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Asha Bhosle का 60 साल पुराना गाना, आज इस पर जमकर झूम रहे Gen Z; चमका दिया था आरडी बर्मन का करियर

Published: Mon, 21 Sep 2026 04:04 PM (IST)

आरडी बर्मन ने एक फिल्म के संगीत को चुनौती के रूप में लिया। वहीं मोहम्मद रफी और आशा भोसले ने इस गाने में जान भर दी।

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एंटरटेनमेंट डेस्क,नई दिल्ली। मोहम्मद रफी (Mohammad Rafi) को बॉलीवुड में अपनी जादुई और मखमली आवाज के लिए जाना जाता था। वह हर तरह के भाव और मूड को आसानी से व्यक्त कर लेते थे।

लेकिन कई बार कई बार ऐसा होता है कि कुछ प्लेबैक सिंगर्स का दौर चल रहा होता है और ऐसे में अपनी पहचान बनाना मु्श्किल होता है। रफी के साथ भी ऐसा ही कुछ हुआ लेकिन उन्होंने इसे कभी भी अपने पर हावी नहीं होने दिया।

शम्मी कपूर ने रखी थी डिमांड

बात है उस वक्त की कि जब शंकर जय किशन (Shankar Jai Kishan) का संगीत अपने शबाब पर था। कई एक्टर्स की वो पहली पसंद हुआ करते थे। उधर शम्मी कपूर भी अपने पसंदीदा कंपोजर शंकर जयकिशन के साथ ही काम करना चाहते थे।

Song (18)

उसी दौरान विजय आनंद अपने भाई देवानंद (Dev anand) को लेकर तीसरी मंजिल बनाना चाहते थे लेकिन देवानंद किसी वजह से इस फिल्म का हिस्सा नहीं बन सके। ऐसे में विजय आनंद ने तीसरी मंजिल शम्मी कपूर को ऑफर की। शम्मी कपूर ने फिल्म तो कबूल कर ली लेकिन शर्त यह रखी कि इस फिल्म के कंपोजर शंकर जय किशन होंगे। लेकिन निर्देशक विजय आनंद आर डी बर्मन को कंपोजर लेना चाहते थे।

नासिर हुसैन ने बर्मन को दिया था चैलेंज

जब ये बात पहुंची प्रोड्यूसर नासिर हुसैन तक तो नासिर हुसैन ने आरडी बर्मन से मुलाकात रखी और कहा कि मैं विजय की ख्वाहिश के मुताबिक तुम्हें यह फिल्म तो ऑफर कर सकता हूं लेकिन तुम्हें इस ऑफर को एक चैलेंज की तरह से कबूल करना होगा।

Rafi

आर डी बर्मन (RD Burman) जरा परेशान हुए। पूछा कैसा चैलेंज? तो नासिर हुसैन ने कहा कि तुम्हें इस फिल्म का संगीत ऐसा जबरदस्त देना है कि मेरे हीरो को और सुनने वालों को शंकर जय किशन की कमी का एहसास ना हो।

फिल्म में थे कई और जबरदस्त गाने

फिर क्रिएट हुआ आर डी बर्मन का रियल मैजिक। रफी साहब की आवाज, आरडी बर्मन का संगीत और साथ में आशा भोसले की जोड़ी तीसरी मंजिल (Teesri Manjil) के संगीत ने रिलीज होते ही आग लगा दी। हम बात कर रहे हैं इस फिल्म के सबसे एनर्जेटिक और जोशीले गानें 'ओ मेरे सोना' (O Mere Sona Re Sona) की।

इस तरह पॉपुलैरिटी के मामले में तीसरी मंजिल का म्यूजिक सिर्फ तीसरी मंजिल तक नहीं रहा बल्कि आसमान में पहुंच गया। एक नजर डालें तो इस मूवी के सभी गाने जैसे 'आजा आजा मैं हूं प्यार तेरा', 'दीवाना मुझसा नहीं इस अंबर के नीचे', 'तुमने मुझे देखा', 'ओ मेरे सोना रे सोना' आदि जबरदस्त हिट साबित हुए थे।

फिल्म तीसरी मंजिल साल 1966 में रिलीज हुई थी। विजय आनंद इसके निर्देशक और नासिर हुसैन इसके निर्माता थे। फिल्म में शम्मी कपूर, आशा पारेख, प्रेमनाथ और प्रेम चोपड़ा ने लीड रोल निभाया था।

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