Rahu Ketu एक्टर Pulkit Samrat ने बताया अपकमिंग फिल्म से क्या मिलेगी सीख? एक्शन फिल्म करना चाहते हैं एक्टर
अभिनेता पुलकित सम्राट 16 जनवरी को अपनी फंतासी कॉमेडी फिल्म 'राहु केतु' में नजर आएंगे। खुद को काम का भूखा ...और पढ़ें

राहु-केतु के एक सीन में पुलिकत सम्राट (फोटो-इंस्टाग्राम)
प्रियंका सिंह, मुंबई। 16 जनवरी को सिनेमाघरों में प्रदर्शित होने वाली फंतासी कामेडी फिल्म ‘राहु केतु’ में पुलकित सम्राट कामेडी करते दिखेंगे। ‘फुकरे’ फ्रेंचाइज का हिस्सा रहे पुलकित से बातचीत की हमारी साथी ने पढ़िए बातचीत के कुछ अंश...
एक्टर्स लोग काम के भूखे होते हैं - पुलकित
अलग काम के इंतजार में घर नहीं बैठा जा सकता है, यह मानना है अभिनेता पुलकित सम्राट का। वह खुद वो काम ढूंढते हैं, जिसे करने की इच्छा है। पुलकित कहते हैं, ‘यह हमारी जिम्मेदारी है कि हम अलग-अलग तरह की भूमिकाएं ढूंढें। ऐसा नहीं कर सकते कि घर पर बैठे रहें और एक फिल्म करके खुश हो जाएं। यह इंडस्ट्री या मेकर्स की जिम्मेदारी नहीं है कि आओ कुछ अलग करते हैं। मेरी भी जिम्मेदारी है कि मैं उन्हें बताऊं कि मैं इन चीजों से अलग काम भी कर सकता हूं। हम कलाकार बहुत लालची होते हैं, कोई सराहना करने आता है तो हम उससे दूसरा काम मांग लेते हैं। मैं काम का भूखा हूं। मुझे तो करियर के शुरुआती दौर से ही रोमांटिक, कामिक फ्रेंचाइज, ‘तैश’ फिल्म में एंग्री यंग मैन हर तरह की भूमिकाएं करने का मौका मिला है।
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एक्शन फिल्म करना चाहते हैं पुलकित
अलग-अलग भावनाएं पर्दे पर दिखाने को मिलता है, तो मजा आता है, लेकिन वह भी तभी हो पाता है, जब आप में नया करने की भूख हो। अब जैसे ‘राहु केतु’ फंतासी कामेडी फिल्म है, लेकिन इससे पहले मैंने ‘ग्लोरी’ वेब सीरीज की शूटिंग पूरी की है। जिसमें मैं हरियाणा का बाक्सर बना हूं। उसमें मैंने विशुद्ध एक्शन किया है। अब मेरा नया प्यार एक्शन बन चुका है। अब ऐसी कहानी ढूंढूंगा, जिसमें तीनों चीजें हों।’ डरने की क्या बात है।
क्या है राहु केतु की कहानी?
राहु और केतु नाम सुनते ही लोग डर जाते हैं। इस पर पुलकित कहते हैं, ‘मेरा मानना है कि अगर आप दिल और दिमाग से सही हुए तो वह आपके सबसे प्यारे दोस्त बन जाएंगे। राहु का काम है महत्वाकांक्षाएं, दौलत, शौहरत, नाम और प्रसिद्धि देना, वहीं केतु का काम है आपको प्यार, समर्पण, अलगाव, मोक्ष देना। जब आप शोहरत से खुश होंगे, तो उससे अलग होना आपको केतु सिखाएगा। वही हम फिल्म में दिखाने का प्रयास कर रहे हैं कि जीवन को मस्ती के साथ ईमानदारी से जिएं। आप ईमानदार रहेंगे, तो सब सही रहेगा।’
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क्यों चुनी राहू-केतु?
फिल्म ‘राहु केतु’ चुनने के पीछे पुलकित बताते हैँ कि अमिताभ बच्चन की फिल्म ‘अजूबा’ का बहुत बड़ा योगदान है। इसको लेकर वह कहते हैं, ‘मैं तो चाहूंगा कि ‘अजूबा’ दोबारा प्रदर्शित हो। मुझे फंतासी फिल्में बचपन से पसंद रही हैं। इसलिए जब इसका आफर आया, तो उत्सुक था। बचपन में मैंने ‘अजूबा’ बहुत बार देखी है। मैं उस दुनिया को देखकर आश्चर्यचकित रह जाता था।
काम करना हमारे हाथ में
फिल्म इंडस्ट्री में कई बार पिछला काम देखकर अगला काम दिया जाता है। इस पर अपनी राय रखते हुए पुलकित कहते हैं, ‘हमें केवल अपने काम पर फोकस रखना है। यह नहीं सोचना चाहिए कि पिछला काम कैसा हुआ, अगला कैसा होगा। कई बड़ी हिट फिल्में देने के बाद भी फिर नया काम करने के लिए हमेशा तत्पर रहना चाहिए। लोग भी उनके साथ काम करना चाहते हैं। अगर आपकी काम करने की नीतियां सही हैं, तो काम मिलेगा। सिर्फ काम करते रहिए। आपके हाथ में केवल ईमानदारी से फिल्म बनाना है, फिल्म प्रदर्शित होने की तारीख खुशी से लोगों को बताना है। अगर लोगों को फिल्म पसंद आएगी, तो अच्छी बात है, नहीं पसंद आएगी, तो हम कुछ और नया बनाने की कोशिश करेंगे।’
