विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

मुंबई में मानसून में देरी से तपिश और बढ़ी, आसमान छू रहे अंडे और सब्जियों के दाम

Published: Sun, 21 Jun 2026 03:35 PM (GMT+05:30)

लू और मॉनसून में देरी के कारण मुंबई में अंडे और सब्जियों की कीमतों में भारी बढ़ोतरी हुई है। उत्पादन ...और पढ़ें

अंडे और सब्जियों को दाम फिर बढ़े।

अंडे और सब्जियों को दाम फिर बढ़े।

HighLights

  1. अंडे 90-96 रुपये प्रति दर्जन, सब्जियां 100-200 रुपये प्रति किलो।

  2. भीषण गर्मी से उत्पादन घटा, पक्षियों की मृत्यु दर बढ़ी।

  3. मॉनसून में देरी और परिवहन लागत भी दाम बढ़ने का कारण।

डिजिटल डेस्क, मुंबई। अभी चल रही लू और मॉनसून में देरी की वजह से अंडे और सब्जियों की कीमतों में काफी बढ़ोतरी हुई है। कुछ हफ्ते पहले अंडे की कीमत 74-80 रुपये प्रति दर्जन तक गिर गई थी, लेकिन अब यह बढ़कर 90-96 रुपये प्रति दर्जन हो गई है।

भीषण गर्मी के कारण उत्पादन कम हुआ है और पक्षियों की मौत की दर बढ़ गई है, जिससे मांग और आपूर्ति में असंतुलन पैदा हो गया है। फिलहाल, फूलगोभी, बीन्स, भिंडी और लौकी/तोरई जैसी सब्जियां 100-120 रुपये प्रति किलो बिक रही हैं। ग्वार फली, टिंडा, हरी मटर और फ्रेंच बीन्स की कीमत 160-200 रुपये प्रति किलो है।

अंडे और सब्जियों के दामों में भारी बढ़ोतरी

इसके अलावा, टमाटर 60 रुपये, धनिया 30 रुपये प्रति गुच्छी, पुदीना 20 रुपये और मेथी 25 रुपये की कीमत जेब पर भारी पड़ रही है। शनिवार को अंधेरी के लोखंडवाला कॉम्प्लेक्स में 'ब्रेडक्राफ्ट' ने अंडे 96 रुपये प्रति दर्जन के भाव से बेचे, जबकि पिछले सोमवार को इनकी कीमत 90 रुपये प्रति दर्जन थी। बांद्रा में कीमतें 90 से 96 रुपये के बीच रहीं।

वहीं, ठाणे के कलवा इलाके के एक निवासी ने बताया, "मैंने 90 रुपये प्रति दर्जन के भाव से दो दर्जन अंडे खरीदे। पिछले हफ्ते इनकी कीमत 84 रुपये थी। फल और सब्जियों के दाम भी बढ़ गए हैं।"

क्यों बढ़े दाम?

बांद्रा के एक मर्चेंट ने कहा, "शनिवार को 100 अंडों के लिए NECC रेट 710 रुपये था। मांग के मुकाबले सप्लाई कम है। पोल्ट्री फार्मों पर भीषण गर्मी का असर पड़ा है। मुर्गी का दाना बहुत महंगा हो गया है और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी से ट्रांसपोर्टेशन का खर्च भी बढ़ गया है।"

नागपाड़ा के व्यापारी ने कहा, "बहुत ज्यादा गर्मी से उत्पादन घट जाता है। मुर्गियों के मरने की दर भी बढ़ जाती है। इसलिए अंडों की कीमतें बढ़ जाती हैं। हमारी दुकान पर रिटेल रेट 90 रुपये प्रति दर्जन है।"

सब्जियों की बात करें तो ग्वार फली का खुदरा भाव 150 रुपये से बढ़कर 200 रुपये हो गया है। थोक बाजार में फूलगोभी का भाव 30 रुपये से बढ़कर 40 रुपये हो गया है, जबकि खुदरा भाव 70-80 रुपये से बढ़कर 100 रुपये हो गया है।

बंदगोभी का खुदरा भाव 40 रुपये पर स्थिर है। थोक बाजार में टमाटर और हरी मिर्च 40 रुपये प्रति किलो मिल रहे हैं, जबकि खुदरा भाव 60-80 रुपये के आसपास हैं। अदरक का थोक भाव एक हफ्ते पहले के 80 रुपये से बढ़कर 100 रुपये प्रति किलो हो गया है, जिससे खुदरा भाव 130 रुपये से बढ़कर 160 रुपये हो गया है।

ट्रेडर्स का क्या कहना है?

ट्रेडर्स का कहना है कि हालात गंभीर हैं क्योंकि सप्लाई चेन में मौसमी रुकावटों, खराब मौसम और ट्रांसपोर्टेशन की ज्यादा लागत की वजह से कीमतें बढ़ रही हैं। बारशी-सोलापुर के किसान पांडुरंग गुल्वे ने बताया कि मॉनसून में देरी की वजह से उन्हें भारी नुकसान हो रहा है।

वेजिटेबल होलसेलर्स एसोसिएशन के प्रेसिडेंट बालासाहेब बडाडे ने कहा, "राज्य में टमाटर की कमी है और रिटेल कीमतें 80-100 रुपये प्रति किलो से ज्यादा हो सकती हैं। ग्वार फली, भिंडी और फूलगोभी की कीमतों में भी काफी बढ़ोतरी देखी जा रही है।"

यह भी पढ़ें: ब्लिंकिट की बढीं मुश्किलें... खराब अंडों की शिकायत पर एफएसएसएआई ने से मांगा जवाब