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महाराष्ट्र में 500 करोड़ के ऑडियो लीक से गरमाई सियासत, शिवसेना और BJP नेताओं में छिड़ी जुबानी जंग

Published: Sun, 25 Oct 2026 08:00 AM (IST)

मराठा आरक्षण नेता मनोज जरांगे पाटिल से जुड़े 500 करोड़ रुपये के ऑडियो क्लिप ने महाराष्ट्र की सियासत में हलचल मचा दी है।

महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे(फाइल फोटो)

महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे(फाइल फोटो)

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डिजिटल डेस्क, मुंबई। मराठा आरक्षण आंदोलन के प्रमुख नेता मनोज जरांगे पाटिल द्वारा जारी एक ऑडियो क्लिप ने महाराष्ट्र की सियासत में हलचल तेज कर दी है। इस कथित रिकॉर्डिंग में एक अज्ञात महिला दावा कर रही है कि 2024 के विधानसभा चुनावों से ठीक पहले बीजेपी की ओर से शिवसेना सांसद श्रीकांत शिंदे के जरिए मनोज जरांगे को 500 करोड़ रुपये भेजे गए थे।

हालांकि, जरांगे पाटिल ने इस तरह की किसी भी रकम की मांग करने या मिलने से साफ इनकार किया है, जिससे इस आरोप के केंद्र में आए श्रीकांत शिंदे और महायुति गठबंधन के भीतर खींचतान शुरू हो गई है।

साजिश के आरोप पर सहयोगियों में तकरार

इस पूरे मामले को लेकर सत्ताधारी गठबंधन के दोनों मुख्य दल बीजेपी और एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना संदेह जता रहे हैं। दोनों पक्षों का मानना है कि इसके पीछे कोई राजनीतिक साजिश है।

शिवसेना नेता और पूर्व मंत्री रामदास कदम ने बीजेपी के एक धड़े पर एकनाथ शिंदे को राजनीतिक रूप से खत्म करने की साजिश रचने का गंभीर आरोप लगाया।

कदम ने बीजेपी एमएलसी प्रवीण दरेकर और प्रसाद लाड का नाम लेते हुए लाड और जरांगे पाटिल की साथ में भोजन करते हुए तस्वीरें भी दिखाईं।

बीजेपी का कड़ा पलटवार

शिवसेना नेता के आरोपों पर बीजेपी नेताओं ने तीखी प्रतिक्रिया दी। प्रवीण दरेकर और प्रसाद लाड ने दो टूक कहा कि पार्टी इस तरह के कटघरे में खड़े किए जाने को बर्दाश्त नहीं करेगी। उन्होंने रामदास कदम को चेतावनी देते हुए कहा कि वह उद्धव ठाकरे गुट के नेता संजय राउत की तरह बर्ताव न करें।

प्रसाद लाड ने यह भी कहा कि जल्द ही यह सच सामने आ जाएगा कि देवेंद्र फडणवीस के खिलाफ पर्दे के पीछे से जरांगे पाटिल को कौन समर्थन दे रहा था।

एकनाथ और श्रीकांत शिंदे की सफाई

उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए स्पष्ट किया कि न तो उन्होंने 500 करोड़ दिए हैं और न ही लिए हैं। उन्होंने कहा कि जरांगे पाटिल को यह दावा सार्वजनिक करने से पहले इसकी पुष्टि करनी चाहिए थी और सबूत जांच एजेंसियों को सौंपने चाहिए थे।

वहीं, सांसद श्रीकांत शिंदे ने मजाकिया लहजे में आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि जो सवाल जरांगे के मन में आया, वही उनके मन में भी है और वे भी उस पैसे को ढूंढ रहे हैं। उन्होंने तंज कसा कि 500 करोड़ रुपये नकद रखने और ले जाने के लिए आखिर कितनी गाड़ियों की जरूरत पड़ेगी।

ऑडियो की फॉरेंसिक जांच के आदेश

शिवसेना के प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात के बाद मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इस पूरे मामले की फॉरेंसिक जांच कराने के निर्देश दिए हैं। फडणवीस ने सवाल उठाया कि ढाई साल पुरानी यह बातचीत आखिर अब क्यों सामने आई है।

इस बीच, बीजेपी नेता प्रसाद लाड ने बातचीत के बाद विवाद को शांत करने की कोशिश की और कहा कि वे एकनाथ शिंदे का बड़े भाई की तरह सम्मान करते हैं। उधर, जरांगे पाटिल का दावा है कि क्लिप पूरी तरह असली है, जबकि इसकी प्रामाणिकता की स्वतंत्र रूप से पुष्टि होना अभी बाकी है।

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