जसप्रीत बुमराह को तीनों फॉर्मेट नहीं खेलने की मिली अहम सलाह, पूर्व कोच ने कहा - 'उन्हें बस इस पर ध्यान देना चाहिए...'
भारतीय टीम प्रबंधन को जसप्रीत बुमराह के कार्यभार को संभालने की अहम सलाह मिली। पूर्व कोच ने कहा कि बुमराह अगले साल वनडे वर्ल्ड कप के लिए प्रमुख खिलाड़ी हैं।

जसप्रीत बुमराह
HighLights
रवि शास्त्री ने जसप्रीत बुमराह को दी अहम सलाह
शास्त्री ने कहा कि बुमराह को तीनों प्रारूपों पर ध्यान नहीं देना चाहिए
शास्त्री के मुताबिक बुमराह वनडे वर्ल्ड कप के लिए प्रमुख खिलाड़ी हैं
स्पोर्ट्स डेस्क, नई दिल्ली। जसप्रीत बुमराह भारत के सर्वकालिक महान तेज गेंदबाजों में से एक हैं और उन्होंने 2016 में डेब्यू के बाद से तीनों प्रारूपों में अपने दम पर कई मैच जिताए हैं। बुमराह की गैरमौजूदगी में भारतीय गेंदबाज वेस्टइंडीज के खिलाफ हाल ही में संपन्न सीमित ओवर सीरीज में संघर्ष करते दिखे।
भारतीय टीम का ध्यान इस समय 2027 वनडे वर्ल्ड कप पर लगा है और ऐसे में पूर्व कोच रवि शास्त्री ने बुमराह को एक अहम सलाह दी है। शास्त्री ने कहा कि बुमराह को तीनों प्रारूपों में नहीं खेलना चाहिए। पूर्व भारतीय कोच चाहते हैं कि 32 साल के बुमराह को टेस्ट को प्राथमिकता देना चाहिए और शेष दो सीमित ओवर प्रारूप में अपनी पसंद के हिसाब से खेलना चाहिए।
रवि शास्त्री ने भारतीय टीम प्रबंधन को बुमराह के कार्यभार को संभालने की सलाह दी और उन्होंने अगले साल वनडे वर्ल्ड कप के लिए तेज गेंदबाज को प्रमुख खिलाड़ी करार दिया।
रवि शास्त्री ने क्या कहा
रवि शास्त्री के हवाले से टीओआई ने कहा, 'मुझे नहीं लगता कि वर्ल्ड कप तक बुमराह को तीनों प्रारूपों में खेलना चाहिए। उन्हें टेस्ट क्रिकेट को प्राथमिकता देनी चाहिए और वनडे व टी20 इंटरनेशनल में अपनी जरूरत के हिसाब से खेलना चाहिए। मैं बुमराह को न्यूजीलैंड में होने वाले दो टेस्ट के लिए संभालना चाहूंगा, जहां उनकी उपस्थिति अहम होगी।'
सिर्फ टेस्ट सीरीज में खेलेंगे बुमराह
बता दें कि जसप्रीत बुमराह आगामी न्यूजीलैंड दौरे पर पांच टी20 इंटरनेशनल और वनडे सीरीज से बाहर रहेंगे। वो दो मैचों की टेस्ट सीरीज में वापस लौटेंगे और भारतीय तेज गेंदबाजी आक्रमण को संभालेंगे। भारतीय टीम के लिए आगामी टेस्ट सीरीज महत्वपूर्ण है। शुभमन गिल के नेतृत्व वाली भारतीय टीम को डब्ल्यूटीसी फाइनल में पहुंचने के लिए दोनों मैच जीतना जरूरी हैं।
भारत के लिए बड़ी चुनौती
रवि शास्त्री के मुताबिक डब्ल्यूटीसी फाइनल के लिए क्वालीफाई करना भारत के लिए बड़ी चुनौती होगा क्योंकि टीम को सात में से छह मैच जीतना जरूरी है। इसके अलावा उसे अन्य मैचों के परिणाम पर भी निर्भर रहना होगा।
भारत के पूर्व कोच ने कहा, 'भारत के लिए फाइनल में क्वालीफाई करना चुनौतीपूर्ण है। उसे शेष मैचों में से 90 प्रतिशत जीत जरूरी है। भारत को न्यूजीलैंड के खिलाफ दोनों और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पांच में से चार मैच जीतना होंगे। यह नामुमकिन नहीं, लेकिन अन्य मैचों के परिणाम भी मायने रखेंगे।'
