500 रुपये में कीजिए दिल्ली के 6 ऐतिहासिक स्थलों की सैर, 12 हेरिटेज नेचर वॉक भी; 24 अक्टूबर से शुरुआत
दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) और इंटेक ने दिल्ली की ऐतिहासिक और प्राकृतिक धरोहरों से लोगों को जोड़ने के लिए छह महीने का करार किया है।

महरौली का आर्कियोलॉजिकल पार्क। फोटो: डीडीए
HighLights
डीडीए और इंटेक छह महीने के लिए हेरिटेज वाक आयोजित करेंगे।
दिल्ली के छह प्रमुख स्थलों पर हर महीने दो वाक होंगी।
महरौली आर्कियोलाजिकल पार्क से शनिवार को पहली वाक की शुरुआत।
राज्य ब्यूरो, नई दिल्ली। दिल्ली की ऐतिहासिक विरासत और प्राकृतिक धरोहरों से लोगों को जोड़ने के लिए डीडीए छह प्रमुख स्थलों पर हेरिटेज और नेचर वॉक आयोजित करेगा।
इसके लिए दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) ने इंडियन नेशनल ट्रस्ट फॉर आर्ट एंड कल्चरल हेरिटेज (इंटेक) के दिल्ली चैप्टर के साथ छह महीने का समझौता किया है। इसके तहत हर महीने दो वॉक होंगी।
इसकी शुरुआत शनिवार को शाम चार बजे महरौली आर्कियोलॉजिकल पार्क से होगी। इसमें प्रतिभागियों को ऐतिहासिक इमारतों, स्थापत्य कला और उनसे जुड़ी कम चर्चित कहानियों से रूबरू कराया जाएगा।
एलजी तरनजीत सिंह संधू के निर्देश पर शुरू की जा रही इस पहल का उद्देश्य शहर की विरासत और हरित क्षेत्रों के संरक्षण के प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ाना है।
हाल ही में एलजी ने संजय वन में हेरिटेज वॉक का नेतृत्व किया था और दिल्ली रिज की विरासत पर आधारित ई-बुक भी जारी की थी। इसके बाद उन्होंने डीडीए को पर्यावरण संरक्षण के साथ ऐतिहासिक धरोहरों को लोगों से जोड़ने के लिए ऐसी गतिविधियां आयोजित करने के निर्देश दिए थे।
छह स्थलों पर होंगी 12 वॉक
छह महीने के दौरान संजय वन, महरौली आर्कियोलॉजिकल पार्क, सुल्तान गढ़ी, तुगलकाबाद, डियर पार्क-हौज खास और नार्दर्न रिज में दो-दो वॉक आयोजित की जाएंगी। इंटेक इनके मार्ग, विषय और ऐतिहासिक जानकारियां तैयार करेगा।
साथ ही विरासत विशेषज्ञों और गाइड की व्यवस्था भी करेगा। डीडीए प्रतिभागियों के प्रवेश और जरूरी अनुमतियों सहित प्रशासनिक व्यवस्थाएं संभालेगा।

एक वॉक में 40 लोगों को मौका
हर वॉक में अधिकतम 40 लोग हिस्सा ले सकेंगे। इसके लिए डीडीए के पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन पंजीकरण किया जा सकता है। प्रति व्यक्ति प्रति वॉक का शुल्क 500 रुपये और जीएसटी निर्धारित किया गया है। महरौली आर्कियोलॉजिकल पार्क में पहली वॉक के लिए पंजीकरण लिंक bit.ly/HeritageWalkMAP जारी किया गया है।
डीडीए के अनुसार, मास्टर प्लान दिल्ली-2047 में भी सुनियोजित शहरी विकास के साथ ऐतिहासिक विरासत के संरक्षण पर जोर दिया गया है। हेरिटेज वॉक के माध्यम से लोगों, विशेषकर युवाओं को दिल्ली के इतिहास, वास्तुकला और प्राकृतिक धरोहरों से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा।
