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टाटा कमिंस में बोनस प्रक्रिया शुरू, 20 प्रतिशत की मांग; टाटा मोटर्स कर्मियों की निगाहें भी प्रबंधन पर

Published: Tue, 15 Sep 2026 06:54 PM (IST)

टाटा कमिंस में बोनस निर्धारण की प्रक्रिया शुरू हो गई है, जहां यूनियन ने अधिकतम 20% बोनस की मांग की ...और पढ़ें

प्रबंधन और यूनियन में दस्तावेज का आदान-प्रदान।

प्रबंधन और यूनियन में दस्तावेज का आदान-प्रदान।

जागरण संवाददाता, जमशेदपुर। टाटा स्टील में 315 करोड़ रुपये के रिकार्ड बोनस समझौते पर मुहर लगने के बाद अब शहर के आटो सेक्टर में बोनस को लेकर सरगर्मी तेज हो गई है। सोमवार को टाटा कमिंस में प्रबंधन और कर्मचारी यूनियन के बीच बोनस निर्धारण की औपचारिक प्रक्रिया शुरू हो गई।

यूनियन कार्यालय में प्रबंधन की ओर से एचआर के विक्रम व अमरजीत तथा यूनियन की ओर से संयुक्त महामंत्री शंभू शरण ने बोनस का मांग पत्र सौंपा। इस दौरान अध्यक्ष राजेश कुमार, कार्यकारी अध्यक्ष अनूप सिन्हा, उपाध्यक्ष नितेश शर्मा, रतन प्रमाणिक व प्रदीप साहू, सहायक सचिव अंजय और कोषाध्यक्ष कमलेश सिंह समेत सभी कमेटी सदस्य मौजूद थे। ससुर के निधन के कारण महामंत्री अविनाश बैठक में नहीं पहुंच सके।

उत्पादन लक्ष्य पार, अधिकतम 20 प्रतिशत की मांग

टाटा मोटर्स के 10 हजार से अधिक कर्मचारियों के साथ-साथ कमिंस कर्मियों की नजरें अब प्रबंधन के रुख पर हैं। कमिंस में वर्ष 2022 में तय फार्मूले के तहत बोनस का निर्धारण उत्पादन के नौ अंक, मुनाफे के आठ अंक और गुणवत्ता के तीन अंक को मिलाकर कुल 20 अंकों के आधार पर होता है।

वित्तीय वर्ष 2025-26 में कंपनी को एक लाख 52 हजार 386 इंजन निर्माण का लक्ष्य मिला था, जिसे कर्मचारियों ने समय से पहले पार कर लिया है। इसके अलावा 600 करोड़ से अधिक के मुनाफे का पैमाना भी पूरा हो चुका है। ऐसे में यूनियन ने साफ कर दिया है कि बेहतर प्रदर्शन के एवज में इस बार भी अधिकतम 20 प्रतिशत बोनस से कम कुछ मंजूर नहीं होगा।

पांच वर्षों के आंकड़े बयां कर रहे लगातार बढ़ता ग्राफ

कमिंस में बीते पांच वर्षों के दौरान बोनस का ग्राफ लगातार ऊपर चढ़ा है। वर्ष 2021 में कर्मचारियों को 16 प्रतिशत बोनस मिला था, जो वर्ष 2022 में बढ़कर 18.5 प्रतिशत हुआ। उस वर्ष कर्मचारियों को अधिकतम 1,14,454 रुपये और औसत 77,591 रुपये मिले थे और कुल 6.13 करोड़ रुपये बंटे थे।

वर्ष 2023 में 19.5 प्रतिशत बोनस तय हुआ, जिसमें 790 कर्मियों के बीच 8.35 करोड़ रुपये वितरित हुए और अधिकतम 1,30,241 रुपये मिले। इसके बाद वर्ष 2024 और 2025 में कंपनी ने लगातार 20-20 प्रतिशत का अधिकतम बोनस देकर रिकार्ड बनाया।

पिछले साल 773 कर्मचारियों के बीच 9.03 करोड़ रुपये बांटे गए, जिसमें अधिकतम राशि 1,41,537 रुपये और औसत 1,17,081 रुपये रही थी। इस बार भी आंकड़े पक्ष में होने से 20 प्रतिशत बोनस की हैट्रिक तय मानी जा रही है।

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