जंतर-मंतर पर लगी रोक पर HC पहुंची यूथ कांग्रेस, दिल्ली पुलिस बोली- SC के आदेश पर किया डी-नाेटिफाई
दिल्ली पुलिस ने यूथ कांग्रेस की मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन की अनुमति संबंधी याचिका का विरोध किया है। ...और पढ़ें

प्रदर्शन की अनुमति को लेकर दिल्ली हाई कोर्ट पहुंची यूथ कांग्रेस। फोटो: आर्काइव
HighLights
यूथ कांग्रेस की प्रदर्शन अनुमति याचिका का दिल्ली पुलिस ने विरोध किया
सुप्रीम कोर्ट के आदेशों के बाद जंतर-मंतर प्रदर्शन स्थल सूची से हटा
रामलीला मैदान, बुराड़ी, सीबीडी ग्राउंड नए प्रदर्शन स्थल घोषित
जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करने की अनुमति के अनुरोध पर फिर से विचार करने की मांग वाली इंडियन यूथ कांग्रेस की याचिका का केंद्र सरकार ने विरोध किया है।
यूथ कांग्रेस की याचिका पर नोटिस जारी करने का विरोध करते हुए दिल्ली पुलिस की तरफ से पेश हुए एडिशनल सॉलिसिटर जनरल चेतन शर्मा ने कहा कि पूरी याचिका जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करने से जुड़ी है।
उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के आदेशों के बाद जंतर-मंतर को प्रदर्शन स्थल सूची से हटाया है। एएसजी ने हाल ही में दिए गए सुप्रीम कोर्ट के आदेशों का हवाला दिया।
SC ने दूसरी जगह पर विचार करने के लिए कहा था
उन्होंने कहा कि शीर्ष अदालत ने केंद्र से यह विचार करने को कहा गया था कि क्या जंतर-मंतर की जगह शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन के लिए कोई दूसरी जगह तय की जानी चाहिए।
सोमवार को दिल्ली पुलिस ने विरोध प्रदर्शन या रैली आयोजित करने के लिए रामलीला मैदान, बुराड़ी मैदान और सीबीडी ग्राउंड को नई जगहों के तौर पर तय किया गया है।
दिल्ली पुलिस ने याचिका का किया विरोध
यूथ कांग्रेस की प्रदर्शन की दोबारा अनुमति देने पर विचार करने के साथ ही यह भी जांचने की मांग की गई है कि क्या सुरक्षा, ट्रैफिक और कानून-व्यवस्था से जुड़ी चिंताओं को उचित शर्तों के साथ हल किया जा सकता है।
न्यायमूर्ति अमित महाजन की पीठ ने तीन मांगों पर दिल्ली पुलिस को नोटिस जारी करते हुए सुनवाई 17 नवंबर के लिए तय कर दी।
यूथ कांग्रेस अध्यक्ष उदय भानु चिब की तरफ से पेश हुए वरिष्ठ अधिवक्ता सिद्धार्थ लूथरा ने कहा कि विरोध प्रदर्शन करने की अनुमति मांगने वाली याचिका को मनमाने ढंग से खारिज कर दिया गया था।
उन्होंने कहा कि वे दिल्ली पुलिस द्वारा कल जारी किए गए उस सर्कुलर के आधार पर अपनी मांगों में बदलाव करेंगे, जिसमें जंतर-मंतर को विरोध प्रदर्शन के लिए तय जगह की सूची से हटा दिया गया है।
प्रदर्शन की शर्तों पर यूथ कांग्रेस को आपत्ति
एएसजी ने तर्क दिया कि जब याचिकाकर्ता की तरफ से डी-नोटिफिकेशन के आदेश को चुनौती नहीं दी जाती, तब तक यह याचिका टिक नहीं सकती।
हालांकि, सिद्धार्थ लूथरा ने कहा कि उन्हें विरोध प्रदर्शन आयोजित करने पर लगाई गई शर्तों से दिक्कत है, क्योंकि उक्त आदेश बिना किसी ठोस कारण के दिया गया है। यह पूरी तरह से बेतुका है।
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