चिरेका में वरिष्ठ अधिकारी से हाथापाई, पैर फ्रैक्चर; रेलवे कर्मचारी गिरफ्तार, RPF की भूमिका पर सवाल
चित्तरंजन रेलइंजन कारखाना (चिरेका) के वरिष्ठ ईडीपी राकेश रावल पर गेट नंबर-1 के पास रेलवे कर्मचारी अशोक दास ने हमला किया, जिससे उनका पैर फ्रैक्चर हो गया।

चितरंजन रेल इंजन कारखाना। (फाइल फोटो)
संवाद सहयोगी, मिहिजाम (जामताड़ा)। चित्तरंजन रेलइंजन कारखाना (चिरेका) के गेट नंबर-1 के सामने वरिष्ठ अधिकारी राकेश रावल के साथ हाथापाई का मामला गंभीर हो गया है। घटना में उनका पैर फ्रैक्चर हो गया है।
फिलहाल वह चिरेका के कस्तूरबा गांधी अस्पताल (केजीएच) में भर्ती हैं। इस मामले में रेलवे कर्मचारी अशोक दास को गिरफ्तार किया गया है।
चिरेका में सीनियर ईडीपी के पद पर कार्यरत राकेश रावल ने बताया कि रविवार सुबह करीब 11:45 बजे गेट नंबर-1 के पास इंजन के नजदीक यह घटना हुई। उस समय वहां ड्यूटी पर तैनात आरपीएफ कर्मियों से उन्होंने मदद मांगी, लेकिन कथित तौर पर यह कहकर सहायता नहीं की गई कि मामला उनके कार्यक्षेत्र में नहीं आता है।
रावल ने कहा कि यदि आरपीएफ कर्मियों ने उनकी बात सुनकर तत्काल मदद की होती, तो शायद उनका पैर फ्रैक्चर होने से बच सकता था। उन्होंने कहा कि पूरा चिरेका परिवार की तरह है और संकट के समय एक-दूसरे की मदद होनी चाहिए थी। ऐसे में ड्यूटी पर तैनात सुरक्षा कर्मियों से सहयोग की अपेक्षा स्वाभाविक थी।
आरोप है कि अशोक दास उर्फ निमकी जो कि चिरेका कर्मी हैं ने राकेश रावल के साथ दुर्व्यवहार और धक्का-मुक्की की, जिससे उन्हें चोट लगी। मामले में चित्तरंजन थाना पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई शुरू की है। घटना के दौरान आरपीएफ की भूमिका और मदद नहीं मिलने के आरोपों पर संबंधित पक्षों का आधिकारिक पक्ष सामने आना बाकी है।
