6 माह के बच्चे पर हमले के 4 दिन बाद महिला पर झपटा Pitbull Dog, सोनीपत में खूंखार कुत्ते पालने वालों पर होगी सख्ती
सोनीपत में खूंखार कुत्तों के हमले की दो घटनाएं सामने आईं हैं, जिसमें एक छह माह का बच्चा और एक ...और पढ़ें

सिक्का काॅलोनी में घायल बच्चे का हाल जानने के लिए पहुंचे मेयर राजीव जैन। जागरण
HighLights
सिक्का कॉलोनी में छह माह के बच्चे पर कुत्ते का हमला।
एल्डिको काउंटी में 40 वर्षीय महिला पर पिटबुल ने किया हमला।
नगर निगम खूंखार कुत्तों के मालिकों पर करेगा सख्त कार्रवाई।
जागरण संवाददाता, सोनीपत। 14 सितंबर को शहर की सिक्का काॅलोनी में खूंखार कुत्ते ने छह महीने के बच्चे को नोंचकर घायल कर दिया था। इसके मात्र चार दिन बाद ही दूसरी घटना सामने आई है। शहर की पाश सोसायटी एल्डिको काउंटी में गली से गुजर रही 40 वर्षीय महिला पर एक पिटबुल ने हमला कर दिया। महिला ने सूझबूझ से अपनी जान बचाई। महिला तुरंत ही उस घर में घुस गई, जिसमें से पिटबुल निकला था। महिला ने तुरंत ही गेट बंद कर लिया, जिससे पिटबुल गली में ही रह गया। इस कारण महिला पिटबुल से बच पाई।
खूंखार कुत्ता पालने वालों पर होगी कार्रवाई
हालांकि, बाद में कुत्ते के मालिक ने कुत्ते को सोसायटी से बाहर छोड़ आने का आश्वासन दिया, जिससे दोनों में समझौता हो गया। अब नगर निगम शहर में खूंखार कुत्तों की पहचान के लिए एक अभियान चलाने की तैयारी कर रहा है।
इसके बाद कुत्ता पालकों पर कार्रवाई की जाएगी। उधर, मेयर राजीव जैन सिक्का काॅलोनी में पीड़ित बच्चे के घर पहुंचे और रोहतक पीजीआई फोन कर बच्चे का हाल पूछा।
वहीं हमला करने वाले कुत्ते का मालिक भी सामने आया और कहा कि उसे कुत्ते को पालने का पछतावा है, उसने पीड़ित बच्चे के दादा के अनुसार, इलाज के लिए कुत्ते के मालिक ने साढ़े तीन लाख रुपये भी दिए हैं, उसने घटना के अगले दिन ही दोनों कुत्तों को पंजाब के एक व्यक्ति को दे दिया था।
छह माह के बच्चे को बुरी तरह नोंचा
14 सितंबर को सिक्का काॅलोनी में गुजरिया अस्पताल के पीछे किराये पर रहने वाले कैलाश के छह महीने के बेटे पर पड़ोसी के खूंखार कुत्ते (फीमेल डाग) ने हमला कर बुरी तरह से घायल कर दिया था। छह माह के बच्चे को गोद में लेकर उसकी बुआ गली में टहल रही थी, तभी दरवाजा खुलने पर कुत्ते ने दोनों को गिराकर बच्चे को बुरी तरह से नोंच दिया था।
आवारा कुत्तों से शहर में दहशत
लोगों ने उसे कुत्ते के जबड़े से छुड़ाकर दिल्ली के मैक्स अस्पताल में ऑपरेशन कराया। इसके बाद बच्चे को पीजीआई रोहतक में भर्ती कराया गया, जहां पर उसकी हालत में सुधार हो रहा है। शहर में 10 हजार से आवारा कुत्ते हैं। इनमें से अब मात्र 50 प्रतिशत का ही बंध्याकरण हो सका है। कुत्तों के लिए शेल्टर होम बनाने का मामला भी ठंडे बस्ते में पड़ा है।
शेल्टर होम का काम भी अधूरा
डीक्रस्ट के सामने बनाए जा रहे शेल्टर होम की चारदीवारी का काम शुरू कराई जा सकी है। मेयर राजीव जैन ने बताया कि नगर निगम के अधिकारियों को शहर में प्रतिबंधित व खूंखार कुत्तों की पहचान के लिए एक अभियान चलाया जाएगा। इसके बाद पाबंदी के बावजूद पिटबुल, राटविलर समेत अन्य खूंखार कुत्ते पालने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
गली-गली में खूंखार कुत्ते, निगम के पास पंजीकरण नहीं
शहर में काफी लोगों ने खतरनाक नस्ल के कुत्ते पाल रखे हैं, लेकिन नगर निगम में इनका पंजीकरण नहीं करवाया है। निगम के अधिकारी ऐसे लोगों को भी चिह्नित करेंगे। नगर निगम ने सभी लोगों से अपने कुत्तों को पंजीकरण कराने के लिए कहा है, लोग इसमें रूचि नहीं ले रहे हैं। इस कारण निगम के पास पालतू कुत्तों का आंकड़ा नहीं है।
पिटबुल नहीं अमेरिकन बुली नस्ल का था हमलावर कुत्ता
सोनीपत की सिक्का काॅलोनी में बच्चे पर हमले करने वाले कुत्ते का मालिक राजेश कुमार सामने आया है। राजेश ने बताया कि हमला करने वाला कुत्ता पिटबुल नहीं, अमेरिकन बुली नस्ल का था। राजेश दो फीमेल डाॅग अल्फा व बीटा को करीब 6-7 साल पहले लाया था, ताकि वह उनके बच्चों को बेचकर कमाई कर सके।
दोनों की उम्र करीब सात साल है। घटना के बाद राजेश ने दोनों को पंजाब में किसी व्यक्ति को निशुल्क दे दिया। राजेश ने बताया कि पड़ोसी के बच्चे के इलाज पर दिल्ली में शालीमार बाग स्थित मैक्स अस्पताल में चार दिन में उनके करीब चार लाख रुपये खर्च हो गए हैं। अब वह और रुपये देने की हालत में नहीं है। राजेश ने घटना को लेकर अपनी गलती भी मानी है।
