नई दिल्ली, (जागरण ब्यूरो)। गर्भवती महिलाओं को बेहतर डॉक्टरी सुविधा मुहैया करवाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से चलाया गया विशेष अभियान अब रंग लाने लगा है। देश भर से प्राइवेट डॉक्टर सरकारी अस्पताल आ कर अपनी मुफ्त सेवा देने के लिए आगे आने लगे हैं।

हर महीने की नौ तारीख को गर्भवती महिला को मुफ्त डॉक्टरी जांच उपलब्ध करवाने के लिए चलाए गए 'प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान' (पीएमएसएमवाई) के तहत पिछले हफ्ते तक 17.87 लाख गर्भवती महिलाओं की मासिक जांच की जा चुकी है। केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय में इस कार्यक्रम को देख रही संयुक्त सचिव वंदना गुरनानी कहती हैं, 'इस काम के लिए निजी डॉक्टर भी साथ आ रहे हैं। अब तक 1261 डॉक्टरों ने इस काम के लिए बनाई गई वेबसाइट पर आ कर अपना रजिस्ट्रेशन करवा लिया है। एक तरफ इन्हें उनके इलाके के सीएमओ (मुख्य चिकित्सा अधिकारी) के सारे ब्योरे दिए जा रहे हैं, वहीं सीएमओ को भी उनके सारे ब्योरे दिए जा रहे हैं ताकि दोनों एक-दूसरे से संपर्क कर सकें।'

सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में कुशल डॉक्टरों की कमी को देखते हुए प्रधानमंत्री ने 31 जुलाई को प्रसारित अपने रेडियो कार्यक्रम मन की बात में निजी डॉक्टरों को महीने के एक दिन अपनी मुफ्त सेवा देने की अपील की थी। इसके बाद केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने चार नवंबर को प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान कार्यक्रम शुरू किया था। गुरनानी कहती हैं कि गर्भवती महिलाओं को मिलने वाली एएनसी (गर्भावस्था जांच) सुविधाओं को देश भर में कैंप आधारित सेवा से निकाल कर अस्पताल आधारित बनाना है। अब तक गांव-मुहल्ले में होने वाले स्वास्थ्य और पोषण दिवस (वीएचएनडी) के मौके पर एएनएम की ओर से यह सुविधाएं दी जा रही थीं। इन्हें बंद नहीं किया गया है, लेकिन कोशिश है कि गर्भावस्था के दौरान कम से कम तीन बार उन्हें प्रशिक्षित डॉक्टरों से भी एएनसी जांच का मौका मिले। यहां कोई समस्या पाए जाने पर उनके हेल्थ कार्ड पर लाल, नीले या पीले रंग का स्टीकर चिपका दिया जाता है ताकि उन्हें प्राथमिकता के आधार पर आगे की जांच और इलाज उपलब्ध हो सके।

इस वेबसाइट के जरिए वोलंटियर करने को सामने आने वाले डॉक्टरों में सबसे ज्यादा 243 मध्य प्रदेश से हैं, जबकि 159 डॉक्टरों के साथ महाराष्ट्र दूसरे नंबर पर है। उत्तर प्रदेश से 101, हरियाणा के 75 और दिल्ली के 38 डॉक्टरों ने भी अब तक अपनी सेवा देने का प्रस्ताव किया है। इनमें गायनाकोलॉजिस्ट, रेडियोलॉजिस्ट और सामान्य फिजीशियन शामिल हैं।

एक कॉल पर डॉक्टर, मोबाइल पर दवा

Posted By: Manish Negi