सड़क दुर्घटना में तीन वर्षीय बच्चे का फटा पेट, GMCH में 2 घंटे की सर्जरी के बाद बची जान
सड़क दुर्घटना में तीन वर्षीय शिवम के पेट में गंभीर चोट आई और वह फट गया। बेतिया के जीएमसीएच में ...और पढ़ें

आपरेशन करते जीएमसीएच के चिकित्सक। जागरण
जागरण संवाददता, बेतिया (पश्चिम चंपारण)। सड़क किनारे खेल रहे तीन साल के शिवम को शायद अंदाजा भी नहीं था कि कुछ पल में उसकी जिंदगी खतरे में पड़ जाएगी। अचानक एक अज्ञात वाहन ने उसे टक्कर मार दी। हादसे में उसके पेट में इतनी गंभीर चोट आई कि पेट फट गया।
बच्चा दर्द से कराह रहा था और उसकी हालत लगातार चिंताजनक बनी हुई थी। परिजनों की चिंता के बीच उसे जीएमसीएच पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने देर रात करीब दो घंटे तक जटिल ऑपरेशन कर उसकी जान बचा ली।
पेट में गंभीर चोट से बिगड़ी हालत
नरकटियागंज के मुशहरवा गांव निवासी सुबोध राम का तीन वर्षीय पुत्र शिवम कुमार सड़क किनारे खेल रहा था। इसी दौरान अज्ञात वाहन ने उसे टक्कर मार दी। दुर्घटना में उसके पेट में गंभीर चोट आई और अंदरूनी अंगों को नुकसान पहुंचने की आशंका के कारण उसकी स्थिति नाजुक हो गई।
पेट खोलकर की गई जटिल सर्जरी
जीएमसीएच में बच्चे की गंभीर हालत को देखते हुए चिकित्सकों ने एक्सप्लोरेटरी लैपरोटॉमी की प्रक्रिया अपनाई। इसमें पेट खोलकर अंदरूनी चोटों की जांच की जाती है और जरूरत के अनुसार उपचार किया जाता है। सोमवार की देर रात शुरू हुआ ऑपरेशन करीब दो घंटे तक चला। चिकित्सकों की टीम ने सावधानीपूर्वक सर्जरी कर बच्चे की जान बचाई।
चार चिकित्सकों की टीम ने संभाली कमान
ऑपरेशन में सर्जरी विभाग के प्रोफेसर डॉ. एसके रंजन, डॉ. फैजान, डॉ. पीयूष और डॉ. पप्पू कुमार शामिल रहे। जीएमसीएच के उपाधीक्षक डॉ. दिवाकांत मिश्रा ने बताया कि चिकित्सकों ने जटिल सर्जरी कर बच्चे को बचाने में सफलता हासिल की।
देश और दुनिया की ताजा खबरों के लिए Hindi News देखें। Live Cricket Score , IPO Listings, Shiv Chalisa, राशिफल और दुर्गा चालीसा पर अन्य जानकारी पाएं।