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आनंदपुर साहिब मामले की CBI जांच चाहते हैं प्रधान हरजिंदर धामी, 3 दिन में राज्यपाल से मिलेगा SGPC शिष्टमंडल

Published: Wed, 30 Sep 2026 04:20 PM (GMT+05:30)

एसजीपीसी प्रधान हरजिंदर सिंह धामी ने श्री आनंदपुर साहिब मामले की सीबीआई जांच की मांग की है। तीन दिन में ...और पढ़ें

एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी।

एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी।

HighLights

  1. SGPC प्रधान धामी ने आनंदपुर साहिब मामले की CBI जांच मांगी।

  2. तीन दिन में SGPC शिष्टमंडल राज्यपाल से मिलकर मांग रखेगा।

  3. मामले की निष्पक्ष जांच के लिए SGPC ने कमेटी बनाई है।

जागरण संवाददाता, अमृतसर। श्री आनंदपुर साहिब से जुड़े मामले की जांच सीबीआई से कराने की मांग को लेकर शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के प्रधान एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी ने पंजाब सरकार से जवाब मांगा है। शिरोमणि कमेटी की अंतरिम कमेटी की बैठक के बाद धामी ने कहा कि इस मामले की निष्पक्ष जांच के लिए शिरोमणि कमेटी की ओर से पांच सदस्यीय जांच कमेटी बनाई गई है।

अब तीन दिन के भीतर शिरोमणि कमेटी का एक शिष्टमंडल पंजाब के राज्यपाल से मुलाकात कर सीबीआई जांच की मांग करेगा। श्री आनंदपुर साहिब से जुड़े मामले में पुलिस की ओर से जांच चल रही है। वहीं शिरोमणि कमेटी ने भी विभागीय स्तर पर जांच कमेटी गठित की है। हाल में शिरोमणि कमेटी ने मामले के विभिन्न पहलुओं की जांच के लिए सदस्यों की कमेटी बनाई थी, जिसे रिपोर्ट देने के लिए समय दिया गया है।

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इंटरनेट मीडिया पर चल रही चर्चा पर जताई आपत्ति

धामी ने कहा कि जब तक अदालत की ओर से किसी मामले में फैसला नहीं आता, तब तक किसी को दोषी ठहराना उचित नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि शिरोमणि कमेटी और उनके खिलाफ गलत प्रचार किया जा रहा है और धरने लगाए जा रहे हैं।

उन्होंने कहा कि यह मामला इंटरनेट मीडिया पर चलने वाली बहस का विषय नहीं, बल्कि पुलिस जांच का विषय है। प्रदर्शन कर रहे लोगों से उन्होंने कहा कि वे जब चाहें उनसे मिलकर अपना पक्ष रख सकते हैं। धामी ने यह सवाल भी उठाया कि इन प्रदर्शनों के पीछे कहीं कोई राजनीतिक मंशा तो नहीं है।

इस मामले को लेकर अलग-अलग सिख संगठनों की ओर से भी सवाल उठाए गए हैं। कुछ संगठनों ने शिरोमणि कमेटी की जांच कमेटी की निष्पक्षता पर सवाल उठाते हुए स्वतंत्र जांच की मांग की है।

नशे के खिलाफ गांव-गांव पहुंची संगत

शिरोमणि कमेटी प्रधान ने श्री गुरु हरगोबिंद साहिब के मीरी-पीरी दिवस पर श्री अकाल तख्त साहिब से सजाए गए मीरी-पीरी खालसा मार्च का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि इस मार्च के दौरान करीब एक हजार गांवों तक पहुंचकर संगत से संवाद किया गया।

धामी के अनुसार गांव-गांव और नगर-नगर से पंजाब को नशे से बचाने की आवाज सामने आई। उन्होंने बताया कि संगरूर के एक गांव में लोगों ने उन्हें जानकारी दी कि वहां के करीब 40 युवा नशे की वजह से जान गंवा चुके हैं। उन्होंने कहा कि कई बच्चों ने सिखी से जुड़ने का प्रण भी लिया।

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शिरोमणि कमेटी चुनाव जल्द कराने की मांग

धामी ने सरकार से शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के आम चुनाव की प्रक्रिया जल्द पूरी कराने की भी मांग की। उन्होंने कहा कि चुनाव प्रक्रिया को आगे बढ़ाने से संस्था के निर्वाचित ढांचे को लेकर स्थिति स्पष्ट होगी।

राजोआणा से मुलाकात पर भी दी जानकारी

बलवंत सिंह राजोआणा से मुलाकात के संबंध में धामी ने कहा कि उनके साथ सैद्धांतिक मुद्दों पर विचार-विमर्श हुआ। धामी के अनुसार राजोआणा ने फांसी की सजा के लिए तैयार होने और अपनी सजा को उम्रकैद में बदलने संबंधी याचिका वापस लेने की बात कही है।

राजोआणा से मुलाकात का मुद्दा भी हाल के दिनों में सिख संगठनों और धार्मिक नेताओं के बीच चर्चा में रहा है। हालिया रिपोर्टों में शिरोमणि कमेटी प्रधान हरजिंदर सिंह धामी और अन्य सिख नेताओं की उनसे जेल में मुलाकात का उल्लेख किया गया है।

अब श्री आनंदपुर साहिब मामले में राज्यपाल से प्रस्तावित मुलाकात के बाद सीबीआई जांच की मांग पर क्या रुख सामने आता है, इस पर सभी की नजर रहेगी।

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