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धनबाद में जुटी सात जिलों की पुलिस, माओवादी गतिविधियों से लेकर संगठित और साइबर अपराध पर बनी रणनीति

Published: Sat, 03 Oct 2026 09:37 PM (IST)

Dhanbad News: उत्तरी छोटानागपुर प्रक्षेत्र के आईजी शैलेन्द्र कुमार सिन्हा की अध्यक्षता में सात जिलों की पुलिस ने अपराध नियंत्रण, नक्सल गतिविधियों और साइबर क्राइम पर समीक्षा बैठक की।

बैठक में भाग लेते जाते उत्तरी छोटानागपुर प्रक्षेत्र बोकारो के पुलिस महानिरीक्षक शैलेन्द्र कुमार सिन्हा और साथ में धनबाद एसएसपी प्रभात कुमार। (फोटो जागरण)

बैठक में भाग लेते जाते उत्तरी छोटानागपुर प्रक्षेत्र बोकारो के पुलिस महानिरीक्षक शैलेन्द्र कुमार सिन्हा और साथ में धनबाद एसएसपी प्रभात कुमार। (फोटो जागरण)

जागरण संवाददाता, धनबाद। माओवादी गतिविधियों, संगठित अपराध और साइबर अपराध पर विशेष रूप से रोक लगाने के साथ ही आने वाले पर्व के दौरान अपराध पर पूरी तरह से अंकुश लगाने को लेकर धनबाद समेत झारखंड के सात जिलों की पुलिस का जुटान शनिवार को धनबाद में हुआ।

उत्तरी छोटानागपुर प्रक्षेत्र बोकारो के पुलिस महानिरीक्षक शैलेन्द्र कुमार सिन्हा, हजारीबाग डीआईजी अंजनी कुमार झा, धनबाद एसएसपी प्रभात कुमार, रामगढ़ एसपी मुकेश कुमार लुनायत, बोकारो एसपी नाथू सिंह मीणा, कोडरमा एसपी कुमार शिवाशीष, गिरिडीह एसपी डा. विमल कुमार और चतरा एसपी अनिमेष नथानी, प्रशिक्षु आईपीएस अंकित सिन्हा, हजारीबाग बड़कागांव एसडीपीओ अमित आनंद समेत धनबाद के सिटी एसपी ऋत्विक श्रीवास्तव, ग्रामीण एसपी एस मोहम्मद याकूब और अन्य पुलिस पदाधिकारी इसमें शामिल थे।

बैठक में मुख्य रूप से अपराध नियंत्रण, माओवादी गतिविधियों, संगठित अपराध, साइबर क्राइम और लंबित कांडों की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की गई।

माओवाद और संगठित अपराध पर विशेष नजर

जोनल स्तरीय समीक्षा के दौरान सातों जिलों में नक्सल गतिविधियों की वर्तमान स्थिति, संगठित गिरोहों की गतिविधियां और अपराधियों की निगरानी की स्थिति की जानकारी ली गई। पुलिस महानिरीक्षक सिन्हा ने सक्रिय एवं फरार अपराधियों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई करने तथा अपराध नियंत्रण के लिए जिलों में चलाए जा रहे अभियानों की नियमित समीक्षा करने का निर्देश दिया।

इसके साथ ही जिलों में लंबित कांडों पर विस्तृत चर्चा की गई। इसमें साइबर अपराध, एससी-एसटी एक्ट, पाक्सो, महिला अपराध और एनडीपीएस एक्ट से संबंधित मामलों की प्रगति की भी जानकारी ली गई।

आइजी सिन्हा ने लंबित मामलों की जांच में तेजी लाते हुए समयबद्ध तरीके से कांडों का निष्पादन करने का सख्त निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि गंभीर प्रकृति के अपराधों के मामलों में अनुसंधान की गुणवत्ता के साथ-साथ आरोपियों की गिरफ्तारी और कानूनी कार्रवाई में कोई कमी न छोड़ी जाए।

फरार अपराधियों और कुर्की वारंट पर सख्ती

पुलिस महानिरीक्षक ने सभी पुलिस कप्तानों को नियमित रूप से थानों का निरीक्षण करने और थाना स्तर पर लंबित मामलों की समीक्षा करने का निर्देश दिया। फरार अपराधियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित करने के साथ लंबित कुर्की वारंटों का शीघ्र निष्पादन करने को कहा। उन्होंने अपराधियों के विरुद्ध कार्रवाई को लगातार और प्रभावी बनाए रखने पर जोर दिया।

दुर्गापूजा में सुरक्षा और यातायात व्यवस्था पर विशेष जोर

समीक्षा के दौरान दुर्गापूजा समेत आने वाले अन्य त्योहारों के दौरान पुलिस सुरक्षा व्यवस्था पर भी चर्चा की गई। आइजी सिन्हा ने विशेष रूप से पूजा के दौरान भीड़ नियंत्रण, संवेदनशील स्थानों पर पुलिस बल की तैनाती और यातायात व्यवस्था को सुचारु रखने के लिए आवश्यक तैयारियां पहले से सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।

उन्होंने कहा कि पूजा के दौरान श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो और त्योहार शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हो इसके लिए पुलिस की मौजूदगी और निगरानी प्रभावी रहनी चाहिए।

बैठक में सेवानिवृत्त पुलिस पदाधिकारियों एवं जवानों से संबंधित पेंशन मामलों, अनुकंपा नियुक्ति से जुड़े मामलों तथा विभागीय कार्रवाई के लंबित प्रकरणों की भी समीक्षा की गई। आईजी ने संबंधित अधिकारियों को ऐसे मामलों के त्वरित निष्पादन के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।

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