कोल इंडिया बोनस पर आज बड़ा फैसला संभव, 2 लाख कर्मचारियों को मिलेगा तोहफा
Coal India के करीब दो लाख गैर-कार्यकारी कर्मचारियों के प्रदर्शन आधारित पारिश्रमिक (बोनस) पर आज 3 अक्टूबर को फैसला होने की उम्मीद है।

कोल इंडिया में बोनस पर फैसला। (प्रतीकात्मक फोटो)
HighLights
आज 3 अक्टूबर को कोल इंडिया बोनस पर फैसला संभव।
कोल भवन, कोलकाता में एपेक्स जेसीसी की महत्वपूर्ण बैठक।
करीब 2 लाख गैर-कार्यकारी कर्मचारियों को बोनस का इंतजार।
डिजिटल डेस्क, धनबाद। यह बोनस का मौसम है। सरकारी और गैर-सरकारी कंपनियों में मजदूर संगठनों और प्रबंधन के बीच वार्ता के बाद बोनस को लेकर समझौते हो रहे हैं। दुर्गा पूजा से पहले बोनस का भुगतान की परंपरा रही है।
स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (SAIL) में वर्ष 2026 के बोनस पर समझौता हो चुका है। अब कोल इंडिया लिमिटेड के करीब दो लाख गैर-कार्यकारी कर्मचारियों के प्रदर्शन आधारित पारिश्रमिक (पीएलआर) यानी बोनस पर आज तीन अक्टूबर को फैसला होने की उम्मीद है।
कोल भवन में होगी एपेक्स जेसीसी की बैठक
कोल इंडिया ने कोलकाता स्थित कोल भवन में तीन अक्टूबर को सुबह 11 बजे एपेक्स जेसीसी के ट्रेड यूनियन प्रतिनिधियों की बैठक बुलायी है।
महाप्रबंधक (मानव संसाधन-आईआर) दुर्गा प्रसाद सामल ने 28 सितंबर को बैठक को लेकर पत्र जारी किया है। हालांकि आधिकारिक नोटिस में पीएलआर या बोनस निर्धारण का स्पष्ट उल्लेख नहीं है।
सूत्रों के अनुसार, बैठक का मुख्य उद्देश्य वर्ष 2026 के बोनस पर चर्चा और निर्धारण की प्रक्रिया को आगे बढ़ाना है।
चार केंद्रीय यूनियनों के प्रतिनिधि होंगे शामिल
बैठक में एपेक्स जेसीसी से जुड़े चार केंद्रीय ट्रेड यूनियनों के प्रतिनिधियों को आमंत्रित किया गया है। इनमें बीएमएस के के. लक्ष्मा रेड्डी, एचएमएस के हरभजन सिंह सिद्धू, एटक के रमेंद्र कुमार और सीटू के डीडी रामनंदन शामिल हैं।
प्रबंधन की ओर से चेयरमैन, निदेशक (एचआर)/निदेशक (मार्केटिंग), निदेशक (वित्त) और कार्यकारी निदेशक (वित्त) को भी पत्र की प्रति भेजी गयी है। तीन सितंबर की बैठक में तीन अक्टूबर को बोनस निर्धारण पर चर्चा के लिए बैठक करने पर सहमति बनी थी।
इंटक की भागीदारी को लेकर मामला हाईकोर्ट में
इस बार बोनस निर्धारण में पारंपरिक स्टैंडर्डाइजेशन कमेटी के बजाय एपेक्स जेसीसी के मंच पर चर्चा की पहल हुई है। इसी बीच इंटक की भागीदारी को लेकर विवाद भी सामने आया है।
इंटक नेता एसक्यू जामा के अनुसार, बोनस निर्धारण की प्रक्रिया में इंटक प्रतिनिधि को शामिल करने की मांग को लेकर कलकत्ता हाईकोर्ट में याचिका दायर की गयी है।
एक-दो दिनों में सुनवाई होने की संभावना है। वर्ष 2025 में भी हाईकोर्ट के आदेश के बाद इंटक प्रतिनिधियों के स्टैंडर्डाइजेशन कमेटी की बैठक में शामिल होने का रास्ता खुला था।
2025 में मिला था 1.03 लाख बोनस
पिछले वर्षों में कोल कर्मियों के बोनस में लगातार बढ़ोतरी हुई है। वर्ष 2020 में 68,500 रुपये रहा बोनस 2025 में बढ़कर 1.03 लाख रुपये हो गया था।
इस बार यूनियनें इसे बढ़ाकर 1.10 लाख रुपये तक करने की मांग कर सकती हैं, जबकि प्रबंधन की ओर से करीब 1.07 लाख रुपये तक की राशि पर सहमति की चर्चा है।
हालांकि बैठक से पहले इन आंकड़ों को आधिकारिक नहीं माना जा सकता। बोनस निर्धारण में कोल इंडिया के वित्तीय प्रदर्शन पर भी नजर रहेगी।
कंपनी का शुद्ध लाभ 2023-24 में करीब 37,369 करोड़, 2024-25 में 35,450 करोड़ और 2025-26 में करीब 31,071 करोड़ रुपये रहा है। अब करीब दो लाख कोलकर्मियों की नजर आज होने वाली एपेक्स जेसीसी बैठक पर है।
वर्ष 2020 के बाद से बोनस में बढ़ोतरी
| वर्ष | बोनस की रकम |
|---|---|
| 2020 | ₹68,500 |
| 2021 | ₹72,500 |
| 2022 | ₹76,500 |
| 2023 | ₹85,000 |
| 2024 | ₹93,750 |
| 2025 | ₹1,03,000 |
नोट: 2020 में ₹68,500 से बढ़कर 2025 में ₹1,03,000 होने के साथ छह वर्षों में बोनस में ₹34,500 की वृद्धि हुई।
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