ड्रोन से अमरूद के बाग में गिराई जाती थी हेरोइन, एक्टिवा पर ठिकाने लगाती थी पत्नी; अमृतसर में नशा तस्करी का भंडाफोड़
अमृतसर में भारत-पाकिस्तान सीमा पर अटारी के पास एक अमरूद के बाग से हेरोइन और हथियारों की बड़ी खेप बरामद हुई है।
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अमृतसर में अमरूद के बाग में गिराई जा रही थी हथियार और हेरोइन की खेप।
HighLights
अटारी सीमा पर अमरूद बाग से हेरोइन, हथियार बरामद
संदीप सिंह, पत्नी, भाई गिरफ्तार; ISI से संबंध
AK-56, AK-47, 10 किलो हेरोइन जब्त की गई
जागरण संवाददाता, अमृतसर। भारत-पाकिस्तान सीमा पर स्थित अटारी के पास अमरूद के बाग में हेरोइन और हथियारों की खेप पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई द्वारा गिराए जा रहे थे।मामले में किंग पिन संदीप सिंह ने बड़ी चालाकी के साथ इस साल अमरूद के बाग का लेबर का कांट्रेक्ट ले लिया था।
आईजी गुरप्रीत सिंह भुल्लर, एसएसपी कंवलप्रीत सिंह चाहल ने सोमवार की शाम पुलिस लाइन में आयोजित की गई प्रेस कांफ्रेंस में बताया कि थाना घरिंडा की पुलिस ने बराड़ी गांव निवासी संदीप सिंह, उसकी पत्नी कमलजीत कौर और उसके भाई बिक्रमजीत सिंह के कब्जे से एक एके - 56, एक एके-47, चार मैगजीन, दस कारतूस और दस किलो हेरोइन बरामद की है।
तस्करी में शामिल था पूरा परिवार
आईजी ने बताया कि सारा परिवार ही हेरोइन और हथियारों की तस्करी में शामिल था। संदीप सिंह ने तीन साल पहले योजना बनाई थी कि वह आने वाले दिनों में अटारी सेक्टर स्थित भारत पाकिस्तान सीमा के साथ सटे इलाके में बने अमरूद के बाग में मजदूरी का ठेका ले लेगा। इससे पहले संदीप सिंह के खिलाफ साल 2022 में असलहा एक्ट के आरोप में गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।

वहीं, से आरोपित के संपर्क पाक तस्करों और विदेश बैठे आईएसआई हैंडलर के साथ बने थे। जमानत पर लौटने के बाद संदीप के खिलाफ साल 2025 में चोरी का मामला दर्ज किया गया और अगस्त और सितंबर महीने में घरिंडा और लोपोके थाने में पांच पांच किलो हेरोइन के मामले दर्ज हो चुके हैं। संदीप सिंह के गिरोह के आधा दर्जन सदस्य पहले भी गिरफ्तार हो चुके हैं।
पाकिस्तानी तस्करों के इशारे पर गिराई जाती थी हेरोइन और हथियारों की खेप
आईजी ने बताया कि अमरूद के बाग काफी घना है और वहां पाकिस्तानी तस्करों के इशारे पर ड्रोन के जरिए हेरोइन और हथियारों की खेप गिराई जा रही थी। फिर वहां से चुपचाप संदीप और उसकी पत्नी कमलजीत कौर आसानी से कन्साइनमेंट उठाते और उसे ठिकाने लगा देते थे।
कभी कार तो कभी एक्टिवा पर लगाते थे ठिकाना
आईजी ने बताया कि दोनों दंपति कभी कार तो कभी एक्टिवा पर यह सारा अवैध कारोबार करने लगे थे। किसी को उनकी गतिविधियों पर किसी तरह का संदेह नहीं हुआ था। फिलहाल तीनों आरोपितों के मोबाइल की फोरेंसिक जांच करवाई जा रही है।
एसएसपी कंवलप्रीत सिंह चाहल ने बताया कि सारे मामले को संदीप सिंह ही आपरेट कर रहा था। उसके इशारे पर ही हथियार और हेरोइन आगे सप्लाई की जा रही थी।
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