्य बनाने का प्रयास किया जा रहा है।
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लोगों ने स्थायी इंतजाम की मांग की
इलाका निवासियों ने मांग की कि पाइप लाइन डालने का काम करते समय पानी की निकासी और रोकथाम के पुख्ता प्रबंध किए जाएं। उन्होंने कहा कि किसी भी निर्माण कार्य से पहले संभावित जोखिमों को ध्यान में रखना जरूरी है, ताकि आसपास रहने वाले लोगों को परेशानी न हो।
लोगों ने संबंधित विभाग से भविष्य में ऐसे कार्यों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने और रिहायशी क्षेत्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की। उनका कहना है कि काम के दौरान उचित निगरानी और पानी की निकासी के प्रबंध होने से इस तरह की स्थिति से बचा जा सकता है।
