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हरे-भरे पौधों के सूखने का कारण कहीं 'ज्यादा पानी' तो नहीं? मानसून में 5 बातों का जरूर रखें ध्यान

Published: Thu, 09 Jul 2026 07:00 AM (IST)

जिस बारिश के पानी को हम पौधों के लिए जीवन समझते हैं, वही अगर जरूरत से ज्यादा मिल जाए तो उनकी जान भी ले सकता है।

ओवर-वाटरिंग से खराब हो सकते हैं आपके पौधे (Image Source: AI-Generated)

ओवर-वाटरिंग से खराब हो सकते हैं आपके पौधे (Image Source: AI-Generated) 

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लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। मानसून का मौसम हम सभी को बहुत पसंद आता है। बारिश की फुहारें न सिर्फ हमें गर्मी से राहत देती हैं, बल्कि हमारे घर के आस-पास लगे पेड़-पौधों में भी एक नई जान फूंक देती हैं, लेकिन क्या आपने कभी गौर किया है कि बारिश के मौसम में कभी-कभी हमारे खूबसूरत और हरे-भरे पौधे अचानक से पीले पड़ने लगते हैं या सूख जाते हैं?

आपको जानकर शायद हैरानी हो, लेकिन इसका सबसे बड़ा कारण 'जरूरत से ज्यादा पानी' हो सकता है। बारिश के पानी से पौधों को फायदा जरूर होता है, लेकिन बहुत ज्यादा पानी उनकी जान भी ले सकता है। अगर आप चाहते हैं कि इस मानसून आपके पौधे एकदम हेल्दी और खिले-खिले रहें, तो इन 5 आसान बातों का जरूर ध्यान रखें।

monsoon plant care

(Image Source: AI-Generated) 

गमले में पानी रुकने न दें

यह सबसे जरूरी टिप है। बारिश शुरू होने से पहले ही चेक कर लें कि आपके गमलों के नीचे बने छेद पूरी तरह से खुले हों। अगर गमले में पानी जमा होता रहेगा, तो पौधों की जड़ें गलने लगेंगी और आपका पौधा धीरे-धीरे मर जाएगा। अगर छेद मिट्टी से बंद हो गए हैं, तो किसी लकड़ी की मदद से उन्हें खोल दें।

मिट्टी को छूकर ही पानी दें

मानसून के मौसम में हवा में नमी काफी ज्यादा होती है, जिसकी वजह से गमले की मिट्टी जल्दी नहीं सूखती। इसलिए, अपनी रोजाना पानी देने की आदत को थोड़ा बदलें। पौधों में पानी तभी डालें जब आपको गमले की ऊपरी मिट्टी छूने पर बिल्कुल सूखी महसूस हो।

लगातार तेज बारिश से बचाएं

अगर आपके कुछ पौधे बहुत छोटे या नाजुक हैं, तो उन्हें लगातार हो रही तेज बारिश से बचाना बहुत जरूरी है। ज्यादा तेज बारिश से पौधों की पत्तियां टूट सकती हैं और मिट्टी गमले से बाहर बह सकती है। बहुत तेज बारिश के दौरान पौधों को किसी शेड या छज्जे के नीचे खिसका दें।

फंगस और कीड़ों पर नजर रखें

बारिश और नमी के कारण पौधों में फंगस और छोटे कीड़े लगने का खतरा बहुत बढ़ जाता है। अपने पौधों की पत्तियों को रोज ध्यान से देखें। अगर आपको पत्तियों पर सफेद या काले धब्बे या कीड़े दिखाई दें, तो एक लीटर पानी में थोड़ा सा नीम का तेल मिलाकर पौधों पर स्प्रे करें। यह पौधों के लिए एक प्राकृतिक रक्षक का काम करता है।

खाद देने में जल्दबाजी न करें

बारिश के पानी में पहले से ही कई ऐसे प्राकृतिक तत्व होते हैं, जो पौधों के लिए बहुत फायदेमंद होते हैं। इसलिए, मानसून के दौरान पौधों को बहुत ज्यादा खाद देने की जरूरत नहीं होती है। ज्यादा नमी और ज्यादा खाद मिलकर जड़ों को नुकसान पहुंचा सकते हैं।

बारिश का मौसम पौधों के तेजी से बढ़ने का सबसे अच्छा समय होता है। बस जरूरत है तो थोड़ी-सी एक्स्ट्रा देखभाल और सही नजर रखने की।

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