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आस्था कुंज गैंगरेप के बाद भी नहीं जागीं सिविक एजेंसियां, दिल्ली में 164 डार्क स्पाट जस के तस

Published: Fri, 25 Sep 2026 07:05 PM (IST)

दिल्ली में 17 वर्षीय किशोरी के साथ सामूहिक दुष्कर्म के बाद भी सार्वजनिक स्थानों पर 164 डार्क स्पॉट बने हुए ...और पढ़ें

एआई जेनेरेटेड इमेज।

एआई जेनेरेटेड इमेज।

HighLights

  1. 17 वर्षीय किशोरी के साथ सामूहिक दुष्कर्म के बाद भी डार्क स्पॉट।

  2. दिल्ली में 164 डार्क स्पॉट, पुलिस की रिपोर्ट पर कार्रवाई नहीं।

  3. पीडब्ल्यूडी और सिविक एजेंसियां अंधेरे वाले स्थानों पर रोशनी करने में विफल।

राकेश कुमार सिंह, नई दिल्ली। दक्षिण-पूर्वी जिला के अमर कालोनी थाना अंतर्गत आस्था कुंज डीडीए पार्क में 17 वर्षीय किशाेरी के साथ तीन युवकों द्वारा सामूहिक दुष्कर्म की घटना के बाद राजधानी में सार्वजनिक स्थानों पर अंधेरे (डार्क स्पाट) वाले जगहों को लेकर खूब सवाल उठे, जिसके बाद पुलिस विभाग तो पूरी तरह एक्शन माेड में आ गया लेकिन सिविक एजेंसियां इतनी झकझोड़ने वाली घटना के बावजूद कोई सबक लेने को तैयार नहीं हुई हैं।

दिल्ली पुलिस की पीसीआर यूनिट की रिपोर्ट को देखें तो 21 सितंबर की रात राजधानी की 164 स्ट्रेच (कई-कई किलोमीटर लंबे) अंधेरे में डूबे हुए थे, उन्हीं अंधेरे वाले स्ट्रेच में एक आस्था कुंज भी शामिल है, जहां रात के अंधरे में तीन युवकों ने बीते दिनों किशोरी को हवस का शिकार बनाया।

घटना के चार दिन बाद भी 24 को भी पीसीआर यूनिट की रिपोर्ट में राजधानी में डार्क स्पार्ट की संख्या 164 ही बनी हुई है। इससे साफ पता चलता है कि दिल्ली पुलिस की दैनिक रिपोर्ट पर पीडब्ल्यूडी विभाग कुछ भी अमल करने को तैयार नहीं है।

अंधरे वाले जगहों पर भी रहती है नजर

दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी का कहना है कि पीसीआर यूनिट हर रोज रात्रि गश्त के दौरान पूरे शहर में यह भी देखती है कि कौन-कौन से इलाके रात के समय अंधरे में डूबे होते हैं। उसकी सूची बनाकर अगले दिन सुबह ही पीडब्ल्यूडी को भेज दिया जाता है।

पीसीआर नियमित तौर पर हर दिन पीडब्ल्यूडी को इस तरह की रिपोर्ट भेजती है। अगर कोई सड़क नगर निगम अथवा एनडीएमसी की होती है तो वहां से उक्त एजेंसियाें को भी रिपोर्ट भेज दी जाती है। डार्क स्पार्ट कई किलाेमीटर का स्ट्रेच होता है।

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21 सितंबर की पीसीआर की रिपोर्ट में राजधानी में डार्क स्पार्ट की संख्या 164 थी वहीं 24 सितंबर की रिपोर्ट में भी डार्क स्पार्ट की संख्या उतनी ही बरकरार है।

हर दिन रिपोर्ट में दिल्ली पुलिस, पीडब्ल्यूडी को जल्द उक्त जगहों पर रोशनी का बंदोबस्त करने का अनुरोध करती है लेकिन कोई विभाग उसपर अमल करने को तैयार नहीं है। सबसे ज्यादा डार्क स्पार्ट की संख्या बाहरी जिले में है। यहां 53 डार्क स्पार्ट हैं और दूसरे स्थान पर मध्य जिले में 35 डार्क स्पार्ट है।

जिलेवार स्ट्रीट लाइट स्थिति

जिले के नाम स्ट्रीट लाइटों के खंभे खराब पड़े स्ट्रीट लाइट डार्क स्पॉट
नई दिल्ली 903 2 0
पूर्वी 1570 11 2
उत्तर-पूर्वी 852 169 8
दक्षिण 2447 650 2
दक्षिण-पूर्वी 1525 535 7
पश्चिम 921 343 12
दक्षिण-पश्चिम 1365 169 8
उत्तर-पश्चिम 515 73 1
बाहरी 555 369 53
मध्य 3410 174 35
उत्तरी 691 231 15
बाहरी-उत्तरी 2007 266 2
रोहिणी 910 236 14
शाहदरा 548 323 0
द्वारका 3797 1065 5
कुल 22016 4616 164

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