अब मशीनें बताएंगी वाहन फिट है या नहीं, दिल्ली के बुराड़ी में शुरू हुआ 5 लेन वाला ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन
दिल्ली के बुराड़ी में एक नया अत्याधुनिक स्वचालित वाहन जांच केंद्र (एटीएस) शुरू हो गया है, जिसका उद्घाटन मुख्यमंत्री रेखा ...और पढ़ें

एआई जेनेरेटेड इमेज।
HighLights
बुराड़ी में नया स्वचालित वाहन जांच केंद्र शुरू।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने केंद्र का उद्घाटन किया।
मशीनों से होगी वाहनों की पारदर्शी फिटनेस जांच।
राज्य ब्यूरो, नई दिल्ली। बुराड़ी में शुरू हुआ नया स्वचालित वाहन जांच केंद्र दिल्ली में वाहनों की फिटनेस जांच व्यवस्था को बदलने वाला महत्वपूर्ण केंद्र बन गया है।
सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शनिवार को बुराड़ी में इस अत्याधुनिक आटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन (एटीएस) का उद्घाटन किया। दिल्ली सरकार द्वारा वाहन फिटनेस जांच व्यवस्था को आधुनिक, पारदर्शी और तकनीक आधारित बनाने की दिशा में यह महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राजधानी में देश के सबसे बड़े आटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशनों में से एक स्थापित हुआ है। इस मौके पर उन्होंने प्रदूषण पर केवल सर्दियों में अस्थायी उपाय करने की जगह पूरे साल लगातार प्रयास करने पर बल दिया।
मशीनों के जरिए होगी वाहनों की जांच
बुराड़ी स्थित इस पांच लेन वाले ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन की प्रतिवर्ष एक लाख वाहनों की फिटनेस जांच करने की क्षमता है। इस केंद्र की सबसे बड़ी खासियत यह है कि वाहन की जांच काफी हद तक मशीनों के जरिये होगी।
इससे जांच में मानवीय हस्तक्षेप कम होगा और वाहन की वास्तविक स्थिति के आधार पर फिटनेस का निर्णय लिया जा सकेगा। केंद्र में ब्रेक की क्षमता, सस्पेंशन, हेडलाइट, साइड-स्लिप और उत्सर्जन स्तर की जांच होगी।
वाहन के निचले हिस्से की स्थिति भी जांची जाएगी। इससे सड़क पर चलने वाले व्यावसायिक वाहनों की सुरक्षा और प्रदूषण नियंत्रण दोनों को मजबूती मिलने की उम्मीद है।
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बुराड़ी केंद्र में जांच की पूरी प्रक्रिया दर्ज होने से वाहन मालिकों को भी अधिक पारदर्शी व्यवस्था मिलने की बात कही जा रही है। खासतौर पर भारी वाहनों की फिटनेस जांच में यह व्यवस्था महत्वपूर्ण होगी, क्योंकि खराब ब्रेक, सस्पेंशन या अत्यधिक उत्सर्जन वाले वाहन सड़क सुरक्षा और वायु प्रदूषण दोनों के लिए समस्या बन सकते हैं।
आगे भी ऐसे केंद्र बढ़ाने की योजना
दिल्ली में इससे पहले तेखंड में करीब 72 हजार वाहनों की सालाना जांच क्षमता वाला स्वचालित केंद्र शुरू किया गया था। परिवहन मंत्री डा पंकज सिंह के अनुसार नंद नगरी, तेखंड और बुराड़ी को मिलाकर दिल्ली में स्वचालित वाहन जांच की कुल क्षमता ढाई लाख से अधिक वाहन सालाना हो गई है।
सरकार की योजना आगे भी ऐसे केंद्र बढ़ाने की है। सरकारी दस्तावेजों में बवाना, गाजीपुर, सावदा घेवरा, जीटीके रोड और दिचाऊं कलां में पांच अतिरिक्त स्वचालित जांच केंद्र प्रस्तावित किए गए हैं।
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