ब्राजील जीता, भारत ने बहुत कुछ सीखा; लिनो ने दो और एस्टेवाओ व पेड्रो ने दागा 1-1 गोल
पांच बार की फीफा विश्वकप चैंपियन ब्राजील ने शनिवार को साल्टलेक स्टेडियम में हुए ऐतिहासिक मुकाबले में भारत को 4-0 गोल से हराकर अपना दम दिखाया।

भारत बनाम ब्राजील
विशाल श्रेष्ठ, जागरण, कोलकाता। पांच बार की फीफा विश्वकप चैंपियन ब्राजील ने शनिवार को साल्टलेक स्टेडियम में हुए ऐतिहासिक मुकाबले में भारत को 4-0 गोल से हराकर अपना दम दिखाया। लिनो ने दो और एस्टेवाओ व पेड्रो ने एक-एक गोल दागा। हालांकि भारतीय खिलाड़ियों के लिए यह सिर्फ एक हार नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल में बड़ा सबक रहा। उन्होंने बहुत कुछ सीखा।
ब्राजील की तेज रफ्तार, सटीक पासिंग, टीम वर्क और आक्रामक शैली को करीब से देखा और अंतरराष्ट्रीय फुटबाल की वास्तविक चुनौतियों को समझा, जो भारतीय फुटबॉल को आगे ले जाने में मददगार साबित होगा। एकतरफा होने के बावजूद इस मैच में भारतीय खिलाड़ियों का भी हुनर दिखा।
मनवीर व विलियम्स ने ब्राजील को कई बार चौंकाया, हालांकि वे इसे गोल में तब्दील नहीं कर पाए। मैच शुरू होते ही ब्राजील ने आक्रामक रूख अपनाया। ब्राजील आक्रामक हुआ तो भारत ने भी तेवर दिखाए। मनवीर व विलियम कई बार ब्राजील के गोल पोस्ट की ओर बढ़े लेकिन मेहमान टीम की मजबूत रक्षापंक्ति ने उन्हें रोक दिया।
धीमे खेल से मिली पहली सफलता
पहले 25 मिनट के खेल के दौरान आक्रामक शैली से सफलता न मिलते देख ब्राजील ने रणनीति बदली। खेल में थोड़ा धीमापन लाया और एक-दूसरे को पास देकर अधिक खेलना शुरू किया। 28वें मिनट में एस्टेवाओ को विरोधी टीम के बाक्स के बाहर बाल मिली। उन्होंने दो खिलाड़ियों को छकाते हुए जबरदस्त शॉट मारा। बाल गुरप्रीत के हाथों से लगकर गोलपोस्ट के अंदर घुस गई।
42वें मिनट में पेड्रो ने भी इसी अंदाज में दूसरा गोल दागा। 2-0 से पिछड़ने के बावजूद भारत ने दूसरे हाफ में फिर तेजी दिखाकर हावी होने की कोशिश की लेकिन ब्राजील की मजबूत रक्षापंक्ति को भेद नहीं पाए। 58वें मिनट सैमुअल लिनो ने ब्राजील के लिए तीसरा और अतिरिक्त समय में चौथा गोल दागकर ताबूत पर अंतिम कील ठोक दी।
फुटबॉलप्रेमियों के शहर कोलकाता में मैच को लेकर उत्साह चरम पर था। 85 हजार दर्शकों की क्षमता वाला साल्टलेक स्टेडियम खचाखच भरा था। मैच देखने मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी, केंद्रीय मंत्री सुकांत मजूमदार, फिल्म अभिनेता मिथुन चक्रवर्ती समेत कई विशिष्ट जन पहुंचे थे।
