यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 06, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Lalu Yadav का सिपाही Modi की तरफ से लड़ेगा 'जंग'? झारखंड में कभी भी पलट सकती है बाजी
लोकसभा चुनाव से पहले झारखंड में भी लालू यादव की पार्टी को बड़ा झटका लग सकता है। यहां भी एक ...और पढ़ें

HighLights
- लोकसभा चुनाव की सीट शेयरिंग को लेकर मुश्किल में राजद
- 2019 के लोकसभा चुनाव में राजद को महागठबंधन ने दिया था एक सीट
- RJD ने 4 सीट पलामू, चतरा, कोडरमा व गोड्डा पर ठोक रखा है दावा
दिलीप कुमार, रांची। बिहार की तरह लालू प्रसाद यादव की राष्ट्रीय जनता दल को झारखंड में भी झटका लग सकता है। यहां भी एक कद्दावर नेता पाला बदल सकते हैं। उनकी बात एनडीए गठबंधन से चल रही है। बताया जा रहा है कि वे जल्द ही पाला बदलेंगे और चतरा सीट से लोकसभा चुनाव लड़ेंगे। हालांकि, अभी इस विषय पर कोई कुछ बोलने को तैयार नहीं है।
बिहार में एनडीए की सरकार बनने के बाद राजद के विधायक भरत बिंद, प्रह्लाद यादव, चेतन आनंद, नीलम देवी व संगीता देवी ने पार्टी जोड़कर एनडीए से नाता जोड़ लिया है। झारखंड में भी पार्टी के भीतर ऐसी ही उथल-पुथल होने की चर्चा है। पिछले दिनों एक वायरल ऑडियो ने इस चर्चा को हवा दी थी। अब यह चर्चा आगे बढ़ती दिख रही है।
इधर, भाजपा ने लोकसभा चुनाव में झारखंड के 11 सीटों पर अपने उम्मीदवार की घोषणा तो कर दी थी। धनबाद, चतरा व गिरिडीह सीट को अब तक खाली रखा है। बताया जा रहा है कि चतरा की सीट को इसीलिए खाली रखा गया है ताकि राजद के उक्त उम्मीदवार को पार्टी में शामिल कर वहां से चुनाव लड़ाया जा सके।
2019 की रणनीति पर आगे बढ़ेगा राजद
महागठबंधन में इस बार भी लोकसभा चुनाव में सीट शेयरिंग का पेंच बरकरार है। राजद ने पूर्व में ही प्रेस कांफ्रेंस कर यह घोषणा कर दी है कि वे इस लोकसभा चुनाव में चार सीटों पर चुनाव लड़ने का दावा करेंगे। इन सीटों में पलामू, चतरा, कोडरमा व गोड्डा सीट शामिल हैं। इधर, महागठबंधन राजद को एक सीट से ज्यादा देने के पक्ष में नहीं दिख रहा है।
ऐसी स्थिति में राजद वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव की तरह रणनीति अपना सकता है। वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव में राजद को केवल एक सीट पलामू ही मिला था, जहां से घूरन राम ने चुनाव लड़ा था। जब सीट नहीं बढ़ा तो राजद ने चतरा सीट पर अपना एक उम्मीदवार सुभाष यादव को उतार दिया। यहां राजद उम्मीदवार सुभाष यादव ने फ्रेंडली चुनाव लड़ा था।
बताया जा रहा है कि इस वर्ष भी अगर महागठबंधन से सीट नहीं मिला तो राजद 2019 की रणनीति को आगे बढ़ाते हुए चुनाव लड़ेगा। राजद झारखंड के नेताओं का कहना है कि सीट शेयरिंग पर चार लोकसभा सीट पर चुनाव लड़ने की दावेदारी की गई है और इससे पार्टी के शीर्ष नेतृत्व को भी अवगत कराया गया है। शीर्ष नेतृत्व से कहा गया है कि बिहार में भले ही एक-दो सीट कम लें, झारखंड में सीट बढ़ाएं। राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव की कांग्रेस के आलाकमान से सीट शेयरिंग पर वार्ता चल रही है।
राजद महासचिव रांची में, कार्यकर्ताओं-पदाधिकारियों में भर रहे जोश
राजद के राष्ट्रीय महासचिव भोला यादव रांची में हैं। उन्होंने लोकसभा चुनाव को लेकर विस्तृत चर्चा की। राजद झारखंड के पदाधिकारियों-कार्यकर्ताओं से चर्चा में उन्होंने निर्देशित किया है कि वे जनता के बीच में जाकर काम करें। लोकसभा चुनाव में बहुत कम समय बचा है, इसलिए सभी पदाधिकारी व कार्यकर्ता चुनाव की तैयारी में लगकर झारखंड के सभी सीटों पर आइएनडीआइ गठबंधन को जीताएं।
पार्टी के महासचिव भोला यादव का राजद प्रदेश उपाध्यक्ष अनिता यादव, युवा राजद अध्यक्ष रंजन कुमार, महिला मोर्चा अध्यक्ष रानी कुमारी, महासचिव मनोज पांडेय, कमलेश यादव, सचिव रामकुमार यादव, धर्मेंद्र सिंह, रवि जायसवाल, रांची जिलाध्यक्ष धर्मेंद्र महतो, रणजीत कुमार, राम भजन सिंह, विवेक कुमार, चंदन कुमार सहित कई पदाधिकारियों-कार्यकर्ताओं ने स्वागत किया।
