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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 11, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

'रक्षक ही बन जाते हैं अपराधी...', ट्रैफिक पुलिस द्वारा जोड़े से पैसे वसूले जाने पर गुजरात HC ने लगाई फटकार

By AgencyEdited By: Mohd Faisal
Published: Mon, 11 Sep 2023 05:09 PM (IST)

Gujarat High Court on Traffic Police गुजरात हाईकोर्ट (Gujarat High Court ) ने अहमदाबाद के एक जोड़े से ट्रैफिक पुलिस ...और पढ़ें

ट्रैफिक पुलिस द्वारा जोड़े से पैसे वसूले जाने पर गुजरात HC ने लगाई फटकार (फाइल फोटो)
ट्रैफिक पुलिस द्वारा जोड़े से पैसे वसूले जाने पर गुजरात HC ने लगाई फटकार (फाइल फोटो)

HighLights

  1. गुजरात HC ने ट्रैफिक पुलिस को लगाई फटकार।
  2. जोड़े से पैसे वसूले जाने पर उठाए सवाल

अहमदाबाद, एजेंसी। गुजरात हाईकोर्ट (Gujarat High Court ) ने अहमदाबाद के एक जोड़े से ट्रैफिक पुलिस (Traffic Police) द्वारा पैसे वसूले जाने पर टिप्पणी की है। गुजरात हाईकोर्ट (Gujarat High Court ) ने ट्रैफिक पुलिस के बर्ताव पर सवाल उठाते हुए कहा कि वह एक ऐसी स्थिति को लेकर चिंतित है, जहां रक्षक ही अपराधी बन जाते हैं।

एक जोड़े से वसूले थे ट्रैफिक पुलिस ने पैसे

बता दें कि अहमदाबाद में रात के समय कैब से यात्रा कर रहे एक जोड़े से ट्रैफिक पुलिस के दो कांस्टेबलों ने पैसे वसूले थे। गुजरात हाईकोर्ट ने स्वत: संज्ञान वाली जनहित याचिका (Suo Motu PIL) पर सुनवाई करते हुए ट्रैफिक पुलिस को लेकर ये टिप्पणी की।

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हाईकोर्ट ने मांगी मामले को लेकर रिपोर्ट

मुख्य न्यायाधीश सुनीता अग्रवाल और न्यायमूर्ति अनिरुद्ध पी. मायी की खंडपीठ ने इस मामले को लेकर रिपोर्ट मांगी। उन्होंने पूछा कि क्या गुजरात के अन्य शहरों में इस तरह की घटनाएं हुई हैं। हाईकोर्ट ने अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि टैक्सियों में हेल्पलाइन नंबर लगाए जाएं ताकि मुसीबत में फंसे लोगों तक मदद पहुंच सके।

मुख्य न्यायाधीश सुनीता अग्रवाल ने जताई चिंता

मुख्य न्यायाधीश सुनीता अग्रवाल ने कहा कि इसमें कोई शक नहीं कि लोग सुरक्षित हैं। लेकिन अगर अपराधी रक्षक हैं तो यहां मुद्दा अपराधियों का नहीं है। रक्षक ही अपराधी हैं, हम इस स्थिति को लेकर चिंतित हैं। हालांकि, सरकारी वकील मनीषा लवकुमार शाह ने पीठ से कहा कि गुजरात सबसे सुरक्षित राज्य है।

सरकारी वकील ने दी हाईकोर्ट को जानकारी

सरकारी वकील ने हाईकोर्ट को बताया कि इस मामले के सामने आने के बाद अगले ही दिन ट्रैफिक अधिकारियों और टीआरबी जवान के खिलाफ FIR दर्ज की गई और एक दिन बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। वकील मनीषा लवकुमार शाह ने कहा कि दो कांस्टेबलों को निलंबित कर दिया गया है और। टीआरबी जवान की सेवा समाप्त कर दी गई है। शाह ने कहा कि सभी पुलिस स्टेशनों के प्रभारी अधिकारियों को सख्त निर्देश जारी किए गए हैं।

20 सितंबर को होगी सुनवाई

हाईकोर्ट ने पुलिस को निलंबित कांस्टेबलों के खिलाफ विभाग की जांच समयबद्ध तरीके से पूरी करने का निर्देश दिया है। फिलहाल इस मामले की अगली सुनवाई 20 सितंबर को होगी।

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