EPS Calculation: ₹32000 सैलरी वालों की 65% बढ़ गई पेंशन, नए नियम का नया कैलकुलेशन; अब होगा जमकर फायदा
EPFO Wage ceiling rule: EPFO ने कर्मचारियों के लिए वेतन सीमा बढ़ाकर ₹25,000 प्रति माह कर दी है, जिससे पेंशन में 65% से अधिक की वृद्धि हुई है।

₹32000 सैलरी वालों की 65% बढ़ गई पेंशन?
HighLights
EPFO ने वेतन सीमा ₹15,000 से बढ़ाकर ₹25,000 की।
नई वेतन सीमा से पेंशन में 65% से अधिक उछाल।
कर्मचारियों को UPI से PF निकालने की सुविधा जल्द मिलेगी।
बिजनेस डेस्क, नई दिल्ली: EPFO लगातार करोड़ों कर्मचारियों को खुशखबरी देकर खुश कर रहा है। 17 सितंबर को सरकार ने कर्मचारी भविष्य निधि (EPF) और कर्मचारी पेंशन योजना (EPS) के तहत वेतन सीमा (Wage limit) को बढ़ाकर ₹15000 से ₹25,000 प्रति माह करने का बड़ा फैसला ले लिया है। इसके साथ ही दूसरी खुशखबरी का बात करें तो दावा किया जा रहा है कि UPI से PF का पैसा इस साल के अंत तक निकलना शुरू हो जाएगा।
ऐसे में EPFO से जुड़े एमप्लॉयज को डबल फायदा होगा। इसके साथ ही आपको बता दें कि नई Wage ceiling लागू होते ही आपकी पेंशन में सीधे 65% से भी ज्यादा का उछाल आया है। ऐसे में जिनकी सैलरी ₹32000 है और उसने करीब 20 साल की नौकरी की है तो उनकी पेंशन कितनी बनेगी? आइए इस बारे में डिटेल में समझते हैं।
फॉर्मूला से समझें कितना होगा फायदा?
EPFO के अनुसार EPS पेंशन का फॉर्मूला है-
मासिक पेंशन = (पेंशनेबल सैलरी × पेंशन योग्य सेवा) ÷ 70
* पेंशन योग्य वेतन (Pensionable Salary): आखिरी 60 महीनों के औसत वेतन के आधार पर।
* पेंशन योग्य सेवा (Pensionable Service): EPS में योगदान वाले कुल सालों की संख्या।
20 साल में कितनी बनेगी पेंशन?
अब ये समझते हैं कि अगर आपकी पेंशन योग्य सैलरी ₹32,000 है और आपका योगदान सीलिंग लिमिट से ऊपर असली सैलरी पर हो रहा है, तो पेंशन की गणना इस प्रकार होगी:
20 साल की नौकरी पर: (32,000 × 22) / 70 = ₹10,057
यानी 20 साल की नौकरी पर आपको हर महीने लगभग ₹10,057 की गारंटीड पेंशन मिलेगी। इसके साथ ही बता दें कि 20 साल से ज्यादा नौकरी करने पर पेंशन कैलकुलेशन में 2 साल का बोनस सर्विस ईयर जोड़ा गया है।
कंपनी कितना करती है योगदान?
आपकी बेसिक सैलरी का 12% हिस्सा PF में जाता है और उतना ही हिस्सा 12% कंपनी भी मिलाती है। कंपनी का पहला योगदान 8.33% EPS फंड में जाता है और दुसरा 3.67% EPF खाते में जाता है।
यहां समझना जरूरी है ‘पेंशन योग्य सैलरी’ क्या है?
बहुत से लोग मान लेते हैं कि EPS में उनकी पूरी सैलरी के आधार पर पेंशन बनेगी, लेकिन ऐसा जरूरी नहीं है। पेंशन की गणना में इस्तेमाल होने वाली पेंशन योग्य सैलरी पर निर्धारित सीमा लागू होती है। EPFO के मौजूदा कैलकुलेटर में 1 सितंबर 2014 के बाद के लिए अधिकतम पेंशन योग्य सैलरी ₹15,000 बताई गई है। इसलिए अगर किसी कर्मचारी की वास्तविक बेसिक सैलरी ₹20,000, ₹30,000 या इससे ज्यादा है, तो सामान्य गणना में ₹15,000 की सीमा महत्वपूर्ण हो जाती है।
