स्पीड में सुरक्षित रहेंगी ट्रेनें, एक दिन में 300 इंजन में लगाया 'कवच'; गाजियाबाद लोको शेड ने बनाया नया रिकॉर्ड
गाजियाबाद के इलेक्ट्रिक लोको शेड ने 300 रेल इंजनों में 'कवच' प्रणाली सफलतापूर्वक स्थापित कर एक नया कीर्तिमान बनाया है। ...और पढ़ें

इंजन में कवच लगाकर रेल यात्रा को बनाया गया सुरक्षित। फोटो: सांकेतिक
HighLights
गाजियाबाद शेड ने 300 इंजनों में कवच प्रणाली लगाई
भारतीय रेलवे में सबसे तेज कवच इंस्टॉलेशन का रिकॉर्ड
71 शेडों के अधिकारियों को कवच प्रशिक्षण दिया गया
राज्य ब्यूरो, नई दिल्ली। दिल्ली मंडल के इलेक्ट्रिक लोको शेड गाजियाबाद में 300 लोकोमोटिव (रेल इंजन) में 'कवच' प्रणाली स्थापित करने का कार्य सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है।
अब तक सबसे तेजी से इस शेड में इंजनों में कवच स्थापित करने का कार्य किया जा रहा है। 16 मई को 300 वें इंजन में कवच लगाने का कार्य पूर्ण किया गया। इस तरह से शेड ने कवच लगाने के क्षेत्र में एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है।
पहले भी बनाया चुके हैं कीर्तिमान
इस शेड में सबसे ते 100 इंजनों में, 200 इंजनों में कवच लगाने के बाद अब 300 इंजनों में कवच लगाने का काम पूरा किया गया। इसके साथ ही विद्युत लोको शेड, गाजियाबाद ने पूरे भारतीय रेल में सबसे तेज गति से एक ही दिन में लोको संख्या 30623/डब्ल्यूएपी-7 इंजन में कवच स्थापित करने का कार्य 10 सितंबर, 2024 को पूर्ण कर एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की थी।
71 लोको शेड में जुटे 309 अधिकारी
विद्युत लोको शेड, गाजियाबाद द्वारा कवच स्थापित करने को लेकर एक दिवसीय सात प्रशिक्षण सत्रों का भी आयोजन किया गया। इसमें पूरे भारतीय रेलवे के 71 लोको शेडों से कुल 309 अधिकारियों एवं पर्यवेक्षकों ने भाग लिया।
इन प्रशिक्षण सत्रों के माध्यम से कवच प्रणाली की तकनीकी जानकारी एवं इंस्टालेशन प्रक्रिया का आदान-प्रदान किया गया, जिससे विभिन्न शेडों में कार्यकुशलता एवं विश्वसनीयता बढ़ाने में सहायता मिलेगी।
क्या है कवच प्रणाली?
कवच प्रणाली भारतीय रेलवे की स्वदेशी और अत्याधुनिक स्वचालित ट्रेन सुरक्षा (ATP) प्रणाली है। जो लोको पायलट द्वारा सिग्नल तोड़ने या तेज गति पर ब्रेक लगाकर ट्रेन दुर्घटनाओं को रोकने का कार्य करती है।
आरडीएसओ द्वारा विकसित यह तकनीक रेडियो फ्रीक्वेंसी के जरिए दो ट्रेनों की सीधी टक्कर को भी रोक सकती है
यह भी पढ़ें- दिल्ली-NCR में केमिस्टों की हड़ताल का मिला-जुआ असर, मेडिकल स्टोर बंद हैं तो यहां पर आसानी से मिलेंगी दवाएं
यह भी पढ़ें- किराया भी कम और 44 KM का सफर भी बचेगा, दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर शुरू हो रहीं बसें; जानें रूट और पैसे
यह भी पढ़ें- नलों से आ रहा बदबूदार पानी, दिल्ली जल बोर्ड के चक्कर काटकर थके लोग; बलबीर नगर में 2 महीने से हाहाकार
