आजसु सुप्रीमो सुदेश महतो ने गृह मंत्री अमित शाह से की जेपीएससी, जेएसएससी गड़बड़ियों की जांच की मांग
आजसू अध्यक्ष सुदेश महतो ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात कर कुड़मी समुदाय को एसटी का दर्जा देने ...और पढ़ें

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मिले सुदेश, कुड़मी को एसटी का दर्जा देने की मांग।
HighLights
कुड़मी समुदाय को अनुसूचित जनजाति का दर्जा देने की मांग।
जेपीएससी, जेएसएससी परीक्षाओं में अनियमितताओं की जांच हो।
डीएमएफटी फंड में गड़बड़ियों की सीबीआई जांच का अनुरोध।
राज्य ब्यूरो, रांची। आजसू पार्टी के केंद्रीय अध्यक्ष सुदेश महतो ने शुक्रवार को नई दिल्ली में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात कर कुड़मी समुदाय को अनुसूचित जनजाति (एसटी) का दर्जा देने की मांग की। साथ ही उन्होंने झारखंड से जुड़े कई अन्य महत्वपूर्ण एवं ज्वलंत विषयों पर चर्चा की तथा आवश्यक पहल के लिए उन्हें ज्ञापन सौंपा।
इस दौरान सुदेश ने झारखंड में जेपीएससी एवं जेएसएससी की परीक्षाओं में हुई कथित अनियमितताओं, पेपर लीक एवं वित्तीय अनियमितताओं की जानकारी देते हुए मामले की सीआइडी तथा ईडी से जांच कराने की मांग की।
सुदेश ने केंद्रीय गृह मंत्री से कहा कि झारखंड के कुड़मी समुदाय को अनुसूचित जनजाति का दर्जा देने की मांग लंबे समय से चली आ रही है। इस समुदाय को अनुसूचित जनजाति का दर्जा मिलने से उसके सांस्कृतिक, सामाजिक, राजनीतिक एवं आर्थिक विकास को नई दिशा मिल सकेगी।
डीएमएफटी फंड में अनियमितताओं की जानकारी दी
उन्होंने झारखंड की विभिन्न स्थानीय भाषाओं, विशेषकर कुड़माली, कुड़ुख एवं मुंडारी को संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल करने की मांग भी रखी। सुदेश ने ज्ञापन के माध्यम से खनिज प्रभावित परिवारों के हित में मिनरल बियरिंग लैंड सेस लगाने की मांग भी की।
कहा कि इस राशि का उपयोग केवल खनन प्रभावित क्षेत्रों के परिवारों के जीवन को बेहतर बनाने के लिए किया जाए तथा इसके उपयोग की निगरानी और कार्यों का निर्धारण भारत सरकार द्वारा किया जाए। उन्होंने डीएमएफटी फंड में कथित अनियमितताओं की भी जानकारी देते हुए उसकी सीबीआइ से जांच कराने की मांग केंद्रीय गृह मंत्री से की।
कहा कि डीएमएफटी की राशि का उद्देश्य खनन प्रभावित क्षेत्रों एवं वहां रहने वाले लोगों के हितों की पूर्ति करना है। ऐसे में इसके उपयोग में किसी भी प्रकार की अनियमितता की निष्पक्ष जांच आवश्यक है।
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