नई दिल्ली, एजेंसियां। सुप्रीम कोर्ट ने असम के राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (NRC) के समन्वयक प्रतीक हजेला को अधिकतम संभव समय के लिए उनके गृह राज्य मध्य प्रदेश प्रतिनियुक्ति पर भेजने का आदेश दिया है। केंद्र और राज्य सरकारों को जारी निर्देश में शीर्ष अदालत ने तबादला आदेश का कारण तो नहीं बताया है, लेकिन माना जा रहा है कि हजेला के जीवन को खतरे की आशंका में यह आदेश आया है।

प्रधान न्यायाधीश जस्टिस रंजन गोगोई, जस्टिस एसए बोबडे और जस्टिस आरएफ नरीमन की विशेष पीठ ने हजेला को अंतर-कैडर तबादले के तहत प्रतिनियुक्ति पर भेजने का आदेश दिया है। केंद्र की तरफ से पेश अटॉर्नी जनरल केके वेणुगोपाल ने जब इसका कारण जानना चाहा तो प्रधान न्यायाधीश गोगोई ने कहा, 'क्या कोई आदेश बिना वजह या कारण के पास किया जा सकता है।'

NRC को अंतिम रूप देने की संभाली थी जिम्मेदारी

असम-मेघालय कैडर के 1995 बैच के आइएएस अधिकारी हजेला NRC को अंतिम रूप देने और उसके प्रकाशन की जिम्मेदारी संभाल रहे थे। 31 अगस्त को एनआरसी का अंतिम प्रारूप जारी किया गया था, जिसमें तीन करोड़ 30 लाख की आबादी में से 19 लाख से ज्यादा लोग बाहर हो गए थे। इनमें वो लोग भी शामिल हैं जिन्होंने भारतीय नागरिक होने के संबंध में कोई दस्तावेज जमा नहीं कराए थे।

केंद्र के साथ ही असम की भाजपा सरकार ने भी दावा किया है कि बड़ी संख्या में असली भारतीय नागरिकों को एनआरसी में जगह नहीं मिली है। जबकि अवैध बांग्लादेशी घुसपैठियों को इसमें शामिल कर लिया गया है।

हजेला पर खतरे को लेकर रिपोर्ट नहीं मांगी गई : असम पुलिस

इस बीच, असम के पुलिस महानिरीक्षक (विशेष शाखा) हिरेन नाथ ने पीटीआइ से कहा कि हजेला को खतरे को लेकर असम पुलिस से कोई रिपोर्ट नहीं मांगी गई है। उन्होंने यह भी कहा कि असम पुलिस को हजेला के जीवन को खतरे को लेकर कोई जानकारी भी नहीं है।

हिरेन नाथ ने कहा कि सोशल मीडिया पर हजेला की आलोचना जरूर हो रही है। असम में कई सारे संगठनों ने एनआरसी और उसके राज्य समन्वयक हजेला के खिलाफ बयानबाजी की है। हजेला के खिलाफ कई एफआइआर भी दर्ज की गई है। इस संबंध में हजेला की प्रतिक्रिया जानने की कोशिश की गई, लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो सका। सुप्रीम कोर्ट ने हजेला को एनआरसी समन्वयक नियुक्त किया था।

यह भी पढ़ें: NRC:बंगाल में एनआरसी के लिए पीएम को एक करोड़ पोस्टकार्ड भेजेगी भाजपा, एक नवंबर से शुरू होगा अभियान

Posted By: Pooja Singh

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस